У Цзао  (1799?-1863) 吴藻 Династия Цин

十六字令 "Шилюцзылин"

青 花落花开半壁灯 "Зелень. Огонь фонаря осветил полстены..."

青。

花落花开半壁灯。

江湖梦,和雨不分明。

(мелодия "十六字令")

一卷离骚一卷经 "То изучаю я "Лисао" том…"

一卷离骚一卷经。

十年心事十年灯。

芭蕉叶上几秋声。

 

欲哭不成还强笑,讳愁无奈学忘情。

误人犹是说聪明。

(мелодия "浣溪沙")

帘卷绿窗风定 "Штору подняли. Я встаю…"

帘卷绿窗风定。

云鬓起来慵整。

罗袜下阶行,还是去年风景。

人静。

人静。

日午鸟啼花影。

 

(Мелодия "如梦令")

林断山明竹隐墙 «Лес расступился, горы видны, у ограды растет бамбук …»

林断山明竹隐墙,乱蝉衰草小池塘。翻空白鸟时

时见,照水红蕖细细香。

村舍外,古城旁,杖藜徐步转斜阳。殷勤昨夜三

更雨,又得浮生一日凉。

七里香 [Ци ли сян] Аромат-за-семь-ли ("Стремится вода из горных ручьёв влиться в большой океан...")

溪水急着要流向海洋

浪潮却渴望重回土地

在绿树白花的篱前

曾那样轻易地挥手道别

而沧桑的二十年后

我们的魂魄却夜夜归来

微风拂过时

便化作满园的郁香

荒村 Безлюдная деревня

村落甚荒凉,年年苦旱蝗。

老翁佣纳债,稚子卖输粮。

壁破风生屋,梁颓月堕床。

那知牧民者,不肯报灾伤。

游南陽清泠泉 [Ю наньян цинлэнцюань] Бреду вдоль наньянского родника Цинлэн ("Мне дорого закатное светило…")

惜彼落日暮,爱此寒泉清。

西辉逐流水,荡漾游子情。

空歌望云月,曲尽长松声。

暮归山中 В горах вечером возвращаюсь домой

暮归山已昏, 濯足月在涧。

衡门栖鹊定, 暗树流萤乱。

妻孥候我至, 明灯共蔬饭。

伫立松桂凉, 疏星隔河汉。

正月二十日往岐亭郡人潘古郭三人送余于女王城东禅庄院 В двенадцатый день первой луны отправился в Цитин; Пань, Гу и Го, здешние мои друзья, устроили мне проводы в монастыре к востоку от Нюиванчэна

十日春寒不出门, 不知江柳已摇村。

稍闻决决流冰谷, 尽放青青没烧痕。

数亩荒园留我住, 半瓶浊酒待君温。

去年今日关山路, 细雨梅花正断魂。

月夜与客饮酒杏花下 В лунную ночь пью с друзьями под абрикосовыми деревьями

杏花飞帘散余春,明月入户寻幽人。

褰衣步月踏花影,炯如流水涵青苹。

花间置酒清香发,争挽长条落香雪。

山城薄酒不堪饮,劝君且吸杯中月。

洞箫声断月明中,惟忧月落酒杯空。

明朝卷地春风恶,但见绿叶栖残红。

白鹤山新居凿井四十尺遇盘 石石尽乃得泉 В новом месте жительства у Горы белого журавля начал рыть колодец глубиной в сорок чи; наткнулся на камни, и, когда они кончились, пошла вода

海国困蒸海,新居利高寒。

以彼陟降劳,易此寝处干。

但苦江路峻,常惭汲腰酸。

硝砖烦四夫,晓晓斫层峦。

弥旬得寻丈,下有青石盘。

终日但迸火,何时见飞澜。

丰我粲与醪,利汝椎与钻。

山石有时尽,我意殊未阑。

今朝僮仆喜,黄土复可拽。

晨瓶得雪乳,暮瓮淳冰湍。

我生类如此,何适不艰难。

—勺亦天赐,曲肱有馀欢。

除夜大雪留潍州元日 早晴遂行中途雪复作 В ночь накануне Нового года сильный снегопад задержал меня в Вэйчжоу, но поутру прояснилось, и я отправился в путь; в пути же снегопад возобновился

除夜雪相留,元日晴相送。

东风吹宿酒,瘦马兀残梦。

葱陇晓光开,旋转余花弄。

下马成野酌,佳哉谁与共。

须臾晚云合,乱洒无缺空。

鹅毛垂马鬃,自怪骑白凤。

三年东方旱,逃户连欹栋。

老农释耒叹,泪入饥肠痛。

春雪虽云晚,春麦犹可种。

敢怨行役劳,助尔歌饭瓮。

西岩 В Сияне (“Опершись на перила, стою…”)

凭阑却忆骑鲸客,把酒临风手自招。

细雨声中停去马,夕阳影里乱鸣蜩。

长征 [Чанчжен] Великий поход ("Красную армию дальний поход трудностью лишь раззадорил...")

红军不怕远征难,万水千山只等闲。

五岭逶迤腾细浪,乌蒙磅礴走泥丸。

金沙水拍云崖暖,大渡桥横铁索寒。

更喜岷山千里雪,三军过后尽开颜。

春日游羅敷潭 [Чунь жи ю лофутань] Весенним днем прихожу к омуту в ущелье Лофу ("В теснине гор я песню напевал…")

行歌入谷口,路尽无人跻。

攀崖度绝壑,弄水寻回溪。

云从石上起,客到花间迷。

淹留未尽兴,日落群峰西。

折杨柳 Ветка ивы

垂杨拂绿水,

摇艳东风年。

 

花明玉关雪,

叶暖金窗烟。

 

美人结长想,

对此心凄然。

 

攀条折春色,

远寄龙庭前。

菱荇沼 Водяной орех на пруду (“Сплелся с водорослями в пруду, с ними плавает вместе орех…”)

水荇斜牵绿藻浮,柳丝和叶卧清流。

何时得向溪头赏,旋摘菱花旋泛舟。

山中问答 [Шаньчжун вэнь-да] Вопрос и ответ в горах ("Говорят: "Что забыл ты на этой горе?…")

问余何意栖碧山,笑而不答心自闲。

桃花流水窅然去,别有天地非人间。

八至 Восемь пределов ("Что ближе, что дальше, чем запад-восток?..")

至近至远东西,至深至浅清溪。

至高至明日月,至亲至疏夫妻。

东坡 Восточный склон

雨洗东坡月色清,市人行尽野人行,

莫嫌荤确坡头路,自爱铿然曳杖声。

和子由踏青 Вторю стихам Цзы-ю о ярмарке шелка

蜀人衣食常苦艰, 蜀人游乐不知还。

千人耕种万人食, 一年辛苦一春闲。

闲时尚以蚕为市, 共忘辛苦逐欣欢。

去年霜降斫秋荻, 今年箔积如连山。

破瓢为轮土为釜, 争买不翅金与纨。

忆昔与子皆童外, 年年废书走市观。

市人争夸斗巧智, 野人喑哑遭欺谩。

诗来使我感旧事, 不悲去国悲流年。

江月楼 Гляжу на озаренную светом луны башню над рекой (“Осенний ветер над рекой Уцзян…”)

秋风彷佛吴江冷,鸥鹭参差夕阳影。

垂虹纳纳卧谯门,雉堞眈眈俯渔艇。

阳安小儿拍手笑,使君幻出江南景。

龟山 Горы Гуйшань

我生飘荡去何求,再过龟山岁五周。

身行万里半天下,僧卧一庵初白头。

地隔中原劳北望,潮连沧海欲东游。

元嘉旧事无人记,故垒摧颓今在不。

啄木詩 Дятел (“В Южных горах он извечно живет…”)

南山有鳥,自名啄木,

飢則啄樹,暮則巢宿,

無干於人,唯志所欲,

性清者榮,性濁者辱。

《除夕口占》开门七件事 Импровизации в сочельник. Всё насущное

柴米油盐酱醋茶,般般都在别人家。

岁暮天寒无一事,竹堂寺里看梅花。

红烛 Красная свеча ("Хризантемы в зеленой фарфоровой вазе…")

红烛啊!

这样红的烛!

诗人啊!

吐出你的心来比比,

可是一般颜色?

红烛啊!

是谁制的蜡——给你躯体?

是谁点的火——点着灵魂?

为何更须烧蜡成灰,

然后才放光出?

一误再误;

矛盾!冲突!

红烛啊!

不误,不误!

原是要“烧”出你的光来——

这正是自然的方法。

红烛啊!

既制了,便烧着!

烧罢!烧罢!

烧破世人的梦,

烧沸世人的血——

也救出他们的灵魂,

也捣破他们的监狱!

红烛啊!

你心火发光之期,

正是泪流开始之日。

红烛啊!

匠人造了你,

原是为烧的。

既已烧着,

又何苦伤心流泪?

哦!我知道了!

是残风来侵你的光芒,

你烧得不稳时,

才着急得流泪!

红烛啊!

流罢!你怎能不流呢?

请将你的脂膏,

不息地流向人间,

培出慰藉的花儿,

结成快乐的果子!

红烛啊!

你流一滴泪,灰一分心。

灰心流泪你的果,

创造光明你的因。

红烛啊!

“莫问收获,但问耕耘。”

夏日漫书 Лениво написал в летний день («Курильница возле подушки стоит …»)

枕上初残柏子香,鸟声帘外已斜阳。

碧山过雨晴逾好,绿树无风晚自凉。

芳岁背人成荏苒,好诗和梦落苍茫。

羊求何不来三径,门掩残书满石床。

离骚 Лисао

帝高阳之苗裔兮,朕皇考曰伯庸。

摄提贞于孟陬兮,惟庚寅吾以降。

皇览揆余初度兮,肇锡余以嘉名。

名余曰正则兮,字余曰灵均。

 

纷吾既有此内美兮,又重之以脩能。

扈江离与辟芷兮,纫秋兰以为佩。

汩余若将不及兮,恐年岁之不吾与。

朝搴阰之木兰兮,夕揽洲之宿莽。

日月忽其不淹兮,春与秋其代序。

惟草木之零落兮,恐美人之迟暮。

不抚壮而弃秽兮,何不改乎此度?

乘骐骥以驰骋兮,来吾道夫先路!

 

昔三后之纯粹兮,固众芳之所在。

杂申椒与菌桂兮,岂维纫夫蕙茝!

彼尧舜之耿介兮,既遵道而得路。

何桀纣之猖披兮,夫唯捷径以窘步。

惟夫党人之偷乐兮,路幽昧以险隘。

岂余身之惮殃兮,恐皇舆之败绩!

忽奔走以先后兮,及前王之踵武。

荃不查余之中情兮,反信谗而齌怒。

余固知謇謇之为患兮,忍而不能舍也。

 

指九天以为正兮,夫唯灵脩之故也。

曰黄昏以为期兮,羌中道而改路。

初既与余成言兮,后悔遁而有他。

余既不难夫离别兮,伤灵脩之数化。

 

余既滋兰之九畹兮,又树蕙之百亩。

畦留夷与揭车兮,杂杜衡与芳芷。

冀枝叶之峻茂兮,愿俟时乎吾将刈。

虽萎绝其亦何伤兮,哀众芳之芜秽。

 

众皆竞进以贪婪兮,凭不猒乎求索。

羌内恕己以量人兮,各兴心而嫉妒。

忽驰骛以追逐兮,非余心之所急。

老冉冉其将至兮,恐脩名之不立。

朝饮木兰之坠露兮,夕餐秋菊之落英。

苟余情其信姱以练要兮,长顑颔亦何伤。

掔木根以结茞兮,贯薜荔之落蕊。

矫菌桂以纫蕙兮,索胡绳之纚纚。

謇吾法夫前脩兮,非世俗之所服。

虽不周于今之人兮,愿依彭咸之遗则。

 

长太息以掩涕兮,哀民生之多艰。

余虽好脩姱以鞿羁兮,謇朝谇而夕替。

既替余以蕙纕兮,又申之以揽茝。

亦余心之所善兮,虽九死其犹未悔。

怨灵脩之浩荡兮,终不察夫民心。

众女嫉余之蛾眉兮,谣诼谓余以善淫。

固时俗之工巧兮,偭规矩而改错。

背绳墨以追曲兮,竞周容以为度。

忳郁邑余侘傺兮,吾独穷困乎此时也。

宁溘死以流亡兮,余不忍为此态也。

鸷鸟之不群兮,自前世而固然。

何方圜之能周兮,夫孰异道而相安?

屈心而抑志兮,忍尤而攘诟。

伏清白以死直兮,固前圣之所厚。

 

悔相道之不察兮,延伫乎吾将反。

回朕车以复路兮,及行迷之未远。

步余马于兰皋兮,驰椒丘且焉止息。

进不入以离尤兮,退将复脩吾初服。

制芰荷以为衣兮,集芙蓉以为裳。

不吾知其亦已兮,苟余情其信芳。

高余冠之岌岌兮,长余佩之陆离。

芳与泽其杂糅兮,唯昭质其犹未亏。

忽反顾以游目兮,将往观乎四荒。

佩缤纷其繁饰兮,芳菲菲其弥章。

民生各有所乐兮,余独好脩以为常。

虽体解吾犹未变兮,岂余心之可惩。

 

女嬃之婵媛兮,申申其詈予曰:

鮌婞直以亡身兮,终然殀乎羽之野。

汝何博謇而好脩兮,纷独有此姱节?

薋菉葹以盈室兮,判独离而不服。

众不可户说兮,孰云察余之中情?

世并举而好朋兮,夫何茕独而不予听?

 

依前圣以节中兮,喟凭心而历兹。

济沅湘以南征兮,就重华而敶词:

启九辩与九歌兮,夏康娱以自纵。

不顾难以图后兮,五子用失乎家衖。

羿淫游以佚畋兮,又好射夫封狐。

固乱流其鲜终兮,浞又贪夫厥家。

浇身被服强圉兮,纵欲而不忍。

日康娱而自忘兮,厥首用夫颠陨。

夏桀之常违兮,乃遂焉而逢殃。

后辛之菹醢兮,殷宗用而不长。

汤禹俨而祗敬兮,周论道而莫差。

举贤而授能兮,循绳墨而不颇。

皇天无私阿兮,览民德焉错辅。

夫维圣哲以茂行兮,苟得用此下土。

瞻前而顾后兮,相观民之计极。

夫孰非义而可用兮,孰非善而可服?

阽余身而危死兮,览余初其犹未悔。

不量凿而正枘兮,固前脩以菹醢。

曾歔欷余郁邑兮,哀朕时之不当。

揽茹蕙以掩涕兮,沾余襟之浪浪。

 

跪敷衽以陈辞兮,耿吾既得此中正。

驷玉虬以椉鹥兮,溘埃风余上征。

朝发轫于苍梧兮,夕余至乎县圃。

欲少留此灵琐兮,日忽忽其将暮。

吾令羲和弭节兮,望崦嵫而勿迫。

路曼曼其脩远兮,吾将上下而求索。

饮余马于咸池兮,总余辔乎扶桑。

折若木以拂日兮,聊逍遥以相羊。

前望舒使先驱兮,后飞廉使奔属。

鸾皇为余先戒兮,雷师告余以未具。

吾令凤鸟飞腾兮,继之以日夜。

飘风屯其相离兮,帅云霓而来御。

纷总总其离合兮,斑陆离其上下。

吾令帝阍开关兮,倚阊阖而望予。

时暧暧其将罢兮,结幽兰而延伫。

世溷浊而不分兮,好蔽美而嫉妒。

 

朝吾将济于白水兮,登阆风而緤马。

忽反顾以流涕兮,哀高丘之无女。

溘吾游此春宫兮,折琼枝以继佩。

及荣华之未落兮,相下女之可诒。

吾令丰隆椉云兮,求宓妃之所在。

解佩纕以结言兮,吾令謇脩以为理。

纷总总其离合兮,忽纬繣其难迁。

夕归次于穷石兮,朝濯发乎洧盘。

保厥美以骄傲兮,日康娱以淫游。

虽信美而无礼兮,来违弃而改求。

览相观于四极兮,周流乎天余乃下。

望瑶台之偃蹇兮,见有娀之佚女。

吾令鸩为媒兮,鸩告余以不好。

雄鸠之鸣逝兮,余犹恶其佻巧。

心犹豫而狐疑兮,欲自适而不可。

凤皇既受诒兮,恐高辛之先我。

欲远集而无所止兮,聊浮游以逍遥。

及少康之未家兮,留有虞之二姚。

理弱而媒拙兮,恐导言之不固。

世溷浊而嫉贤兮,好蔽美而称恶。

闺中既以邃远兮,哲王又不寤。

怀朕情而不发兮,余焉能忍与此终古?

 

索藑茅以筳篿兮,命灵氛为余占之。

曰:两美其必合兮,孰信脩而慕之?

思九州之博大兮,岂唯是其有女?

曰:勉远逝而无狐疑兮,孰求美而释女?

何所独无芳草兮,尔何怀乎故宇?

世幽昧以昡曜兮,孰云察余之善恶?

民好恶其不同兮,惟此党人其独异!

户服艾以盈要兮,谓幽兰其不可佩。

览察草木其犹未得兮,岂珵美之能当?

苏粪壤以充帏兮,谓申椒其不芳。

 

欲从灵氛之吉占兮,心犹豫而狐疑。

巫咸将夕降兮,怀椒糈而要之。

百神翳其备降兮,九疑缤其并迎。

皇剡剡其扬灵兮,告余以吉故。

曰:勉升降以上下兮,求榘矱之所同。

汤禹严而求合兮,挚咎繇而能调。

苟中情其好脩兮,又何必用夫行媒?

说操筑于傅岩兮,武丁用而不疑。

吕望之鼓刀兮,遭周文而得举。

宁戚之讴歌兮,齐桓闻以该辅。

及年岁之未晏兮,时亦犹其未央。

恐鹈鴂之先鸣兮,使夫百草为之不芳。

 

何琼佩之偃蹇兮,众薆然而蔽之。

惟此党人之不谅兮,恐嫉妒而折之。

时缤纷其变易兮,又何可以淹留?

兰芷变而不芳兮,荃蕙化而为茅。

何昔日之芳草兮,今直为此萧艾也?

岂其有他故兮,莫好脩之害也!

余以兰为可恃兮,羌无实而容长。

委厥美以从俗兮,苟得列乎众芳。

椒专佞以慢慆兮,樧又欲充夫佩帏。

既干进而务入兮,又何芳之能祗?

固时俗之流从兮,又孰能无变化?

览椒兰其若兹兮,又况揭车与江离?

惟兹佩之可贵兮,委厥美而历兹。

芳菲菲而难亏兮,芬至今犹未沬。

和调度以自娱兮,聊浮游而求女。

及余饰之方壮兮,周流观乎上下。

 

灵氛既告余以吉占兮,历吉日乎吾将行。

折琼枝以为羞兮,精琼爢以为粻。

为余驾飞龙兮,杂瑶象以为车。

何离心之可同兮?吾将远逝以自疏。

邅吾道夫昆仑兮,路脩远以周流。

扬云霓之晻蔼兮,鸣玉鸾之啾啾。

朝发轫于天津兮,夕余至乎西极。

凤皇翼其承旗兮,高翱翔之翼翼。

忽吾行此流沙兮,遵赤水而容与。

麾蛟龙使梁津兮,诏西皇使涉予。

路脩远以多艰兮,腾众车使径待。

路不周以左转兮,指西海以为期。

屯余车其千乘兮,齐玉轪而并驰。

驾八龙之婉婉兮,载云旗之委蛇。

抑志而弭节兮,神高驰之邈邈。

奏九歌而舞韶兮,聊假日以媮乐。

陟升皇之赫戏兮,忽临睨夫旧乡。

仆夫悲余马怀兮,蜷局顾而不行。

 

乱曰:已矣哉!

国无人莫我知兮,又何怀乎故都!

既莫足与为美政兮,吾将从彭咸之所居!

Месяц ("Месяц, на серп похожий, в небе повис надо мною…")

魄依钩样小,扇逐汉机团。

细影将圆质,人间几处看。

世界并没有改变 Мир ничего не желает менять ("Мир ничего не желает менять. В сторону личное, только работа...")

世界并没有改变

还是公事公办

 

落日"嘭"地一声

一枚公章

盖在了地平线上

 

终于批准了

我望著窗外,就像一个黑夜

望著另一个黑夜

霽月 Мутная луна ("Слабый и тусклый лунный свет омывает зеленую рощу …")

淡淡地,幽光 浸洗著海上的森林。

森林中寥寂深深,還滴著黃昏時分的新雨。

云母面就了般的白楊行道 坦坦地在我面前導引,

引我向沉默的海邊徐行。

一陣陣的暗香和我親吻。

我身上覺著輕寒,你偏那樣地云衣重裹,

你團鸞無缺的明月喲,請借件縞素的衣裳給我。

我眼中莫有睡眠,你偏那樣地霧帷深鎖。

你淵默無聲的銀海喲,請提起你幽渺的波音和我。

 

采莲舟 На лодке собираю лотос (“Ветер лотосы долу гнет, всюду лотосы без числа…”)

风前一叶压荷蕖,解报新秋又得鱼。

兔走乌驰人语静,满溪红袂棹歌初。

江边 На реке (“Так внезапно обратно прогнал ветер западный диких гусей...“)

西风忽报雁双双,人世心形两自降。

不为鱼肠有真诀,谁能梦梦立清江。

秋泉 На роднике осенью (“Все прохладнее. Тает туман, поредела его пелена…”)

冷色初澄一带烟,幽声遥泻十丝弦。

长来枕上牵情思,不使愁人半夜眠。

谒巫山庙 Навещаю храм Ушаньмяо (“Посетила я Гаотан, где немолкнущий гам обезьян…”)

乱猿啼处访高唐,路入烟霞草木香。

山色未能忘宋玉,水声犹似哭襄王。

朝朝暮暮阳台下,为雨为云楚国亡。

惆怅庙前无限柳,春来空斗画眉长。

澄迈驿通潮阁二首 Написано на почтовой станции Дэнмай, в Павильоне достигающего прилива

倦客愁闻归路遥, 眼明飞阁俯长桥。

贪看白鹭横秋浦, 不觉青林没晚潮。

余生欲老海南村, 帝遣巫阳招我魂。

杳杳天低鹘没处, 青山一发是中原。

廬山東林寺夜懷 [Лушань дунлин сы е хуай] Ночные раздумья в Дунлинском монастыре на горе Лушань ("К Синему Лотосу в необозримую высь …")

我寻青莲宇,独往谢城阙。

霜清东林钟,水白虎溪月。

天香生虚空,天乐鸣不歇。

宴坐寂不动,大千入毫发。

湛然冥真心,旷劫断出没。

宿海会寺 Ночую в храме Хайхуэм

篮舆三日山中行,山中信美少旷平。

下投黄泉上青冥,线路每与猿猱争。

重楼束缚遭涧坑,两股酸辛饥肠鸣。

北度飞桥踏彭铿,缭垣百步如古城。

大钟横撞千指迎,高堂延客夜不扃。

杉槽漆斛江河倾,本来无垢洗更轻。

倒床鼻息四邻惊,紈如五鼓天未明。

木鱼呼粥亮且清,不闻人声闻履声。

江宿 Ночую на берегу реки

寂历秋江渔火稀,起看残月映林微。

波光水鸟惊犹宿,露冷流萤湿不飞。

旅夜书怀 [Люйе шу хуай] Ночью во время скитаний пишу о своих чувствах ("Тонкая травка, берег под слабеньким ветром …")

细草微风岸,危樯独夜舟。

星垂平野阔,月涌大江流。

名岂文章著,官应老病休。

飘飘何所似?天地一沙鸥。

文賦 [Вень фу] Ода изящному слову

余每观才士之所作,窃有以得其用心。夫放言遣辞,良多变矣,妍蚩好恶,可得而言。每自属文,尤见其情,恒患意不称物,文不逮意,盖非知之难,能之难也。故作文赋,以述先士之盛藻,因论作文之利害所由,佗日殆可谓曲尽其妙。至於操斧伐柯,虽取则不远,若夫随手之变,良难以辞逮,盖所能言者,具於此云尔。

 

伫中区以玄览,颐情志於典坟。遵四时以叹逝,瞻万物而思纷。悲落叶於劲秋,喜柔条於芳春,心懔懔以怀霜,志眇眇而临云。咏世德之骏烈,诵先人之清芬。游文章之林府,嘉丽藻之彬彬。慨投篇而援笔,聊宣之乎斯文。

 

其始也,皆收视反听,耽思傍讯,精骛八极,心游万仞。其致也,情曈昽而弥鲜,物昭晣而互进。倾(群言之沥液,漱六艺之芳润。浮天渊以安流,濯下泉而潜浸。於是沈辞怫悦,若游鱼衔钩,而出重渊之深;浮藻联翩,若翰鸟缨缴,而坠曾云之峻。收百世之阙文,采千载之遗韵。谢朝华於已披,启夕秀於未振。观古今於须臾,抚四海於一瞬。

 

然后选义按部(,考辞就班。抱景者咸叩,怀响者毕弹。或因枝以振叶,或沿波而讨源。或本隐以之显,或求易而得难。或虎变而兽扰,或龙见而鸟澜。或妥帖而易施,或岨峿而不安。罄澄心以凝思,眇众虑而为言。笼天地於形内,挫万物於笔端。始踯躅於燥吻,终流离於濡翰。理扶质以立干,文垂条而结繁。信情貌之不差,故每变而在颜。思涉乐其必笑,方言哀而已叹。或操觚(97)以率尔,或含毫而邈然。

 

伊兹事之可乐,固圣贤之所钦。课虚无以责有,叩寂寞而求音。函绵邈於尺素,吐滂沛乎寸心。言恢之而弥广,思按之而逾深。播芳蕤之馥馥,发青条之森森。粲风飞而猋竖,郁云起乎翰林。

 

体有万殊,物无一量。纷纭挥霍,形难为状。辞程才以效伎,意司契而为匠。在有无而黾勉,当浅深而不让。虽离方而遯员,期穷形而尽相。故夫夸目者尚奢,惬心者贵当。言穷者无隘,论达者唯旷。

 

诗缘情而绮靡,赋体物而浏亮。碑披文以相质,诔缠绵而凄怆。铭博约而温润,箴顿挫而清壮。颂优游以彬蔚,论精微而朗畅。奏平彻以闲雅,说炜晔而谲诳。虽区分之在兹,亦禁邪而制放。要辞达而理举,故无取乎冗长。

 

其为物也多姿,其为体也屡迁。其会意也尚巧,其遣言也贵妍。暨音声之迭代,若五色之相宣。虽逝止之无常,固崎锜(而难便。苟达变而识次,犹开流以纳泉。如失机而后会,恒操末以续颠。谬玄黄之袟叙,故淟涊而不鲜。

 

或仰逼於先条,或俯侵於后章。或辞害而理比,或言顺而义妨。离之则双美,合之则两伤。考殿最於锱铢,定去留於毫芒。苟铨衡之所裁,固应绳其必当。或文繁理富,而意不指适。极无两致,尽不可益。立片言而居要,乃一篇之警策。虽众辞之有条,必待兹而效绩。亮功多而累寡,故取足而不易。

 

或藻思绮合,清丽千眠。炳若缛绣,凄若繁弦。必所拟之不殊,乃暗合乎曩篇。虽杼轴於予怀,怵他人之我先。苟伤廉而愆义,亦虽爱而必捐。

 

或苕发颖竖,离众绝致。形不可逐,响难为系。块孤立而特峙,非常音之所纬。心牢落而无偶,意徘徊而不能揥。石韫玉而山辉,水怀珠而川媚。彼榛楛之勿翦,亦蒙荣於集翠。缀下里於白雪,吾亦济夫所伟。

 

或讬言於短韵,对穷迹而孤兴。俯寂寞而无友,仰寥廓而莫承。譬偏弦之独张,含清唱而靡应。或寄辞於瘁音,徒靡言而弗华。混妍蚩而成体,累良质而为瑕。象下管之偏疾,故虽应而不和。或遗理以存异,徒寻虚以逐微。言寡情而鲜爱,辞浮漂而不归。犹弦幺而徽急,故虽和而不悲。或奔放以谐合,务嘈囋而妖冶。徒悦目而偶俗,固高声而曲下。寤防露与桑间,又虽悲而不雅。或清虚以婉约,每除烦而去滥。阙大羹之遗味,同朱弦之清汜。虽一唱而三叹,固既雅而不艳。

 

若夫丰约之裁,俯仰之形。因宜适变,曲有微情。或言拙而喻巧,或理朴而辞轻。或袭故而弥新,或沿浊而更清。或览之而必察,或研之而后精。譬犹舞者赴节以投袂,歌者应弦而遣声。是盖轮扁所不得言,故亦非华说之所能精。

 

普辞条与文律,良余膺之所服。练世情之常尤,识前修之所淑。虽濬发於巧心,或受㰞於拙目。彼琼敷与玉藻,若中原之有菽。同橐籥之罔穷,与天地乎并育。虽纷蔼於此世,嗟不盈於予掬。患挈瓶之屡空,病昌言之难属。故踸踔於短垣,放庸音以足曲。恒遗恨以终篇,岂怀盈而自足。惧蒙尘於叩缶,顾取笑乎鸣玉。

 

若夫应感之会,通塞之纪。来不可遏,去不可止。藏若景灭,行犹响起。方天机之骏利,夫何纷而不理。思风发於胸臆,言泉流於唇齿。纷威蕤以馺遝,唯毫素之所拟。文徽徽以溢目,音泠泠而盈耳。及其六情底滞,志往神留。兀若枯木,豁若涸流。揽营魂以探赜,顿精爽於自求。理翳翳而愈伏,思乙乙其若抽。是以或竭情而多悔,或率意而寡尤。虽兹物之在我,非余力之所戮。故时抚空怀而自惋,吾未识夫开塞之所由。

 

伊兹文之为用,固众理之所因。恢万里而无阂,通亿载而为津。俯贻则於来叶,仰观象乎古人。济文武於将坠,宣风声於不泯。涂无远而不弥,理无微而弗纶。配沾润於云雨,象变化乎鬼神。被金石而德广,流管弦而日新。

代秋情 [Дай цю цин] Ощущение осени ("Давно простились мы с тобой…")

几日相别离,门前生穞葵。

寒蝉聒梧桐,日夕长鸣悲。

白露湿萤火,清霜凌兔丝。

空掩紫罗袂,长啼无尽时。

白雲歌送劉十六歸山 [Байюнь гэ сун южэнь] Песней о белых облаках провожаю Лю, шестнадцатого в роду, возвращающегося в горы ("И в Чу, и в Цинь – повсюду облака…")

楚山秦山皆白云,白云处处长随君。

长随君,君入楚山里,云亦随君渡湘水。

湘水上,女萝衣,白云堪卧君早归。

归风送远操 Песнь о возвращении феникса (“Стужею ветер повеял…”)

凉风起兮天陨霜。

怀君子兮渺难望。

感予心兮多慨慷。

 

无午叹 Печалюсь о крестьянине, не имеющем вола

荒畴万顷连坡陆,躬耕无牛将奈何。老翁倭倭挟

良铝,妇子并肩如橐驼。

肩祯骨怠汗淹肘,竟日劳劳不终亩。夜归草屋酸

吟嘶,祗有饥肠作牛吼。

却忆向来全盛年,万牛蔽野无閒田。干戈頑洞一

扫尽,毂就死谁能怜。

桃林荒塘春草绿,眼底纷纷何有犊。老翁无力待

升平,卧看牵牛向天哭。

予来脩耳得吠狗曰乌躇甚 猛而驯随予迁合浦过 По прибытии в Данъэр я завел сторожевого пса по кличке Черная Морда. Он был злой, но я его приручил. Он сопровождал меня при переезде в Хэпу и в пути переплыл реку, чем изумил всех. Тогда я в шутку написал эти стихи

乌喙本海葵,幸我为之主。

食余已瓠肥,终不忧鼎俎。

昼驯识宾客,夜悍为门户。

知我当北还,掉尾喜欲舞。

跳踉趁僮仆,吐舌喘汗雨。

长桥不肯蹑,径度清深浦。

拍浮似鹅鸭,登岸剧城虎。

盗肉亦小疵,鞭筆当贵汝。

再拜谢恩厚,天不遣言语。

何当寄家书,黄耳定乃祖。

金灯花 Повилика* ("Здесь, под моим крылечком, вдоль перил...")

阑边不见蘘蘘叶,砌下惟翻艳艳丛。

细视欲将何物比,晓霞初叠赤城宫。

涌金门见柳 Полюбовался ивой за воротами Юнцзинмэнь

涌金门外柳垂金,三日不来成绿阴。

折取一枝入城去,使人知道已春深。

闲居初夏午睡起 Праздно живу, проснулся после полуденного сна в начале лета ("В тени прохладной под сосной …")

松阴一架半弓苔,偶欲看书又懒开。

戏掬清泉洒蕉叶,儿童误认雨声来。

 

送别 Проводы

鸭头春水浓如染,水面桃花弄春脸。

衰翁送客水边行,沙衬马蹄乌帽点。

昂头问客几时归,客道秋风落叶飞。

系马绿杨开口笑,傍山依约见斜晖。

送友人 Провожаю друга (“Царство вод. Тростники…”)

水国蒹葭夜有霜,月寒山色共苍苍。

谁言千里自今夕,离梦杳如关塞长。

过信州 Проезжая по округу Синьчжоу

二千里地佳山水,无数海棠官道傍。

风送落红搀马过,春风更比路人忙。

柳絮 Пух ивы ("С веток пух по весне облетел…")

二月杨花轻复微,春风摇荡惹人衣。

他家本是无情物,一任南飞又北飞。

饮酒 Пью вино

儒生好奇古,出口谈唐虞。

倘生羲皇前,所谈乃何如。

古人既已死,古道存遗书。

—语不能践,万卷徒空虚。

我愿但饮酒,不复知其余。

君看醉乡人,乃在天地初。

早發交崖山還太室作 [Цзао фа Цзяояйшань хуань Тайши цзо] Рано утром отправляюсь с горы Скрещенных Скал и иду обратно к себе, к горе Великого Дома ("На востоке в лесу в воздухе слабо белеет…")

东林气微白,寒鸟急高翔。

吾亦自兹去,北山归草堂。

仲冬正三五,日月遥相望。

萧萧过颍上,曨曨辨少阳。

川冰生积雪,野火出枯桑。

独往路难尽,穷阴人易伤。

伤此无衣客,如何蒙雪霜。

海棠溪 Ручей Хайтанов* ("Дивным видом вечерней зари насладиться весна зовет…")

春教风景驻仙霞,水面鱼身总带花。

人世不思灵卉异,竞将红缬染轻沙。

江上看山 С лодки смотрю на горы

船上看山如走马,倏忽过去数百群。

前山槎牙忽变态,后岭杂沓如惊奔。

仰看微径斜缭绕,上有行人高缥缈。

舟中举手欲与言,孤帆南去如飞鸟。

山中与幽人对酌 С отшельником пью в горах

两人对酌山花开,

一杯一杯一杯。

 

我醉欲眠卿且去,

明朝有意抱琴来?

江陵愁望寄子安 С прибрежного холма в печали вглядываюсь в даль. Посвящается Цзыаню (“Вновь - молодые побеги на кленах…”)

枫叶千枝复万枝,江桥掩映暮帆迟。

忆君心似西江水,日夜东流无歇时。

蘇臺覽古 [Сутай лань гу] С террасы Гусу смотрю на руины ("Терраса, запустелый сад. Весна…")

旧苑荒台杨柳新,菱歌清唱不胜春。

只今惟有西江月,曾照吴王宫里人。

与诸子登岘山 [Юй чжу цзы дэн сяньшань] С учеными друзьями поднялись на гору Сяньшань ("Всё житейское вечной идёт чередой: угасанием станет подъём …")

人事有代谢, 往来成古今.

江山留胜迹, 我辈复登临.

水落鱼梁浅,天寒梦泽深.

羊公碑尚在, 读罢泪沾襟.

山水卷 Свиток с изображением пейзажа

稍稍云木动,蔼蔼烟峰乱。

远浦引归槻,双崖临绝岸。

方思隐沦客,欲结渔樵伴。

水阔山更遥,幽期空汗漫。

立在地球邊上放號 Сигналю, стоя на краю земли ("Огромные белые облака сердито клубятся в небе …")

无数的白云正在空中怒涌,

啊啊!好幅壮丽的北冰洋的情景哟!

无限的太平洋提起他全身的力量来要把地球推倒。

啊啊!我眼前来了的滚滚的洪涛哟!

啊啊!不断的毁坏,不断的创造,不断的努力哟!

啊啊!力哟!力哟!

力的绘画,力的舞蹈,力的音乐,力的诗歌,力的律吕哟!

 

水墨青花 [Шуймо цинхуа] Синий узор ("Из тихих нежных слов напишет кисть пейзаж...")

轻吟一句情话,执笔一副情画。

绽放一地情花,覆盖一片青瓦。

共饮一杯清茶,同研一碗青砂。

挽起一面轻纱,看清天边月牙。

爱像水墨青花,何惧刹那芳华。

悲愁歌 Скорбные строки (“Выдали родичи замуж меня…”)

吾家嫁我兮天一方,

遠托異國兮烏孫王。

穹廬為室兮旃為牆,

以肉為食兮酪為漿。

居常土思兮心內傷,

願為黃鵠兮歸故鄉。

六月五日偶成 Случайно написал в пятый день шестого месяца

坐看青苔欲上衣,一池春水霭余辉。

荒村尽日无车马,时有残云伴鹤归。

闻莺 (过雨溪山净) Слушаю иволгу ("Дождь прошел, ручьи и горы так чисты …")

过雨溪山净,新晴花柳明。

来穿雨好树,别作一家声。

故欲撩诗兴,仍添怀友情。

惊飞苦难见,那更绿阴成。

 

听僧吹芦管 Слушаю игру монаха на камышовой свирели ("На рассвете цикады кричат...")

晓蝉呜咽暮莺愁,言语殷勤十指头。

罢阅梵书聊一弄,散随金磬泥清秋。

闻蛩 Слушая стрекот сверчка ("Двор опустел, воцарилась там осень...")

閒庭宇,秋如许。

还添几个寒虫语。

一声声。

一更更。

难道今宵,听到天明。

听。

听。

 

茶分乳。

香销炷。

红衾欲整从新住。

且消停。

再呼灯。

麂眼篱边,蛤粉墙阴。

寻。

寻。

(мелодия "惜分钗")

采莲湖上棹船回 Срываю лотосы

采莲湖上棹船回,

风约湘裙翠,

一曲 琵琶数行泪。

望君归,

芙蓉开尽无消息。

晚凉多少,

红鸳白鹭,

何处不双飞。

(мелодия "小桃红")

乡思 Тоскую по родине (“Извивается быстрый поток, что течет у подножья Эмэй…”)

峨嵋山下水如油,怜我心同不系舟。

何日片帆离锦浦,棹声齐唱发中流。

蜀道難 [Шу дао нань] Трудны дороги в Шу ("Ох, сколь эти вершины круты и опасны…")

噫吁嚱,危乎高哉!蜀道之难,难于上青天!

蚕丛及鱼凫,开国何茫然!

尔来四万八千岁,不与秦塞通人烟。

西当太白有鸟道,可以横绝峨眉巅。

地崩山摧壮士死,然后天梯石栈相钩连。

上有六龙回日之高标,下有冲波逆折之回川。

黄鹤之飞尚不得过,猿猱欲度愁攀援。

青泥何盘盘,百步九折萦岩峦。

扪参历井仰胁息,以手抚膺坐长叹。

问君西游何时还?畏途巉岩不可攀。

但见悲鸟号古木,雄飞雌从绕林间。

又闻子规啼夜月,愁空山。

蜀道之难,难于上青天,使人听此凋朱颜。

连峰去天不盈尺,枯松倒挂倚绝壁。

飞湍瀑流争喧豗,砯崖转石万壑雷。

其险也如此,嗟尔远道之人胡为乎来哉!

剑阁峥嵘而崔嵬,一夫当关,万夫莫开。

所守或匪亲,化为狼与豺。

朝避猛虎,夕避长蛇。

磨牙吮血,杀人如麻。

锦城虽云乐,不如早还家。

蜀道之难,难于上青天,侧身西望长咨嗟!

爐中煤 (眷念祖國的情緒) Уголь в печи ("О моя милая девушка!…")

啊,我年青的女郎!

我不辜负你的殷勤,

你也不要辜负了我的思量。

我为我心爱的人儿

燃到了这般模样!

 

啊,我年青的女郎!

你该知道了我的前身?

你该不嫌我黑奴卤莽?

要我这黑奴的胸中,

才有火一样的心肠。

 

啊,我年青的女郎!

我想我的前身

原本是有用的栋梁,

我活埋在地底多年,

到今朝总得重见天光。

 

啊,我年青的女郎!

我自从重见天光,

我常常思念我的故乡,

我为我心爱的人儿

燃到了这般模样!

 

一九二〇年一、二月间作

 

鸳鸯草 Цветы мандаринки ("Запах цветов душистых, вьющихся по ступеням…")

绿英满香砌,两两鸳鸯小。

但娱春日长,不管秋风早。

Цикады ("Травы омылись росою…")

露涤清音远,风吹数叶齐。

声声似相接,各在一枝栖。

其四 (二月已破三月来) 4.

二月已破三月来,渐老逢春能几回。

莫思身外无穷事,且尽生前有限杯。

其五 (肠断江春欲尽头) 5.

肠断江春欲尽头,杖藜徐步立芳洲。

颠狂柳絮随风去,轻薄桃花逐水流。

其六 (懒慢无堪不出村) 6.

懒慢无堪不出村,呼儿日在掩柴门。

苍苔浊酒林中静,碧水春风野外昏。

其七 (糁径杨花铺白毡) 7. "Тропинку тополиным пухом - что белым войлоком устлало…"

糁径杨花铺白毡,点溪荷叶叠青钱。

笋根雉子无人见,沙上凫雏傍母眠。

其八 (舍西柔桑叶可拈) 8.

舍西柔桑叶可拈,江畔细麦复纤纤。

人生几何春已夏,不放香醪如蜜甜。

其九 (隔户杨柳弱袅袅) 9.

隔户杨柳弱袅袅,恰似十五女儿腰。

谁谓朝来不作意,狂风挽断最长条。

南歌子 新开池,戏作 (散发披襟处) "В халате нараспашку, непричесан..."

散发披襟处,浮瓜沈李时。

涓涓流水细侵阶。

凿个池儿,唤个月儿来。

 

画栋频摇动,红蕖尽倒开。

斗匀红粉照香腮。

有个人儿,把个镜儿猜。

(Мелодия "南歌子")

鹧鸪天 (石壁虚云积渐高) "Высоко в небе громоздятся скалы..."

石壁虚云积渐高。

溪声绕屋几周遭。

自从一雨花零落,却爱微风草动摇。

 

呼玉友,荐溪毛。

殷勤野老著相邀。

杖藜忽避行人去,认是翁来却过桥。

 

(Мелодия "鹧鸪天")

洞仙歌 (冰肌玉骨) "Изваяна словно…"

余七岁时。见眉山老尼。姓朱,忘其名,年九十岁,自言尝随其师入蜀主孟昶宫中。一日大热,蜀主与花蕊夫人夜纳凉摩诃池上,作一词。朱具能记之。今四十年,朱已死久矣,人无知此词者。但记其首两句,暇日寻味,岂洞仙歌令乎,乃为足之云

 

冰肌玉骨,自清凉无汗。

水殿风来暗香满。

绣帘开、一点明月窥人,人未寝,敧枕钗横鬓乱。

 

起来携素手,庭户无声,时见疏星渡河汉。

试问夜如何,夜已三更,金波淡、玉绳低转。

但屈指、西风几时来,又不道流年、暗中偷换。

(Мелодия "洞仙歌")

南乡子 登京口北固亭有怀 (何处望神州) "Как мне найти Шэнчжоу..."

何处望神州,满眼风光北固楼。

千古兴亡多少事,悠悠,不尽长江滚滚流。

 

年少万兜鍪,坐断东南战未休。

天下英雄谁敌手?

曹刘,生子当如孙仲谋。

(Мелодия "南乡子")

感谢 (让我怎样感谢你) "Как мне тебя благодарить?..."

让我怎样感谢你

当我走向你的时候

我原想收获一缕春风

你却给了我整个春天

让我怎样感谢你

当我走向你的时候

我原想捧起一簇浪花

你却给了我整个海洋

让我怎样感谢你

当我走向你的时候

我原想撷取一枚红叶

你却给了我整个枫林

让我怎样感谢你

当我走向你的时候

我原想亲吻一朵雪花

你却给了我银色的世界

好事近 (医者索酬劳) "Лекарь отврачевал…"

医者索酬劳,那得许多钱物。

只有一个整整,也盒盘盛得。

 

下官歌舞转凄惶,剩得几枝笛。

觑著这般火色,告妈妈将息。

(Мелодия "好事近")

鹧鸪天 其一 读渊明诗不能去手 戏作小词以送 (晚岁躬耕不怨贫) "На склоне лет он сам ходил за плугом..."

晚岁躬耕不怨贫,只鸡斗酒聚比邻。

都无晋宋之间事,自是羲皇以上人。

 

千载后,百篇存,更无一字不清真。

若教王谢诸郎在,未抵柴桑陌上尘!

(Мелодия "鹧鸪天")

阮郎归 耒阳道中 (山前灯火欲黄昏) "Перед горой свет тусклый фонарей…"

山前灯火欲黄昏,山头来去云。

鹧鸪声里数家村,潇湘逢故人。

 

挥羽扇,整纶巾,少年鞍马尘。

如今憔悴赋招魂,儒冠多误身!

鹧鸪天 其七 有客慨然谈功名,因追忆少年时事,戏作 (壮岁旌旗拥万夫) "Под знаменем своим без страха в бой..."

壮岁旌旗拥万夫,锦襜突骑渡江初。

燕兵夜娖银胡䩮,汉箭朝飞金仆姑。

 

追往事,叹今吾,春风不染白髭须。

却将万字平戎策,换得东家种树书。

(Мелодия "鹧鸪天")

南歌子 (凤髻金泥带) "Прихваченная золотой тесьмою..."

凤髻金泥带,龙纹玉掌梳。

去来窗下笑相扶,爱道画眉深浅、入时无。

 

弄笔偎人久,描花试手初。

等闲妨了绣功夫,笑问鸳鸯两字、怎生书。

(мелодия "南歌子")

少年游 润州作 代人寄远 (去年相送) "Прошлый год расстались…"

去年相送,馀杭门外,飞雪似杨花。

今年春尽,杨花似雪,犹不见还家。

 

对酒捲帘邀明月,风露透窗纱。

恰似姮娥怜双燕,分明照、画梁斜。

(Мелодия "少年游")

点绛唇 (隐隐轻雷) "Раскат за раскатом…"

留博山寺,闻光风主人微恙而归,时春涨断桥

 

隐隐轻雷,雨声不受春回护。

落梅如许。

吹尽墙边去。

 

春水无情,碍断溪南路。

凭谁诉。

寄声传语。

没个人知处。

(Мелодия "点绛唇")

清平乐 村居 (茅檐低小) "У ручья, на зеленой лужайке…"

茅檐低小,溪上青青草。

醉里吴音相媚好,白发谁家翁媪。

 

大儿锄豆溪东,中儿正织鸡笼,

最喜小儿无赖,溪头卧剥莲蓬。

(Мелодия "清平乐")

生查子 元夕 (去年元夜时) "Это было в прошлом году..."

去年元夜时,花市灯如昼。

月上柳梢头,人约黄昏后。

今年元夜时,月与灯依旧。

不见去年人,泪湿春衫袖。

(мелодия "生查子")

丑奴儿 此生自断天休问 "Я один за судьбу отвечаю мою…"

此生自断天休问,独倚危楼。

独倚危楼,不信人间别有愁。

 

君来正是眠时节,君且归休。

君且归休,说与西风一任秋。

(Мелодия "丑奴儿")

(Синонимичное название мелодии - "采桑子")

北陂杏花 (一陂春水绕花身) Абрикосовое дерево на северном склоне горы ("Огибая цветы, бегут по горе ручейки…")

一陂春水绕花身,花影妖饶各占春。

纵被春风吹作雪,绝胜南陌碾成尘。

海上蝴蝶 (几只黄色小蝴蝶) Бабочки над морем ("Несколько маленьких жёлтых бабочек...")

“几十年来,我遇到过不少无法解释的奇迹”。

——题记

 

几只黄色小蝴蝶

在渤海湾茫茫的浪涛上飞翔

不是贴着岸边飞,

是朝远远的大海飞去,飞去!

它们忽上忽下

很像矫健的海鹰。

无题 (有时我也挑灯独立) Без названия ("...И я одинокий, познав, как дрожит фитилек...")

有时我也挑灯独立

爱和夜守住沉默

听风声狂啸于屋外

怀想一些远行人

无题 (相见时难别亦) Без названия ("Как встречаться нам тяжело…")

相见时难别亦难,东风无力百花残。

春蚕到死丝方尽,蜡炬成灰泪始乾。

晓镜但愁云鬓改,夜吟应觉月光寒。

蓬山此去无多路,青鸟殷勤为探看。

白露 (白露团甘子) Белые росы ("В белых росах на заре мандарины-корольки…")

白露团甘子,清晨散马蹄。

圃开连石树,船渡入江溪。

凭几看鱼乐,回鞭急鸟栖。

渐知秋实美,幽径恐多蹊。

谢谢你,上帝 (上帝来了) Благодарю Тебя, Боже ("Бог сошёл ко мне...")

上帝来了

在呼啸着的风里。

谢谢你,上帝

感谢你的来访不拘礼仪:

非常欢迎你

有朝一日

我也将来访,

同样不期而至

甚至是

默默无声地。

属疾 (白头属疾卧丘园) Болею

白头属疾卧丘园,药物枝梧且仅存。

月黑浅山闻鵩啸,窗明高树送鸦翻。

谗欺薄命深消骨,忧集穷途黯断魂。

回视少时真隔世,但馀一念在元元。

病柏 (有柏生崇冈) Больной кипарис ("Среди равнины кипариса крона, как балдахин, бросала тень веками…")

有柏生崇冈,童童状车盖。

偃蹙龙虎姿,主当风云会。

神明依正直,故老多再拜。

岂知千年根,中路颜色坏。

出非不得地,蟠据亦高大。

岁寒忽无凭,日夜柯叶改。

丹凤领九雏,哀鸣翔其外。

鸱鸮志意满,养子穿穴内。

客从何乡来,伫立久吁怪。

静求元精理,浩荡难倚赖。

畏人 (早花随处发) Боясь людей ("Цветы распускаются, полные жизни…")

早花随处发,春鸟异方啼。

万里清江上,三年落日低。

畏人成小筑,褊性合幽栖。

门径从榛草,无心走马蹄。

池西亭 (朱欄映晚樹) В беседке на запад от пруда

朱欄映晚樹

金魄落秋池

還似錢唐夜

西樓月出時

元夕泊舟霅川 (莲炬光中月自圆) В вечер праздника фонарей...

莲炬光中月自圆,人情草草竞华年。

最怜一夜旗亭鼓,能共钟声到客船。

山中寄诸弟妹 (山中多法侣) В горах остановился у младших братьев и сестёр ("Поющих молитвы много монахов в горах…")

山中多法侣,禅诵自为群。

城郭遥相望,唯应见白云。

旅宿 (旅馆无良伴) В гостинице ("В гостинице ночью не с кем поговорить…")

旅馆无良伴,凝情自悄然。

寒灯思旧事,断雁警愁眠。

远梦归侵晓,家书到隔年。

湘江好烟月,门系钓鱼船。

己酉九月自巴丘过湖南别粹翁 (离合不可常) В девятый месяц года цзию из Бацю пробирался через Хунань и простился с Цуйвэнем ("Расставаньям и встречам счету нет по дороге...")

离合不可常,去处两无策。

眇眇孤飞雁,严霜欺羽翼。

使君南道主,终岁好看客。

江湖尊前深,日月梦中疾。

世事不相贷,秋风撼瓶锡。

南云本同征,变化知无极。

四年孤臣泪,万里游子色。

临别不得言,清愁涨胸臆。

壬辰寒食 (客思似杨柳) В день холодной пищи года Жэньчэнь

客思似杨柳,春风千万条。

更倾寒食泪,欲涨冶城潮。

巾发雪争出,镜颜朱早雕。

未知轩冕乐,但欲老渔樵。

雨中再赋海山楼诗 (百尺阑干横海立) В дождь снова слагаю стихи о башне Хайшань ("Над морем башня стоит, являющая простор...")

百尺阑干横海立,一生襟抱与山开。

岸边天影随潮入,楼上春容带雨来。

慷慨赋诗还自恨,徘徊舒啸却生哀。

灭胡猛士今安有,非复当年单父台。

歲暮歸南山 (北闕休上書) В конце года я вернулся на гору Чжуннань ("В Северный зал больше бумаг не ношу…")

北闕休上書,南山歸敝廬。

不才明主棄,多病故人疏。

白髮催年老,青陽逼歲除。

永懷愁不寐,松月夜窗虛。

舟中讀元九詩 В лодке читаю стихи Юаня Девятого ("Я в лодку с собою стихи твои взял, читал их, фонарь засветив...")

把君詩卷燈前讀,詩盡燈殘天未明。

眼痛滅燈猶闇坐,逆風吹浪打船聲。

柳州二月榕葉落盡偶題 (宦情羈思共悽悽) В Лючжоу во втором месяце ("Мысли о службе с рабскою думой вместе печальны-грустны...")

宦情羈思共悽悽,春半如秋意轉迷。

山城過雨百花盡,榕葉滿庭鶯亂啼。

青玉案 元夕 (东风夜放花千树) В ночь на праздник фонарей

东风夜放花千树,更吹落,星如雨。

宝马雕车香满路。

凤箫声动,玉壶光转,一夜鱼龙舞。

 

蛾儿雪柳黄金缕,笑语盈盈暗香去。

众里寻他千百度,蓦然回首,那人却在,灯火阑珊处。

 

(Мелодия "青玉案")

独立 (空外一鸷鸟) В одиночестве ("В синем небе кружит одинокая хищная птица…")

空外一鸷鸟,河间双白鸥。

飘飖搏击便,容易往来游。

草露亦多湿,蛛丝仍未收。

天机近人事,独立万端忧。

独酌 (步屦深林晚) В одиночестве угощаюсь вином ("В туфлях по лесу я бреду лениво…")

步屦深林晚,开樽独酌迟。

仰蜂黏落絮,行蚁上枯梨。

薄劣惭真隐,幽偏得自怡。

本无轩冕意,不是傲当时。

初贬官过望秦岭 (草草辞家忧后事) В первый раз, сосланный на низшую должность, проезжаю Ванциньлин ("Второпях я собрался и дом свой покинул, весь в тревоге о жизни дальнейшей...")

草草辞家忧后事, 迟迟去国问前途。

望秦岭上回头立, 无限秋风吹白须。

端午赠黄守徐君猷 В праздник Двойной пятёрки преподношу Сюй Цзюнь-ю, правителю округа Хуанчжоу

银塘朱槛麹尘波,圆绿卷新荷。兰条荐浴,菖花酿酒,天气尚清和。

好将沉醉酬佳节,十分酒、一分歌。狱草烟深,讼庭人悄,无吝宴游过。

江楼旧感 (独上江楼思渺然) В приречном доме описываю свое настроение ("Один поднимаюсь на дом у реки…")

独上江楼思渺然,月光如水水如天。

同来望月人何处,风景依稀似去年。

严公仲夏枉驾草堂兼携酒馔 (竹里行厨洗玉盘) В середине лета господин Янь У приезжает в соломенную хижину и привозит с собой вино и угощение ("В деревне глухой, за плетеной калиткой живу…")

竹里行厨洗玉盘,花边立马簇金鞍。

非关使者徵求急,自识将军礼数宽。

百年地辟柴门迥,五月江深草阁寒。

看弄渔舟移白日,老农何有罄交欢。

中秋不见月问客 (试问玉蟾寒皎皎) В середину осени спрашиваю гостя: "Почему не видно луны?"

试问玉蟾寒皎皎,何如银烛乱荧荧。

不知桂魄今何在,应在吾家紫石屏。

逢雪宿芙蓉山主人 (日暮苍山远) В снег ночую у хозяина дома на горе Фужуншань ("День вечереет. Синие горы вдали…")

日暮苍山远,天寒白屋贫。

柴门闻犬吠,风雪夜归人。

对雪 (战哭多新鬼) В снегопад ("Стенают в битвах сонмы отлетевших душ…")

战哭多新鬼,愁吟独老翁。

乱云低薄暮,急雪舞回风。

瓢弃尊无绿,炉存火似红。

数州消息断,愁坐正书空。

在獄詠蟬 (西陸蟬聲唱) В тюрьме воспеваю цикаду ("Когда я в осеннее утро, узник с дальнего юга слушаю пенье цикады...")

並序

餘禁所禁垣西,是法廳事也,有古槐數株焉。雖生意可知,同殷仲文之古樹;而聽訟斯在,即周召伯之甘棠,每至夕照低陰,秋蟬疏引,發聲幽息,有切嘗聞,豈人心異於曩時,將蟲響悲於前聽?嗟乎,聲以動容,德以象賢。故潔其身也,稟君子達人之高行;蜕其皮也,有仙都羽化之靈姿。候時而來,順陰陽之數; 應節為變,審藏用之機。有目斯開,不以道昏而昧其視;有翼自薄,不以俗厚而易其真。吟喬樹之微風,韻姿天縱; 飲高秋之墜露,清畏人知。僕失路艱虞,遭時徽纆。不哀傷而自怨,未搖落而先衰。聞蟪蛄之流聲,悟平反之已奏;見螳螂之抱影,怯危機之未安。感而綴詩,貽諸知己。庶情沿物應,哀弱羽之飄零; 道寄人知,憫餘聲之寂寞。非謂文墨,取代幽憂云爾。

 

西陸蟬聲唱,南冠客思深。

不堪玄鬢影,來對白頭吟。

露重飛難進,風多響易沉。

無人信高潔,誰為表予心。

感化寺見元九劉三十二題名處 (微之謫去千餘里) В храме Ганьхуа я увидел стену, на которой написали свои имена Юань Девятый и Лю Тридцать Второй ("Вэйчжи с должности снят, и сослали его в край далекий, за тысячи ли...")

微之謫去千餘里

太白無來十一年

今日見名如見面

塵埃壁上破窗前

齐州送祖三 (相逢方一笑) В Цичжоу провожаю Цзу третьего ("При встрече - улыбка, в разлуке - слёз не уйму…")

相逢方一笑,相送还成泣。

祖帐已伤离,荒城复愁入。

天寒远山净,日暮长河急。

解缆君已遥,望君犹伫立。

终南阴岭秀 (终南阴岭秀) В Чжуннаньских горах смотрю на далекий последний снег ("Гор Чжуннаньских сумрачный хребет выступает высоко...")

终南阴岭秀

积雪浮云端

林表明霁色

城中增暮寒

戏题盘石 (可怜盘石临泉水) В шутку написал на каменной глыбе ("Как жаль, что этот камень лежит так близко от родника…")

可怜盘石临泉水,复有垂杨拂酒杯。

若道春风不解意,何因吹送落花来。

花瓶 (是什么力量驱使着) Ваза ("Какие же это силы, что заставляют...")

是什么力量驱使着

这与根分离的花苞

在这花瓶中开放?

可正是这力量敦促我们

开放在这从永恒的大树上

砍下的历史的枝桠上?

息夫人 (莫以今时宠) Вдова князя Си ("Пусть повелитель любит все сильней…")

莫以今时宠,能忘旧日恩。

看花满眼泪,不共楚王言。

灵感 (你光彩照人的热带小鸟) Вдохновение ("Блестящая тропическая птичка...")

你光彩照人的热带小鸟,

欢喜在我头顶来回飞绕,

每次在我的掌中挣脱,

只落下一片蓝色的羽毛。

 

我把它拾起插在帽边,

行人看到都异常惊羡。

哦,我怎能捉回飞去的小鸟,

让他们象我样看个完全!

乐郊诗 (乐郊何所乐) Веселящее предместье

乐郊何所乐,所乐从公游。

三日公不出,其民蹙然愁。

一闻车马音,从者如云浮。

吾问郓之人,无乃失业不。

云惟安其业,然后乐其休。

乐郊何所有,胡不考公诗。

有山在其东,有水出逶夷。

有台以临望,有沼以游嬉。

俯仰迷上下,朱栏映清池。

草木非一种,青红随四时。

其馀虽琐屑,处置各有宜。

乐郊何以名,吾为本其意。

自古贤哲人,所存非一世。

当时偶然迹,来者因不废。

郓非公久留,公去民孰赖。

此亭公所登,此树公所憩。

俾民百年思,岂取一日醉。

春夜竹亭赠钱少府归蓝田 (夜静群动息) Весенней ночью в бамбуковой беседке преподношу чиновнику Цяню, который возвращается в Ланьтянь ("Тихая ночь. Мир живых - покоем объят…")

夜静群动息,时闻隔林犬。

却忆山中时,人家涧西远。

羡君明发去,采蕨轻轩冕。

春雁 (春风一夜到衡阳) Весенние гуси ("Весенний ветер за ночь домчал сюда…")

春风一夜到衡阳,楚水燕山万里长。

莫怪春来便归去,江南虽好是他乡。

咏怀自嘲 (檐溜春犹冻) Весенним днём посмотрел в зеркало. Мои чувства.

檐溜春犹冻,门扉晚未开。

退閒惊客至,衰懒怕书来。

日日教浇竹,朝朝遣探梅。

园丁应窃笑,犹自说心灰。

春 (春天了 龙华的桃花开了) Весна ("Вот и пришла весна...")

春天了

龙华的桃花开了

在那些夜间开了

在那些血斑点点的夜间

那些夜是没有星光的

那些夜是刮着风的

那些夜听着寡妇的咽泣

而这古老的土地呀

随时都像一只饥渴的野兽

舐吮着年轻人的血液

顽强的人之子的血液

于是经过了悠长的冬日

经过了冰雪的季节

经过了无限困乏的期待

这些血迹,斑斑的血迹

在神话般的夜里

在东方的深黑的夜里

爆开了无数的蓓蕾

点缀得江南处处是春了

人问:春从何处来?

我说:来自郊外的墓窟。

青春 (让我寂寞地) Весна жизни ("Однажды со скуки отправился я на берег тихой реки...")

让我寂寞地

踱到寂静的河岸去。

不问是玫瑰生了刺,

还是荆棘中却开出了美丽的花,

——我折一支,为你。

被刺伤的手指滴下的血珠,

揩上衣襟:

让玫瑰装饰你的青春,

血渍装饰我的青春。

田家春望 (出门何所见) Весной смотрю вдаль на поле ("Выхожу один, а из ворот не на что мне устремить глаза...")

出门何所见, 春色满平芜。

可叹无知己, 高阳一酒徒。

峨眉风 (它喜欢音乐) Ветер эмэйских гор ("Он музыку любит...")

它喜欢音乐

吹三千灵窍

还是位书法家

善写狂草

似乎又有些孩子气

摸一下佛头就跑

暮寒 (雾隐平郊树) Вечерний холодок ("Туман укрыл деревья на равнине…")

雾隐平郊树,风含广岸波。

沈沈春色静,惨惨暮寒多。

戍鼓犹长击,林莺遂不歌。

忽思高宴会,朱袖拂云和。

晚兴 (双井茶芽醒骨甜) Вечером бодрюсь ("Разливается сладость в костях от шуанцзинского чая...")

双井茶芽醒骨甜,蓬莱香烬倦人添。

蜘蛛政苦空庭阔,风为将丝度别檐。

晚泊岳阳 (卧闻岳阳城里钟) Вечером встал на причал около Юэяна

卧闻岳阳城里钟,系舟岳阳城下树。

正见空江明月来,云水苍茫失江路。

夜深江月弄清辉,水上人歌月下归。

一阕声长听不尽,轻舟短楫去如飞。

晚过水北 (寒川消积雪) Вечером проходил по северному берегу реки… ("Подтаивал на речке снег, но был еще недвижен лед...")

寒川消积雪,冻浦渐通流。

日暮人归尽,沙禽上钓舟。

感事 (丧乱那堪说) Взволнован событиями ("В государстве беда! Что сказать я могу?...")

丧乱那堪说,干戈竟未休

公卿危左衽,江汉故东流。

风断黄龙府,云移白鹭洲。

云何舒国步,持底副君忧?

世事非难料,吾生本自浮。

菊花纷四野,作意为谁秋!

感时 (杜宇啼残故国愁) Взгляд сквозь время ("Кукушка-душа причитает и плачет в развалинах древней страны...")

杜宇啼残故国愁,虚名况敢望千秋。

 男儿若论收场好,不是将军也断头。

叹白发 (宿昔朱颜成暮齿) Вздыхаю о седых волосах ("Увял обескровлен твой давний лик молодой…")

宿昔朱颜成暮齿,须臾白发变垂髫。

一生几许伤心事,不向空门何处销。

題袁氏別業 (主人不相識) Вилла Юан'ей ("С хозяином прекрасной этой виллы еще я, правда, не знаком...")

主人不相識,偶坐為林泉。

莫謾愁沽酒,囊中自有錢。

与卢员外象过崔处士兴宗林亭 (绿树重阴盖四邻) Вместе с юньваем Лу Сяном посетил лесную обитель ученого на покое Цуй Син-цзуна ("Плотная тень от зеленых деревьев все скрывает окрест…")

绿树重阴盖四邻,青苔日厚自无尘。

科头箕踞长松下,白眼看他世上人。

初归石湖 (晓雾朝暾绀碧烘) Вновь возвратился в свою усадьбу

晓雾朝暾绀碧烘,横塘西岸越城东。

行人半出稻花上,宿鹭孤明菱叶中。

信脚自能知旧路,惊心时复认邻翁。

当时手种斜桥柳,无限鸣蜩翠扫空。

拟玉台体七首 雨中归 (朝看楼上云) Возвращаюсь под дождём

朝看楼上云,日暮城南雨。

路远香车迟,迢迢向何所。

Примечания

Напевы Яшмовой башни, Юйтай - любовная лирика. Название идёт от поэтического сборника Юйтай синьюн (玉台新咏 "Новые напевы Нефритовой башни", "Новые напевы о Яшмовой башне") , составленного Сюй Лином 徐陵 из стихов II в. до н.э. - V в. н.э.

天問 (曰遂古之初 誰傳道之) Вопросы к небу ("Каков был довременный мир…")

曰遂古之初 誰傳道之

上下未形 何由考之

冥昭瞢暗 誰能極之

馮翼惟象 何以識之

明明暗暗 惟時何為

陰陽三合 何本何化

 

圜則九重 孰營度之

惟茲何功 孰初作之

斡維焉系 天極焉加

八柱何當 東南何虧

九天之際 安放安屬

隅隈多有 誰知其數

 

天何所沓 十二焉分

日月安屬 列星安陳

出於湯谷 次於蒙汜

自明及晦 所行幾里

夜光所德 死則又育

厥利維何 而顧菟在腹

女岐無合 夫焉取九子

伯強何處 惠氣安在

何闔而晦 何開而明

角宿未旦 曜靈安藏

 

不任汩鴻 師何以尚之

僉曰何憂 何不課而行之

鴟龜曳銜 鯀何聽焉

順欲成功 帝何刑焉

永遏在羽山 夫何三年不施

伯禹愎鯀 夫何以變化

纂就前緒 遂成考功

何續初繼業 而厥謀不同

洪泉極深 何以窴之

地方九則 何以墳之

河海應龍 何畫何歷

鯀何所營 禹何所成

康回馮怒 墜何故以東南傾

 

九州安錯 川谷何洿

東流不溢 孰知其故

東西南北 其修孰多

南北順橢 其衍幾何

昆侖縣圃 其尻安在

增城九重 其高幾里

四方之門 其誰從焉

西北闢啟 何氣通焉

日安不到 燭龍何照

羲和之未揚 若華何光

何所冬暖 何所夏寒

 

焉有石林 何獸能言

焉有虯龍 負熊以游

雄虺九首 倏忽焉在

何所不死 長人何守

靡蓱九衢 枲華安居

一蛇吞象 厥大何如

黑水玄趾 三危安在

延年不死 壽何所止

鯪魚何所 鬿堆焉處

羿焉彃日 烏焉解羽

 

禹之力獻功 降省下土四方

焉得彼塗山女 而通之於台桑

閔妃匹合 厥身是繼

胡維嗜不同味 而快鼌飽

 

啟代益作后 卒然離蠥

何啟惟憂 而能拘是達

皆歸䠶鞠 而無害厥躬

何后益作革 而禹播降

啟棘賓商 九辨九歌

何勤子屠母 而死分竟地

 

帝降夷羿 革孽夏民

胡射夫河伯 而妻彼雒嬪

馮珧利決 封豨是射

何獻蒸肉之膏 而后帝不若

浞娶純狐 眩妻爰謀

何羿之射革 而交吞揆之

阻窮西征 岩何越焉

化為黃熊 巫何活焉

 

咸播秬黍 莆雚是營

何由並投 而鯀疾修盈

 

白蜺嬰茀 胡為此堂

安得夫良藥 不能固藏

天式從橫 陽離爰死

大鳥何鳴 夫焉喪厥體

蓱號起雨 何以興之

撰體協肋 鹿何膺之

鰲戴山抃 何以安之

釋舟陵行 何以遷之

 

惟澆在戶 何求於嫂

何少康逐犬 而顛隕厥首

女歧縫裳 而館同爰止

何殿易厥首 而親以逢殆

湯謀易旋 何以厚之

覆舟斟尋 何道取之

 

桀伐蒙山 何所得焉

妺嬉何肆 湯何殛焉

舜閔在家 父何以鱞

堯不姚告 二女何親

厥萌在初 何所憶焉

璜台十成 誰所極焉

登立為帝 孰道尚之

女媧有體 孰制匠之

舜服厥弟 終然為害

何肆犬體 而厥身不危敗

吳獲迄古 南嶽是止

孰期去斯 得兩男子

 

緣鵠飾玉 后帝是饗

何乘謀夏桀 終以滅喪

帝乃降觀 下逢伊摯

何條方致罰 而黎服大說

 

簡狄在台 嚳何宜

玄鳥致貽 女何喜

 

該秉季德 厥父是臧

胡終弊於有扈 牧夫牛羊

乾協時舞 何以懷之

平肋曼膚 何以肥之

有扈牧豎 云何而逢

擊床先出 其命何從

 

恆秉季德 焉得夫樸牛

何往營班祿 不但還來

 

昏微遵跡 有狄不寧

何繁鳥萃棘 負子肆情

眩弟並淫 危害厥兄

何變化以作詐 後嗣而逢長

 

成湯東巡 有莘爰極

何乞彼小臣 而吉妃是得

水濱之木 得彼小子

夫何惡之 媵有莘之婦

湯出重泉 夫何辠尤

不勝心伐帝 夫誰使挑之

 

會朝爭盟 何踐吾期

蒼鳥群飛 孰使萃之

列擊紂躬 叔旦不嘉

何親揆發 定周之命以咨嗟

授殷天下 其位安施

反成乃亡 其罪伊何

爭遣伐器 何以行之

並驅擊翼 何以將之

 

昭后成游 南土爰底

厥利惟何 逢彼白雉

 

慕王巧梅 夫何為周流

環理天下 夫何索求

 

妖夫曳衒 何號於市

周幽誰誅 焉得夫褒姒

 

天命反側 何罰何佑

齊桓九會 卒然身殺

 

彼王紂之躬 孰使亂惑

何惡輔弼 讒諂是服

比干何逆 而抑沈之

雷開何順 而賜封之

何聖人之一德 卒其異方

梅伯受醢 箕子佯狂

 

稷維元子 帝何竺之

投之於冰上 鳥何燠之

何馮弓挾矢 殊能將之

既驚帝切激 何逢長之

 

伯昌好衰 秉鞭作牧

何令徹彼岐社 命有殷國

遷藏就岐 何能依

殷有惑婦 何所譏

受賜茲醢 西伯上告

何親就上帝罰 殷之命以不救

師望在肆 昌何識

鼓刀揚聲 后何喜

武發殺殷 何所悒

載屍集成 何所急

伯林雉經 惟其何故

何感天抑地 夫誰畏懼

皇天集命 惟何戒之

受禮天下 又使至代之

 

初湯臣摯 後茲承輔

何卒官湯 尊食宗緒

 

勛闔夢生 少離散亡

何壯武厲 能流厥嚴

 

彭鏗斟雉 帝何饗

受壽永多 夫何長

 

中央共牧 后何怒

蜂蛾微命 力何固

驚女采薇 鹿何祐

北至四水 萃何喜

兄有噬犬 弟何欲

易之以百兩 卒無祿

 

薄暮雷電 歸何憂

厥嚴不奉 帝何求

伏匿穴處 爰何雲

荊勛作師 夫何長

悟過改更 我又何言

吳光爭國 久餘是勝

何環穿自閭社丘陵 爰出子文

吾告堵敖以不長

何試上自予 忠名彌彰

渤海印象 (我寻找黄河) Впечатления от залива Бохай ("Ищу реку Хуанхэ...")

我寻找黄河

连条线也不见

在这里它缩成一个音符

颤动着

怀天经智老因访之 (今年二月冻初融) Вспомнил о Тянь Цзине, Чжи Лао и навестил их ("Месяц второй на дворе. Он прекратил холода...")

今年二月冻初融,睡起苕溪绿向东。

客子光阴诗卷里,杏花消息雨声中。

西庵禅伯还多病,北栅儒先只固穷。

忽忆轻舟寻二子,纶巾鹤氅试春风。

逢病军人 (行多有病住无粮) Встреча с заболевшим воином ("Путь был долог, пока не ввалила болезнь…")

行多有病住无粮,万里还乡未到乡。

蓬鬓哀吟古城下,不堪秋气入金疮。

登樓寄王卿 (踏閣攀林恨不同) Всхожу на башню, посылаю Ван Цину ("В доме брожу, продираюсь сквозь лес…")

踏閣攀林恨不同,楚雲滄海5思無窮。

數家砧杵秋山下,一郡荊榛寒雨中。

後元丰行 (歌元丰 十日五日一雨风) Вторая песня о годах правления Юаньфэнь

歌元丰,十日五日一雨风。

麦行千里不见土,连山没云皆种黍。

水秧绵绵复多稌,龙骨长乾挂梁梠。

鲥鱼出网蔽洲渚,荻笋肥甘胜牛乳。

百钱可得酒斗许,虽非社日长闻鼓。

吴儿蹋歌女起舞,但道快乐无所苦。

老翁堑水西南流,杨柳中间杙小舟。

乘兴攲眠过白下,逢人欢笑得无愁。

后催租行 (老父田荒秋雨里) Вторая песня о том, как заставляют платить налог

老父田荒秋雨里,旧时高岸今江水。

佣耕犹自抱长饥,的知无力输租米。

自从乡官新上来,黄纸放尽白纸催。

卖衣得钱都纳却,病骨虽寒聊免缚。

去年衣尽到家口,大女临岐两分首。

今年次女已行媒,亦复驱将换升㪷。

室中更有第三女,明年不怕催租苦。

和使君五郎西楼望远思归 (高楼望所思) Вторю стихам Ши пятого "С западной башни гляжу вдаль, мечтаю о возвращении" ("С башни смотрю туда, где в мыслях давно…")

高楼望所思,目极情未毕。

枕上见千里,窗中窥万室。

悠悠长路人,暧暧远郊日。

惆怅极浦外,迢递孤烟出。

能赋属上才,思归同下秩。

故乡不可见,云水空如一。

和何长官六言次韵 (...清风初号地籁...) Вторю стихотворению Хэ Чжангуаня ("Так внезапно и чистый ветер заиграл на земле-свирели…")

作邑君真伯厚,去官我岂曼容。

一廛愿托仁政,六字难赓变风。

五噫已出东洛,三复愿比南容。

学道未従潘盎,(南海谓狂为盎,潘近世得道者也。)

草书犹似杨风。(杨凝式也。)

石渠何须反顾,水驿幸足相容。

长江大欲见庇,探支八月凉风。

清风初号地籁,明月自写天容。

贫家何以娱客,但知抹月批风。

青山自是绝色,无人谁与为容。

说向市朝公子,何殊马耳东风。

和刘道原寄张师民 (仁义大捷径) Вторя Лю Даоюаню, посылаю Чжан Шиминю ("То, что Гуманность, то, что Справедливость, - и есть большой, величественный Путь....")

仁义大捷径,诗书一旅亭。

相夸绶若若,犹诵麦青青。

腐鼠何劳吓,高鸿本自冥。

颠狂不用唤,酒尽渐须醒。

昨夜你对我一笑 (昨夜你对我一笑) Вчера ночью ты мне улыбнулась ("Вчера ночью ты мне улыбнулась...")

昨夜你对我一笑,

至如今余音袅袅,

我化作一叶小舟,

随音波上下飘摇。

 

昨夜你对我一笑,

酒窝里掀起狂涛,

我化作一片落花,

在窝里左右打绕。

 

昨夜你对我一笑,

啊!

我开始有了骄傲,

打开记忆的盒子,

守财奴似的,

又数了一遍财宝。

停电之后 (太阳最好 但是它下沉了) Выключили свет ("Лучше пусть останется солнце, но оно садится...")

太阳最好,但是它下沉了,

拧开电灯,工作照常进行。

我们还以为从此驱走夜,

暗暗感谢我们的文明。

可是突然,黑暗击败一切,

美好的世界从此消失灭踪。

但我点起小小的蜡烛,

把我的室内又照得通明:

继续工作也毫不气馁,

只是对太阳加倍地憧憬。

 

次日睁开眼,白日更辉煌,

小小的蜡台还摆在桌上。

我细看它,不但耗尽了油,

而且残留的泪挂在两旁:

这时我才想起,原来一夜间,

有许多阵风都要它抵挡。

于是我感激地把它拿开,

默念这可敬的小小坟场。

1976 年 10 月

西门行 (出西门 步念之) Выхожу из западных ворот ("Выхожу из Западных ворот и, шагая, думу думаю свою…")

出西门。

步念之。

今日不作乐。

当待何时。

逮为乐。

逮为乐。

当及时。

何能愁怫郁。

当复待来兹。

酿美酒。

炙肥牛。

请呼心所欢。

可用解忧愁。

人生不满百。

常怀千岁忧。

昼短苦夜长。

何不秉烛游。

游行去去如云除。

弊车羸马为自储。

出西门。

步念之。

今日不作乐。

当待何时。

夫为乐。

为乐当及时。

何能坐愁怫郁。

当复待来兹。

饮醇酒。

炙肥牛。

请呼心所欢。

可用解忧愁。

人生不满百。

常怀千岁忧。

昼短而夜长。

何不秉烛游。

自非仙人王子乔。

计会寿命难与期。

自非仙人王子乔。

计会寿命难与期。

人寿非金石。

年命安可期。

贪财爱惜费。

但为后世嗤。

春閨思 (嫋嫋城邊柳) Гарем весной ("Ветви ив за стеной городскою так гибки и нежны...")

嫋嫋城邊柳,青青陌上桑。

提籠忘採葉,昨夜夢漁陽。

泥土 (老是把自己当作珍珠) Глина ("Посчитаешь себя перлом творенья...")

老是把自己当作珍珠

就时时有被埋没的痛苦

 

把自己当作泥土吧

让众人把你踩成一条道路

草原深处 Глубоко в степи ("Давненько не приходил, Это Степному поэту - Грех...")

好久没来了,

这是

草原诗人的

罪过。

这里。

应有尽有。

这里。

一无所有。

 

走向了--

草原的深处;

走向了--

母亲的忧愁……

 

这就是教训?

或者--

祖先干瘪的泪珠?

这可是余音?

或者

史册焚毁的残页?

 

好久没来了,

这是--

草原诗人的,

罪过。

这里--

没有草原。

这里--

只有草原。

 

走向了--

草原的深处,

走向了--

质的深处,

走向了--

真的深处……

崂山 (太阳醒啦) Гора Лаошань ("Солнце проснулось...")

太阳醒啦

崂山笑他

蓬松着金色的头发

愁牛岭 (邦人尽说畏愁牛) Гора печального вола

邦人尽说畏愁牛,不独牛愁我亦愁。

终日下山行百转,却从山脚望山头。

题崔逸人山亭 (药径深红藓) Горная беседка уединенного мечтателя Цуй'я ("Меж трав лекарственных дорожка в глубоких, мягких мхах багровых...")

药径深红藓,山窗满翠微。

羡君花下酒,蝴蝶梦中飞。

山店 (登登山路行时尽) Горная гостиница ("Все выше, все выше по горной дороге…")

登登山路行时尽,决决溪泉到处闻。

风动叶声山犬吠,一家松火隔秋云。

滁州西澗 (獨憐幽草澗邊生) Горная речка к западу от Чучжоу ("Как люблю я ростки этой нежной травы…")

獨憐幽草澗邊生,上有黃鸝深樹鳴。

春潮帶雨晚來急,野渡無人舟自橫。

扬州 (梦都老了) Город Янчжоу ("Даже грёзы, и те состарились...")

梦都老了

扬州仍很年轻

 

无可奈何

是瘦

1988 年

梦江南 (昏鸦尽 小立恨因谁) Грёзы о Цзяннань ("В пепельных сумерках вороны...")

昏鸦尽,小立恨因谁?

急雪乍翻香阁絮,轻风吹到胆瓶梅,心字已成灰。

横塘 (南浦春来绿一川) Дамба Хэнтан

南浦春来绿一川,石桥朱塔两依然。

年年送客横塘路,细雨垂杨系画船。

寄全椒山中道士 (今朝郡斋冷) Даосу-отшельнику в горах Цюаньцзяо ("Нынешним утром холод в моем кабинете, - вспомнил я горы, друг там живет дорогой…")

今朝郡斋冷,忽念山中客。

涧底束荆薪,归来煮白石。

欲持一瓢酒,远慰风雨夕。

落叶满空山,何处寻行迹。

庭前两好树 (庭前两好树) Два благородных дерева возле дома ("Два дерева выросли около дома, тенисты и стройны...")

庭前两好树,日夕欣相对。

风霜岁苦晚,枝叶常葱翠。

午眠背清阴,露坐荫高盖。

东城桃李月,车马倾阛阓。

而我不出门,依然伴憔悴。

荣华不随时,寂寞幸相慰。

君子固有常,小人多变态。

玉华宫 (溪回松风长) Дворец яшмовой чистоты ("Поток всё кружит, в соснах всё время ветер…")

溪回松风长,苍鼠窜古瓦。

不知何王殿,遗构绝壁下。

阴房鬼火青,坏道哀湍泻。

万籁真笙竽,秋色正萧洒。

美人为黄土,况乃粉黛假。

当时侍金舆,故物独石马。

忧来藉草坐,浩歌泪盈把。

冉冉征途间,谁是长年者。

宫词 (南风吹断采菱歌) Дворцовая мелодия ("Песни сборщиков водных каштанов прервал налетевший ветер…")

南风吹断采菱歌,夜雨新添太液波。

水殿云廊三十六,不知何处月明多。

日子 (用抽屉锁住自己的秘密) День ("запереть свои тайны в ящик стола…")

用抽屉锁住自己的秘密

在喜爱的书上留下批语

信投进邮箱 默默地站一会儿

风中打量着行人 毫无顾忌

留意着霓虹灯闪烁的橱窗

电话间里投进一枚硬币

问桥下钓鱼的老头要支香烟

河上的轮船拉响了空旷的汽笛

在剧场门口幽暗的穿衣镜前

透过烟雾凝视着自己

当窗帘隔绝了星海的喧嚣

灯下翻开褪色的照片和字迹

母难日 (今生今世 我最忘情的哭声有两次) День материнской беды ("За жизнь и за весь век два раза плакал незабываемо..")

今生今世,

我最忘情的哭声有两次,

一次,在我生命的开始,

一次,在你生命的告终,

第一次,我不会记得,是听你说的,

第二次,你不会晓得,我说也没用,

但两次哭声的中间啊,

有无穷无尽的笑声,

一遍一遍又一遍,

回荡了整整三十年,

你都晓得,我都记得。

清明 День поминовения предков ("Цветя, смеются персики и груши...")

佳节清明桃李笑, 野田荒冢只生愁。

雷惊天地龙蛇蛰,雨足郊原草木柔。

人乞祭余骄妾妇,士甘焚死不公侯。

贤愚千载知谁是,满眼蓬蒿共一丘。

夜色中的村庄 (蝉的催眠曲) Деревня в сумерках ("Цикад колыбельная песня...")

蝉的催眠曲

已使村庄入睡;

此刻,一条条白色烟柱像摇篮

缓缓地晃动着家家户户。

悬崖边的树 (不知道是什么奇异的风) Дерево на краю утеса ("Неизвестно, что за чудо-ветер...")

不知道是什么奇异的风

将一棵树吹到了那边

——平原的尽头

临近深谷的悬崖上

它倾听远处森林的喧哗

和深谷中小溪的歌唱

它孤独地站在那里

显得寂寞而又倔强

它的弯曲的身体

留下了风的形状

它似乎即将倾跌进深谷里

却又像是要展翅飞翔……

高楠 (楠树色冥冥) Дерево наньму ("Цвет кроны дерева темно-зеленый…")

楠树色冥冥,江边一盖青。

近根开药圃,接叶制茅亭。

落景阴犹合,微风韵可听。

寻常绝醉困,卧此片时醒。

树 (一棵树,一棵树) Деревья ("Два дерева высятся в rорькой разлуке...")

一棵树,一棵树

彼此孤离地兀立着

风与空气

告诉着它们的距离

 

但是在泥土的覆盖下

它们的根生长着

在看不见的深处

它们把根须纠缠在一起

 

六月十七日昼寝 Дневной сон в семнадцатый день шестой луны ("Пыль мирская на черных моих сапогах…")

红尘席帽乌靴里,

想见沧洲白鸟双。

马龁枯萁喧午枕,

梦成风雨浪翻江。

终南别业 (中岁颇好道) Дом в горах Чжуннань ("К срединным годам возлюбил я истины суть…")

中岁颇好道,晚家南山陲。

兴来每独往,胜事空自知。

行到水穷处,坐看云起时。

偶然值林叟,谈笑无还期。

小屋 (我的小屋不算小) Домишко ("Мой домишко не так уж мал...")

我的小屋不算小

够我纵横地躺下来休息

晴夜打开小窗

有万古悠悠的星空

 

我的小屋不算小

够我去拥抱宇宙的交响

那严冬悲壮的暴风雪

那春朝欢乐的小鸟啁啾

 

我的小屋不算小

够我宁静地去沉思

当我执笔俯伏在小案上

就像鸟瞰于人生的峰巅

好不容易 (于是放心走着) Достичь глубины нелегко ("Ты спокойно идёшь...")

于是放心走着

像微风吹着

像小溪流着

你的漫步是最自由的

 

于是任性地想着

像云一样飘着

像星一样亮着

你的诗是最真诚的

 

于是你和旷野在一起

和没有名字的草木在一起

和沉默的大多数在一起

你的存在是最坚实的

古寺 (消失的钟声) Древний храм ("В горах растаял колокола звук…")

消失的钟声

结成蛛网,在裂缝的柱子里

扩散成一圈圈年轮

没有记忆,石头

空蒙的山谷里传播回声的

石头,没有记忆

当小路绕开这里的时候

龙和怪鸟也飞走了

从房檐上带走喑哑的铃铛

荒草一年一度

生长,那么漠然

不在乎它们屈从的主人

是僧侣的布鞋,还是风

石碑残缺,上面的文字已经磨损

仿佛只有在一场大火之中

才能辨认,也许

会随着一道生者的目光

乌龟在泥土中复活

驮着沉重的秘密,爬出门槛

古朗月行 [Гу лан юэ син] (小时不识月) Древняя песня о луне ("Дитя не знает, что луна — луна …")

小时不识月,呼作白玉盘。

又疑瑶台镜,飞在青云端。

仙人垂两足,桂树何团团。

白兔捣药成,问言与谁餐?

蟾蜍蚀圆影,大明夜已残。

羿昔落九乌,天人清且安。

阴精此沦惑,去去不足观。

鸫 (不知你是站在屋背上呢) Дрозд ("Не знаю сидишь ли ты на ветке или на крыше дома...")

不知你是站在屋背上呢

还 是站在树枝上

把我从沉睡中唤醒

你的歌声清新而委婉

圆润如花瓣上的新露

悦耳如情人的话语

给我这-陰-暗的房子

流注了草木的香气

和温柔如-乳-液的晨光

我从困倦中欣然起来

向窗外寻觅你的影子

你却飞走了……

而在邻家的屋背上

又听见了你的歌声

你又在用你纯真的歌声

永远流滴着欢愉的歌声

去唤醒每个沉睡的灵魂

——被无报偿的劳作

压倒在卧榻上的人们……

有感 (筛子啊 为什么你颠倒了) Душевная боль ("О решето! Почему у тебя всё наоборот?..")

——致丁玲

 

筛子啊,为什么你颠倒了

多少岁月以来

你总把最美的筛掉了

而把最丑的留下了

你淘汰了珍珠,而留下鱼目

你排斥忠诚,而欢迎了奸邪

你嗜爱着颂扬,而非难着揭露

你天真而虚伪

你喜爱黑暗,而憎恨光明

你嗜好无上的权力,而将思想砍伐

你留下叶子,而砍掉树根

1982

彼鴷吟 (断木喙虽长) Жалоба дятла ("Птица дятел, длинным клювом я деревья долблю...")

断木喙虽长,不啄柏与松。

松柏本坚直,中心无蠹虫。

广庭木云美,不与松 柏比。

臃肿质性虚,圬蝎招猛觜。

主人赫然怒,我爱尔何毁。

弹射出 穷山,群鸟亦相喜。

啁 呼弄好音,自谓得天理。

哀哉彼鴷禽,吻血徒为尔。

鹰鸇不博击,狐兔纵横起。

况兹树腹怠,力去宜滨死。

可惜 (花飞有底急) Жаль ("Зачем так скоро лепестки опали?..")

花飞有底急,老去愿春迟。

可惜欢娱地,都非少壮时。

宽心应是酒,遣兴莫过诗。

此意陶潜解,吾生后汝期。

生命 (头发在向上生长 又直又硬) Жизнь ("Волосы растут вверх, и прямы и крепки...")

 

头发在向上生长,又直又硬,

骨头也在向上生长,又直又硬。

 

1946年春,汉中监狱

 

 

五十多年以后,

头发脱得几乎净光,

仍一根一根地向上生长,

又直又硬,仿佛生出了骨头。

 

1999 年 12 月

生命 (有时 我伸出一只赤裸的臂) Жизнь ("Иногда я вытягиваю руку и умиротворенно касаюсь стены...")

有时

我伸出一只赤裸的臂

平放在壁上

让一片白垩的颜色

衬出那赭黄的健康

青色的河流鼓动在土地里

蓝色的静脉鼓动在我的臂膀里

五个手指

是五支新鲜的红色

里面旋流着

土地耕植者的血液

我知道

这是生命

让爱情的苦痛与生活的忧郁

让它去担载罢,

让它喘息在

世纪的辛酷的犁轭下,

让它去欢腾,去烦恼,去笑,去哭罢,

它将鼓舞自己

直到颓然地倒下!

这是应该的

依照我的愿望

在期待着的日子

也将要用自己的悲惨的灰白

去衬映出

新生的跃动的鲜红。

山居即事 (寂寞掩柴扉) Жизнь в горах ("Мучительно-одинокий, калитку я запираю…")

寂寞掩柴扉,苍茫对落晖。

鹤巢松树遍,人访荜门稀。

绿竹含新粉,红莲落故衣。

渡头烟火起,处处采菱归。

溪居 (门径俯清溪) Жилище у ручья ("В горной хижине постоянна непрерывная тишь всегда…")

门径俯清溪,茅檐古木齐。

红尘飘不到,时有水禽啼。

 

记梦 (久住人间岂自期) Записал свой сон

久住人间岂自期,断砧残角助凄悲。

征行忽入夜来梦,意气尚如年少时。

绝塞但惊天似水,流年不记鬓成丝。

此身死去诗犹在,未必无人粗见知。

闲情赋并序 (夫何瑰逸之令姿) Запрет на любовь ("О красота, умчавшаяся вдаль от мысли и мечты…")

夫何瑰逸之令姿,独旷世以秀群。

表倾城之艳色,期有德于传闻。

佩鸣玉以比洁,齐幽兰以争芬。

淡柔情于俗内,负雅志于高云。

悲晨曦之易夕,感人生之长勤。

同一尽于百年,何欢寡而愁殷。

褰朱帏而正坐,汎清瑟以自欣。

送纤指之馀好,攘皓袖之缤纷。

瞬美目以流眄,含言笑而不分。

曲调将半,景落西轩。

悲商叩林,白云依山。

仰睇天路,俯促鸣弦。

神仪妩媚,举止详妍。

激清音以感余,愿接膝以交言。

欲自往以结誓,惧冒礼之为愆。

待凤鸟以致辞,恐他人之我先。

意惶惑而靡宁,魂须臾而九迁。

愿在衣而为领,承华首之馀芳。

悲罗襟之宵离,怨秋夜之未央。

愿在裳而为带,束窈窕之纤身。

嗟温凉之异气,或脱故而服新。

愿在发而为泽,刷玄鬓于颓肩。

悲佳人之屡沐,从白水以枯煎。

愿在眉而为黛,随瞻视以闲扬。

悲脂粉之尚鲜,或取毁于华妆。

愿在莞而为席,安弱体于三秋。

悲文茵之代御,方经年而见求。

愿在丝而为履,附素足以周旋。

悲行止之有节,空委弃于床前。

愿在昼而为影,常依形而西东。

悲高树之多荫,慨有时而不同。

愿在夜而为烛,照玉容于两楹。

悲扶桑之舒光,奄灭景而藏明。

愿在竹而为扇,含凄飙于柔握。

悲白露之晨零,顾襟袖以缅邈。

愿在木而为桐,作膝上之鸣琴。

悲乐极以哀来,终推我而辍音。

考所愿而必违,徒契契以苦心。

拥劳情而罔诉,步容与于南林。

栖木兰之遗露,翳青松之馀阴。

傥行行之有觌,交欣惧于中㦗。

竟寂寞而无见,独悁想以空寻。

敛轻裾以复路,瞻夕阳而流叹。

步徙倚以忘趣,色惨悽而矜颜。

叶燮燮以去条,气凄凄而就寒。

日负影以偕没,月媚景于云端。

鸟悽声以孤归,兽索偶而不还。

悼当年之晚暮,恨兹岁之欲殚。

思宵梦以从之,神飘飖而不安。

若凭舟之失棹,譬缘崖而无攀。

于时毕昴盈轩,北风凄凄。

㤯㤯不寐,众念徘徊。

起摄带以伺晨,繁霜粲于素阶。

鸡敛翅而未鸣,笛流远以清哀。

始妙密以闲和,终寥亮而藏摧。

意夫人之在兹,托行云以送怀。

行云逝而无语,时奄冉而就过。

徒勤思以自悲,终阻山而带河。

迎清风以祛累,寄弱志于归波。

尤蔓草之为会,诵邵南之馀歌。

坦万虑以存诚,憩遥情于八遐。

兼并 (三代子百姓) Захват земли

三代子百姓,公私无异财。

人主擅操柄,如天持斗魁。

赋予皆自我,兼并乃奸回。

奸回法有诛,势亦无自来。

后世始倒持,黔首遂难裁。

秦王不知此,更筑怀清台。

礼义日已偷,圣经久堙埃。

法尚有存者,欲言时所咍。

俗吏不知方,掊克乃为材。

俗儒不知变,兼并可无摧。

利孔至百出,小人私阖开。

有司与之争,民愈可怜哉。

音尘 (绿衣人熟稔的按门铃) Звучащая пыль ("Гость в зеленой одежде привычно нажал на звонок...")

绿衣人熟稔的按门铃

就按在住户的心上:

是游过黄海来的鱼?

是飞过西伯利亚来的雁?

“翻开地图看,”远人说。

他指示我他所在的地方

是哪条虚线旁的那个小黑点。

如果那是金黄的一点,

如果我的座椅是泰山顶,

在月夜,我要你猜你那儿

准是一个孤独的火车站。

然而我正对一本历史书。

西望夕阳里的咸阳古道,

我等到了一匹快马的蹄声。

青溪 (言入黄花川) Зеленый ручей ("Когда отправляюсь на реку Жёлтых Цветов…")

言入黄花川,每逐青溪水。

随山将万转,趣途无百里。

声喧乱石中,色静深松里。

漾漾汎菱荇,澄澄映葭苇。

我心素已闲,清川澹如此。

请留盘石上,垂钓将已矣。

冬夜书怀 (冬宵寒且永) Зимней ночью пишу о том, что у меня на сердце ("Эта зимняя ночь тишиной донимает меня…")

冬宵寒且永,夜漏宫中发。

草白霭繁霜,木衰澄清月。

丽服映颓颜,朱灯照华发。

汉家方尚少,顾影惭朝谒。

冬日的林子 (我欢喜走过冬日的林子) Зимний лес ("Я люблю бродить по лесу зимнему...")

我欢喜走过冬日的林子——

没有陽光的冬日的林子

干燥的风吹着的冬日的林子

天像要下雪的冬日的林子

没有色泽的冬日是可爱的

没有鸟的聒噪的冬日是可爱的

冬日的林子里一个人走着是幸福的

我将如猎者般轻悄地走过

而我决不想猎获什么……

咏史 (尚有绨袍赠) Из истории ("Еще в подарок дал он халат из плотной, теплой ткани...")

尚有绨袍赠,应怜范叔寒。

不知天下士,犹作布衣看。

南望樓 (去國三巴遠) Из южного дома смотрю вдаль ("Из мест родных уйдя…")

去國三巴遠,登樓萬里春。
傷心江上客,不是故鄉人。

 

疲马 (疲马不畏鞭) Измученный конь ("Конь, измученный в долгом походе, не боится и плетки даже...")

疲马不畏鞭,暮途知几千。

当须量马力,始得君马全。

苦热行 (赤日满天地) Изнываю от жары ("Багровое солнце сжигает и небо, и землю…")

赤日满天地,火云成山岳。

草木尽焦卷,川泽皆竭涸。

轻纨觉衣重,密树苦阴薄。

莞簟不可近,絺绤再三濯。

思出宇宙外,旷然在寥廓。

长风万里来,江海荡烦浊。

却顾身为患,始知心未觉。

忽入甘露门,宛然清凉乐。

草堂即事 (荒村建子月) Изображаю то, что вижу из своего шалаша, крытого травой ("В захолустной деревне стоит мой шалаш…")

荒村建子月,独树老夫家。

雾里江船渡,风前径竹斜。

寒鱼依密藻,宿鹭起圆沙。

蜀酒禁愁得,无钱何处赊

旅情 (窗虚枕簟凉) К дороге ("Я окно растворил - и остыла моя постель…")

窗虚枕簟凉,寝倦忆潇湘。

山色几时老,人心终日忙。

松风半夜雨,帘月满堂霜。

匹马好归去,江头橘正香。

示儿 (死去元知万事空) К сыну ("Не видеть мне, как усмирятся мятежи...")

死去元知万事空,但悲不见九州同。

王师北定中原日,家祭无忘告乃翁。

麂子 (远远的 远远的 一只棕红色的麂子) Кабарга ("Далеко далеко бурая кабарга...")

远远的

远远的

一只棕红色的麂子

在望不到边的

金黄的麦海里

一窜一窜地

似飞似飘

朝这里奔跑

 

四面八方的人

都看见了它

用惊喜的目光

用赞叹的目光

用担忧的目光

 

麂子

远方来的麂子

你为什么生得这么灵巧美丽

你为什么这么天真无邪

你为什么莽撞到离开高高的山林

五六个猎人

正伏在草丛里

正伏在山丘上

枪口全盯着你

 

哦,麂子

不要朝这里奔跑

 

1974 年初夏

除夜 (乾坤空落落) Канун Нового года ("Небо с землею пусты – кругом ни души…")

乾坤空落落,岁月去堂堂。

末路惊风雨,穷边饱雪霜。

命随年欲尽,身与世俱忘。

无复屠苏梦,挑灯夜未央。

倪云林画 (云开见山高) Картина Ни Юань-линя ("В просвет облаков открылись вершины гор…")

云开见山高,木落知风劲。

亭下不逢人,斜阳淡秋影。

夜坐有感 (静夜家家闭户眠) Когда не спалось ночью

静夜家家闭户眠,满城风雨骤寒天。

号呼卖卜谁家子,想欠明朝籴米钱。

根 (我是根 一生一世在地下) Корень ("Я - корень. Всю жизнь вглубь земли...")

我是根。

 

一生一世在地下

默默地生长,

向下,向下……

我相信地心有一个太阳。

 

听不见枝头鸟鸣,

感觉不到柔软的微风,

但是我坦然

并不觉得委屈烦闷。

 

开花的季节,

我跟枝叶同样幸福,

沉甸甸的果实,

注满了我的全部心血。

 

1973 年

西塞风雨 (斜风细雨到来时) Короткий стих ("Лишь добрался до этого края - ветер дунул и дождь закапал…")

斜风细雨到来时,我本无家何处归。

仰看云天真蒻笠,旋收江海入蓑衣。

江城子 Красная стена

 陶渊明已正月五日游斜川,临流班坐,顾瞻南阜,爱曾城之独秀,乃作斜川诗,至今使人想见其处。元丰壬戌之春、余躬耕于东坡,筑雪堂居之。南挹四望亭之后丘,西控北山之微泉,慨然而叹,此亦斜川之游也。乃作长短句,以江城子歌之

 

梦中了了醉中醒。

只渊明。

是前生。

走遍人间,依旧却躬耕。

昨夜东坡春雨足,乌鹊喜,报新晴。

 

雪堂西畔暗泉鸣。

北山倾。

小溪横。

南望亭丘,孤秀耸曾城。

都是斜川当日境,吾老矣,寄馀龄。

红牡丹 (绿艳闲且静) Красный пион ("Зелёных оттенков ещё беззаботна игра…")

绿艳闲且静,红衣浅复深。

花心愁欲断,春色岂知心。

田舍 (呼唤携锄至) Крестьяне

呼唤携锄至,安排筑圃忙。

儿童眠落叶,鸟雀噪斜阳。

烟火村声远,林菁野气香。

乐哉今岁事,天末稻云黄。

河北民 (河北民 生近二边长苦辛) Крестьяне Хэбэя

河北民,生近二边长苦辛。

家家养子学耕织,输与官家事夷狄。

今年大旱千里赤,州县仍催给河役。

老小相携来就南,南人丰年自无食。

悲愁白日天地昏,路旁过者无颜色。

汝生不及贞观中,斗粟数钱无兵戎。

左掖梨花 (闲洒阶边草) Лепестки грушевых цветов у левых покоев дворца ("На траву у ступеней падают беззаботно…")

闲洒阶边草,轻随箔外风。

黄莺弄不足,衔入未央宫。

曲池荷 (浮香绕曲岸) Лотосы на прудке с излучинами ("Над извилистыми берегами дивный запах кружит...")

浮香绕曲岸,圆影覆华池。

常恐秋风早,飘零君不知。

关山月 (和戎诏下十五年) Луна над горной заставой

和戎诏下十五年,将军不战空临边。

朱门沉沉按歌舞,厩马肥死弓断弦。

戍楼刁斗催落月,三十从军今白发。

笛里谁知壮士心,沙头空照征人骨。

中原干戈古亦闻,岂有逆胡传子孙。

遗民忍死望恢复,几处今宵垂泪痕。

乐游原 (向晚意不适) Лэююань ("День кончился, печаль в душе моей…")

向晚意不适,驱车登古原。

夕阳无限好,只是近黄昏。

爱莲说 (水陆草木之花) Люблю лотос ("Среди цветов на суше и в воде очень много, достойных любви...")

水陆草木之花,可爱者甚蕃。晋陶渊明独爱菊;自李唐来,世人甚爱牡丹。予独爱莲之出淤泥而不染,濯清涟而不妖,中通外直,不蔓不枝,香远益清,亭亭净植,可远观而不可亵玩焉。

予谓菊,花之隐逸者也;牡丹,花之富贵者也;莲,花之君子者也。噫!菊之爱,陶后鲜有闻,莲之爱,同予者何人?牡丹之爱,宜乎众矣。

赏花归去 (赏花归去马如飞) Любование цветами ("К былому, цветы чтоб увидеть у дома, лечу, понукая коня...")

赏花归去马如飞,去马如飞酒力微。

酒力微醒时已暮,醒时已暮赏花归。

赏花归去 (赏花归去马如飞) Любование цветами ("К былому, цветы чтоб увидеть у дома, лечу, понукая коня...")

赏花归去马如飞,去马如飞酒力微。

酒力微醒时已暮,醒时已暮赏花归。

玩花与卫象同醉 (衰鬓千茎雪) Любуюсь цветами и пьянствую с Вэй Сяном ("Состарившийся мой висок - как снег на тысяче стеблей...")

衰鬓千茎雪,他乡一树花。

今朝与君醉,忘却在长沙。

普明寺见梅 (城中忙失探梅期) Любуюсь цветами мэйхуа в храме Всепроникающего света ("Дни весеннего сбора цветов мэйхуа в городской суете забывают нередко...")

城中忙失探梅期,初见僧窗一两枝。

犹喜相看那恨晚,故应更好半开时。

今冬不雪何关事,作伴孤芳却欠伊。

月落山空正幽独,慰存无酒且新诗。

小池 (泉眼无声惜细流) Маленький пруд ("Грустное око пруда, ручья беззвучные слезы...")

泉眼无声惜细流, 树阴照水爱晴柔。

小荷才露尖尖角, 早有蜻蜓立上头。

邙山 (北邙山上列墳塋) Манский холм ("На Манском холме строго в ряд могилы древние лежат...")

北邙山上列墳塋, 萬古千秋對洛城。

城中日夕歌鐘起, 山上惟聞松柏聲。

母与子 (见到海 眼泪就流出来了) Мать и сын ("Увидел море, и слёзы из глаз потекли...")

见到海

眼泪就流出来了

我怕是海的儿子

泪水也咸咸的呀

徐步 (整履步青芜) Медленно шагаю ("Туфли надев, шагаю в поле, среди природы..")

整履步青芜,荒庭日欲晡。

芹泥随燕觜,花蕊上蜂须。

把酒从衣湿,吟诗信杖扶。

敢论才见忌,实有醉如愚。

春宫曲 (昨夜风开露井桃) Мелодия из цикла "Дворец весной" ("Прошлой ночью раскрыл цвет у персиков ветер...")

昨夜风开露井桃,未央前殿月轮高。

平阳歌舞新承宠,帘外春寒赐锦袍。

弹琴效贾岛体 (古人不可见) Мелодия цитры в духе поэзии Цзя Дао

古人不可见,古人琴可弹。

弹为古曲声,如与古人言。

琴声虽可听,琴意谁能论。

横琴置床头,当午曝背眠。

梦见一丈夫,严严古衣冠。

登床取之坐,调作南风弦。

一奏风雨来,再鼓变云烟。

鸟兽尽嘤鸣,草木亦滋蕃。

乃知太古时,未远可追还。

方彼梦中乐,心知口难传。

既觉失其人,起坐涕汍澜。

盼望 (一个海员说) Мечты ("Первый моряк промолвил: "Люблю белогривые волны...")

一个海员说,

他最喜欢的是起锚所激起的那

一片洁白的浪花……

一个海员说,

最使他高兴的是抛锚所发出的

那一阵铁链的喧哗……

一个盼望出发

一个盼望到达

李白墓 (采石江边李白坟) Могила Ли Бо

采石江边李白坟,绕田无限草连云。

可怜荒垄穷泉骨,曾有惊天动地文。

但是诗人多薄命,就中沦落不过君。

渚蘋溪草犹堪荐,大雅遗风不可闻。

航海 (人活着 像航海) Морское плаванье ("Человек, твоя жизнь...")

人活着

像航海

你的恨,你的风暴

你的爱,你的云彩

兰亭诗 (代谢鳞次 忽焉以周) Мы в павильоне орхидей ("В девятый год правления государя...")

代謝鱗次,忽焉以周。

欣此暮春,和氣載柔。

咏彼舞雩,异世同流。

迤携齊契,散懷一丘。

 

悠悠大象運,輪轉無停際。陶化非吾因,去來非吾制。

宗統竟安在,即順理自泰。有心未能悟,適足纏利害。

未若任所遇,逍遙良辰會。三春啓群品,寄暢在所因。

仰望碧天際,俯磐綠水濱。寥朗無厓觀,寓目理自陳。

大矣造化功,萬殊莫不均。群籟雖參差,適我無非新。

猗與二三子,莫匪齊所托。造真探玄根,涉世若過客。

前識非所期,虛室是我宅。遠想千載外,何必謝曩昔。

相與無相與,形骸自脫落。鑒明去塵垢,止則鄙吝生。

體之固未易,三觴解天刑。方寸無停主,矜伐將自平。

雖無絲與竹,玄泉有清聲。雖無嘯與歌,咏言有餘馨。

取樂在一朝,寄之齊千齡。合散固其常,修短定無始。

造新不暫停,一往不再起。于今爲神奇,信宿同塵滓。

誰能無此慨,散之在推理。言立同不朽,河清非所俟。

我和你 (我和你一同年轻过) Мы с тобой ("Вместе с тобой мы проходили молодость...")

我和你一同年轻过

赞赏过你的美丽和温柔

我又和你一齐老去

才钦佩你的优秀和勤劳

 

我们在贫贱中相爱

爱情照茅屋亮如夜明珠

夜明珠须风雨冲洗

风风雨雨一次也不可少

西亭春望 (日长风暖柳青青) На дворе весной смотрю вдаль ("Был долгий день, и ветер был нагретый...")

日长风暖柳青青,北雁归飞入窅冥。

岳阳城上闻吹笛,能使春心满洞庭。

拟玉台体七首 落日窗中坐 (朝闻惊禽去) На закате солнца сижу у окна ("На рассвете услышала: птицы тревожно взлетели...")

朝闻惊禽去,日暮见禽归。

瑶琴坐不理,含情复为谁。

Примечания

Напевы Яшмовой башни, Юйтай - любовная лирика. Название идёт от поэтического сборника Юйтай синьюн (玉台新咏 "Новые напевы Нефритовой башни", "Новые напевы о Яшмовой башне") , составленного Сюй Лином 徐陵 из стихов II в. до н.э. - V в. н.э.

次日醉归 (日晚颇欲归) На заходе солнца пьяный возвращаюсь домой ("Склоняется к закату солнце, давно пора идти домой...")

日晚颇欲归,主人苦见留。

我非不能饮,老病怯觥筹。

人意不可违,欲去且复休。

我醉彼自止,醉亦何足愁。

归路意昏昏,落日在岭陬。

竹里有人家,欲憩聊一投。

有叟喜我至,呼我为君侯。

告以我非是,俛笑仍掉头。

机心久已尽,犹有不平鸥。

田父亦外我,我老谁与游?

拟玉台体七首 携手曲 (落日堤上行) На мелодию "Рука об руку"

落日堤上行,独歌携手曲。

却忆携手人,处处春华绿。

Примечания

Напевы Яшмовой башни, Юйтай - любовная лирика. Название идёт от поэтического сборника Юйтай синьюн (玉台新咏 "Новые напевы Нефритовой башни", "Новые напевы о Яшмовой башне") , составленного Сюй Лином 徐陵 из стихов II в. до н.э. - V в. н.э.

苏稽镇客舍 (送客都回我独前) На постоялом дворе в Суцзичжэне

送客都回我独前,何人开此竹间轩。

滩声悲壮夜蝉咽,并入小窗供不眠。

晓出净慈寺送林子方 (毕竟西湖六月中) На рассвете выхожу из храма Чистого любвеобилия и провожаю Линь Цзыфаня ("Виды Сиху в середине шестой луны не те, что зимою...")

毕竟西湖六月中,风光不与四时同。

接天莲叶无穷碧,映日荷花别样红。

江上 (江水漾西风) На реке ("Ветер всколыхнул речную гладь…")

江水漾西风,江花脱晚红。

离情被横笛,吹过乱山东。

天童山溪上 (溪水清涟树老苍) На ручье в горах Тяньтуншань ("Морщит воду в ручье чуть заметная рябь…")

溪水清涟树老苍,行穿溪树踏春阳。

溪深树密无人处,唯有幽花渡水香。

岁晚 (月映林塘澹) На склоне лет ("Луна освещает сквозь гущу ветвей…")

月映林塘澹,风含笑语凉。

俯窥怜绿净,小立伫幽香。

携幼寻新的,扶衰坐野航。

延缘久未已,岁晚惜流光。

崔九欲往南山马上口号与别 (归山深浅去) На тему стихов Ван Вэя "Когда Цуй девятый отправлялся в южные горы, я сочинил стихи и подарил ему на прощанье ("Горы вновь посетив, посвяти все время ходьбе…")

归山深浅去,须尽丘壑美。

莫学武陵人,暂游桃源里。

希望 (梦的朋友) Надежда ("Надежда друг мечты фантазии сестра...")

梦的朋友

幻想的姊妹

原是自己的影子

却老走在你前面

像光一样无形

像风一样不安定

她和你之间

始终有距离

像窗外的飞鸟

像天上的流云

像河边的蝴蝶

既狡猾而美丽

你上去,她就飞

你不理她,她撵你

她永远陪伴你

一直到你终止呼吸

希望 (谁的心里都有个洞穴) Надежда ("У каждого в сердце есть нора...")

谁的心里都有个洞穴

希望是一只鸟

藏在这幽深的洞穴里

 

生性好飞的希望闷得慌

不停地振翼和冲撞

它有尖尖的喙

啄着颤动的心房

 

希望冲出了心灵

羽翼是血红的

它在天空飞成了一道彩虹。

1985 年 7 月

次韵郭功甫观予画雪雀有感二首 Надпись к картине с изображением сороки на покрытой снегом крыше ("В то, что нет достоянья дороже таланта…")

?平生才力信瑰奇,今在穷荒岂易归。

正似雪林枝上画,羽翰虽好不能飞。

题子瞻画竹石 Надпись к картине Цзычжаня, на которой изображены бамбук и декоративный камень ("Где ветки - там ветер; где листья - там ливень...")

风枝雨叶瘠土竹, 龙蹲虎踞苍藓石。

东坡老人翰林公,醉时吐出胸中墨。

题伯时画松下渊明 Надпись на картине Бо-ши "Поэт Юань-мин под сосною" ("За Южным бродом все мне трын-трава…")

南渡诚草草,长沙慰艰难。

终风霾八表,半夜失前山。

远公香火社,遗民文字禅。

虽非老翁事,幽尚亦可观。

松风自度曲,我琴不须弹。

客来欲开说,觞至不得言。

赠钱锺书 (你随意行走) Написал в дар Цянь Чжуншу ("Ты идёшь вольной поступью...")

你随意行走

不在意地撒一路珠子

 

一玄鸟啄衔一颗

种于太空

 

有暗香阵阵

透过云层

1989 年 4 月 27 日

除夜作 (旅馆寒灯独不眠) Написал в канун нового года ("Гостиница. Холодно. Перед свечой…")

旅馆寒灯独不眠,客心何事转悽然。

故乡今夜思千里,愁鬓明朝又一年。

归嵩山作 (清川带长薄) Написал, возвращаясь к горе Суншань ("Чистый поток оброс ивняком и травой…")

清川带长薄,车马去闲闲。

流水如有意,暮禽相与还。

荒城临古渡,落日满秋山。

迢递嵩高下,归来且闭关。

归辋川作 (谷口疏钟动) Написал, возвращаясь на реку Ванчуань ("Колокол тихий в долине слышу порой…")

谷口疏钟动,渔樵稍欲稀。

悠然远山暮,独向白云归。

菱蔓弱难定,杨花轻易飞。

东皋春草色,惆怅掩柴扉。

无字碑前小立 (我还是看到了太阳的手迹) Немного постоял перед могильным камнем без надписи ("Всё ж разглядел на нём росчерки солнца...")

我还是看到了太阳的手迹

还有风的刀痕

爬一条青虫

在读

水亭偶题 (凉榭闲拈玉笛吹) Нечаянно сочинил в беседке у пруда

凉榭闲拈玉笛吹,十年疏放负明时。

沟中木断谁曾问,空里蓬征自不知。

金井梧桐生昼寂,绿池蘋藻弄风漪。

人生行乐从来事,此理何须更细推。

 

乡愁 (小時候,乡愁是一枚小小的邮票) Ностальгия ("В детстве ностальгия была маленькой маркой...")

小時候,

乡愁是一枚小小的邮票,

我在这头,母亲在那头。

 

长大后,

乡愁是一张窄窄的船票,

我在这头,新娘在那头。

 

后来啊,

乡愁是一方矮矮的坟墓,

我在外头,母亲在里头。

 

而现在,

乡愁是一湾浅浅的海峡,

我在这头,大陆在那头。

宿义林院 (暝气昏如雨) Ночую в храме Илиньюань

暝气昏如雨,禅房冷似冰。

竹间东岭月,松杪上方灯。

惊鹘盘金刹,流萤拂玉绳。

明朝穷脚力,连夜斩崖藤。

夜直 (金炉香尽漏声残) Ночь ("В золотом очаге сгорая, благоухает свеча…")

金炉香尽漏声残,剪剪轻风阵阵寒。

春色恼人眠不得,月移花影上栏干。

夜 (在那个不寻常的不幸的漫长的岁月里) Ночь ("В те небывало несчастные, долгие годы...")

在那个不寻常的不幸的漫长的岁月里

像每次放假来到城市里

我喜欢走夜路

我走过那非常熟悉的窗前

在那旁边悄悄立了一会儿

当我听到那些我很爱听的儿童们的欢叫声

我知道他们没有忧愁

我就愉快地走过去

我让那窗内散射出的红色灯光

给我以温暖

于是,我继续向黑暗走去

夜 (关死门窗 觉得黑暗不会再进来) Ночь ("Затворил плотно дверь и окно...")

关死门窗

觉得黑暗不会再进来

 

我点起了灯

 

但黑暗是一群狼

还伏在我的门口

 

听见有千万只爪子

不停地撕裂着我的窗户

 

灯在颤抖

在不安的灯光下我写诗

 

诗不颤抖!

1997 年 1 月

夜 (露下天高秋水清) Ночью ("Роса опадает, и небо высоко, осенние воды чисты…")

露下天高秋水清,空山独夜旅魂惊。

疏灯自照孤帆宿,新月犹悬双杵鸣。

南菊再逢人卧病,北书不至雁无情。

步蟾倚杖看牛斗,银汉遥应接凤城。

夜雨寄北 (君問歸期未有期) Ночью в дождь посылаю на север ("Ты спросишь меня о сроке возврата…")

君問歸期未有期,

巴山夜雨漲秋池。

何當共剪西窗燭,

卻話巴山夜雨時。

夜送趙縱 (趙氏連城璧) Ночью провожаю Чжао Цзуна ("За прекрасную гемму правителей Чжао предлагали пятнадцать больших городов...")

趙氏連城璧,由來天下傳。

送君還舊府,明月滿前川。

新凉夜坐 (吏退焚香百虑空) Ночью сижу в наступившей прохладе

吏退焚香百虑空,静闻虫响度帘栊。

江头一尺稻花雨,窗外三更蕉叶风。

日日老添明镜里,家家凉入短檠中。

简编灯火平生事,雪白眵昏奈此翁。

上邪 (上邪 我欲与君相知) О Небо! ("О небо! Я хочу любимого найти…")

上邪。我欲与君相知。

长命无绝衰。山无陵。

江水为竭。冬雷震震夏雨雪。

天地合。乃敢与君绝。

洗儿诗 (人皆养子望聪明) О сыновьях ("Всяк хочет умных вырастить детей…")

人皆养子望聪明,我被聪明误一生。

惟愿孩儿愚且鲁,无灾无难到公卿。

雨中送客有感 (不知春向雨中回) О чувствах, которые испытывал, в дождь провожая гостя ("Не ведаю, стремится ли к дождю весна, суля вернуться в добрый час...")

不知春向雨中回,只道春光未苦来。

老子今晨偶然出,李花全落 郑花开。

安庆府 (风雨宜城路) Область Аньцинфу

风雨宜城路,重来白发新。

长江还有险,中国自无人。

枭獍蕃遗育,鳣鲸蛰怒鳞。

泊船休上岸,不忍见遗民。

秋夜独坐 (独坐悲双鬓) Одиноко сижу осенней ночью ("Одиноко сижу и грущу о своей седине…")

独坐悲双鬓,空堂欲二更。

雨中山果落,灯下草虫鸣。

白发终难变,黄金不可成。

欲知除老病,唯有学无生。

但切不要悲伤 (骚乱的白天过去了) Однако не стоит печалиться ("Мятежный день прошёл...")

骚乱的白天过去了

你的心在流血

但切不要悲伤

 

禁不住泪如泉涌吧

又何妨到野外大哭一场

但切不要悲伤

 

流血的心是有生命的

像那棵被锯断的老树根一样

但且不要悲伤……

 

明天照样出太阳

田野里照样有花香

所以切不要悲伤

冬天的池沼 (冬天的池沼) Озеро зимой ("Одиноко озеро зимой, как в кручине сердце старика...")

——给WI

冬天的池沼,

寂寞得像老人的心——

饱历了人世的辛酸的心;

冬天的池沼,

枯干得像老人的眼——

被劳苦磨失了光辉的眼;

冬天的池沼,

荒芜得像老人的发——

像霜草般稀疏而又灰白的发;

冬天的池沼,

阴郁得像一个悲哀的老人——

佝偻在阴郁的天幕下的老人。

哭殷遥 (人生能几何) Оплакиваю Инь Яо ("Жизни людской сколько назначено лет?")

人生能几何,毕竟归无形。

念君等为死,万事伤人情。

慈母未及葬,一女才十龄。

泱漭寒郊外,萧条闻哭声。

浮云为苍茫,飞鸟不能鸣。

行人何寂寞,白日自凄清。

忆昔君在时,问我学无生。

劝君苦不早,令君无所成。

故人各有赠,又不及生平。

负尔非一途,恸哭返柴荆。

哭孟寂 (曲江院里题名处) Оплакиваю Мынцзи ("В этом тихом Цюйцзянском храме, где записаны имена...")

曲江院里题名处,十九人中最少年。

今日春光君不见,杏花零落寺门前。

秋怀 (节物岂不好) Осеннее беспокойство

节物岂不好,秋怀何黯然。

西风酒旗市,细雨菊花天。

感事悲双鬓,包羞食万钱。

鹿车终自驾,归去颍东田。

霜风 (十月霜风吼屋边) Осенний ветер

十月霜风吼屋边,布裘未办一铢绵。

岂惟饥索邻僧米,真是寒无坐客毡。

身老啸歌悲永夜,家贫撑拄过凶年。

丈夫经此宁非福,破涕灯前一粲然。

秋朝覽鏡 (客心驚落木) Осенним утром взглянул в зеркало ("Листьев паденье пугает путника душу…")

客心驚落木,

夜坐聽秋風。

朝日看容鬢,

生涯在鏡中。

颜桥道中 (村村篱落总新修) Осенью на дороге у моста Яньцяо

村村篱落总新修,处处田畴尽有秋。

一段农家好风景,稻堆高出屋山头。

回答 (卑鄙是卑鄙者的通行证) Ответ ("Ничтожность суть ничтожным пропуск…")

卑鄙是卑鄙者的通行证,

高尚是高尚者的墓志铭,

看吧,在那镀金的天空中,

飘满了死者弯曲的倒影。

 

冰川纪过去了,

为什么到处都是冰凌?

好望角发现了,

为什么死海里千帆相竞?

 

我来到这个世界上,

只带着纸、绳索和身影,

为了在审判之前,

宣读那些被判决的声音。

 

告诉你吧,世界

我--不--相--信!

纵使你脚下有一千名挑战者,

那就把我算作第一千零一名。

 

我不相信天是蓝的,

我不相信雷的回声,

我不相信梦是假的,

我不相信死无报应。

 

如果海洋注定要决堤,

就让所有的苦水都注入我心中,

如果陆地注定要上升,

就让人类重新选择生存的峰顶。

 

新的转机和闪闪星斗,

正在缀满没有遮拦的天空。

那是五千年的象形文字,

那是未来人们凝视的眼睛。

荅裴迪 (淼淼寒流广) Отвечаю Пэй Ди ("Безбрежен поток холодной речной воды…")

淼淼寒流广,苍苍秋雨晦。

君问终南山,心知白云外。

荅张五弟 (终南有茅屋) Отвечаю Чжану, Пятому брату ("В Чжуннаньских горах есть крытый соломою домик…")

终南有茅屋,前对终南山。

终年无客常闭关,终日无心长自闲。

不妨饮酒复垂钓,君但能来相往还。

酬张少府 (晚年唯好静) Отвечаю чиновнику Чжану ("Только покой ценю на закате дней…")

晚年唯好静,万事不关心。

自顾无长策,空知返旧林。

松风吹解带,山月照弹琴。

君问穷通理,渔歌入浦深。

竹下 (松杉晨气清) Отдыхаю в тени

松杉晨气清,桑柘暑阴薄。

稻穗黄欲卧,槿花红未落。

秋莺尚娇姹,晚蝶成飘泊。

犬騃逐车马,鸡惊扑篱落。

道逢行商问,平生几芒屩。

赪肩走四方,为口不计脚。

劣能濡箪瓢,何敢议囊橐。

我亦縻斗升,三年去丘壑。

二俱亡羊耳,未用苦商略。

北征 (世故信有力) Отправляюсь на север ("Вечно жизнь течет, смертного казня; вновь она влечет к северу меня...")

世故信有力,挽我復北馳。

獨沖七月暑,行此無盡陂。

百卉共山澤,各自有四時。

華實相後先,盛過當同衰。

亦復觀我生,白髮忽及期。

夕雲已不征,客子今何之。

願傳飛仙術,一洗侷促悲,

被襟閬風觀,濯發扶桑池。

观猎 (风劲角弓鸣) Охота ("Звучней при ветре рог и тетива...")

风劲角弓鸣,将军猎渭城。

草枯鹰眼疾,雪尽马蹄轻。

忽过新丰市,还归细柳营。

回看射雕处,千里暮云平。

西岩翠屏阁 (把酒孤亭半日留) Павильон Цуйпингэ

把酒孤亭半日留,西岩独擅鹤山秋。

也知绝境终难赋,且喜闲身得纵游。

鹘起危巢时磔磔,鹿鸣深涧暮呦呦。

人生适意方为乐,甲第朱门秖自囚。

给牧童 (亲爱的牧童) Пастушонку ("Дорогой пастушонок...")

亲爱的牧童

是你用短笛吹散了云雾

是你用短笛吹亮了金色的早晨

是你用短笛吹绿了田野

是你用短笛召唤了迷途的羔羊

是你用短笛唤回了我的童心

1983

眼儿媚 妓 (烟花丛里不宜他) Певичка

烟花丛里不宜他。

绝似好人家。

淡妆娇面,轻注朱唇,一朵梅花。

 

相逢比著年时节,顾意又争些。

来朝去也,莫因别个,忘了人咱。

(Мелодия "眼儿媚")

生查子 元夕 (去年元夜时) Первая ночь весны ("Вся ночь новогодняя в прошлом году...")

去年元夜时,花市灯如昼。

月上柳梢头,人约黄昏后。

今年元夜时,月与灯依旧。

不见去年人,泪湿春衫袖。

 

(Мелодия "生查子")

立秋后题 (日月不相饶) Первый день осени ("Луна - как и солнце: она остановки не знает….")

日月不相饶,节序昨夜隔。

玄蝉无停号,秋燕已如客。

平生独往愿,惆怅年半百。

罢官亦由人,何事拘形役。

对镜有感 (因居客舍大) Перед зеркалом ("Большая комната – как гостье, в знак почёта...")

因居客舍大,百感动心间。

两鬓生白发,难明长夜天。

渡桑乾 (客舍幷州已十霜) Переправа через р. Сангань ("Десять раз спускался иней с той поры, как в Пине я живу...")

客舍幷州已十霜,歸心日夜憶咸陽。

無端更渡桑乾水,卻望幷州是故鄉。

渡湘江 (迟日园林悲昔游) Переправляюсь через реку Сян ("Уж солнцу в роще пора склониться, а я о прошлом исполнен грусти...")

迟日园林悲昔游,今春花鸟作边愁。

独怜京国人南窜,不似湘江水北流。

渡漢江 (嶺外音書斷) Переправляюсь через реку Хань ("Все вести из земли родной прервались за горами…")

嶺外音書斷,經冬復歷春。

近鄉情更怯,不敢問來人。

渡江 (江南非不好) Переправляюсь через Янцзы ("К югу от Янцзы виды хороши, но так долго жил я в чужой стране...")

江南非不好,楚客自生哀。

摇檝天平渡,迎人树欲来。

雨余吴岫立,日照海门开。

虽异中原险,方隅亦壮哉。

羽毛 (冬天 黄昏 窄细的小巷里) Пёрышко ("Зимою, в сумерках в узком переулке...")

冬天,黄昏

窄细的小巷里

 

我的面前

一片棕色的羽毛

在飕飕的冷风中

梦幻般飞旋,活泼泼地

 

它越过一堵斑驳的泥墙

从枣树尖顶飞过

像鸟一样昂起头

升向灰灰的天空

 

我相信:它是一片

鹰的羽毛

1975 年冬

赠徐中书望终南山歌 (晚下兮紫微) Песнь взирающего вдаль на Чжуннаньские горы ("Выходишь ты вниз, вниз из сената, и видишь: настало уже время заката...")

晚下兮紫微,怅尘事兮多违。

驻马兮双树,望青山兮不归。

一日归行 (贱贫奔走食与衣) Песня о возвращении домой на закате жизни после ухода со службы

贱贫奔走食与衣,百日奔走一日归。

平生欢意苦不尽,正欲老大相因依。

空房萧瑟施繐帷,青灯半夜哭声稀。

音容想像今何处,地下相逢果是非。

催租行 (输租得钞官更催) Песня о том, как заставляют платить налог

输租得钞官更催,踉蹡里正敲门来。

手持文书杂嗔喜,我亦来营醉归耳。

床头悭囊大如拳,扑破正有三百钱。

不堪与君成一醉,聊复偿君草鞋费。

下山歌 (下嵩山兮多所思) Песня при спуске с горы ("Вот, спускаюсь с Сунской горы, думаю много о чем...")

下嵩山兮多所思,携佳人兮步迟迟。

松间明月长如此,君再游兮复何时。

智慧之歌 (我已走到了幻想底尽头) Песня разуму ("Я уже достиг конца иллюзий...")

我已走到了幻想底尽头,

这是一片落叶飘零的树林,

每一片叶子标记着一种欢喜,

现在都枯黄地堆积在内心。

 

有一种欢喜是青春的爱情,

那时遥远天边的灿烂的流星,

有的不知去向,永远消逝了,

有的落在脚前,冰冷而僵硬。

 

另一种欢喜是喧腾的友谊,

茂盛的花不知道还有秋季,

社会的格局代替了血的沸腾,

生活的冷风把热情铸为实际。

 

另一种欢喜是迷人的理想,

他使我在荆棘之途走得够远,

为理想而痛苦并不可怕,

可怕的是看它终于成笑谈。

 

只有痛苦还在,它是日常生活

每天在惩罚自己过去的傲慢,

那绚烂的天空都受到谴责,

还有什么彩色留在这片荒原?

 

但唯有一棵智慧之树不凋,

我知道它以我的苦汁为营养,

它的碧绿是对我无情的嘲弄,

我咒诅它每一片叶的滋长。

1976 年 3 月

甲寅二月十八日牡丹初发 (排日上牙牌) Пион ("На костяной дощечке день за днем веду я запись...")

排日上牙牌,记花先后开。

看花不子细,过了却重回。

寄黄几复 Письмо к Хуан Цзифу ("У моря я - но север предо мной...")

我居北海君南海,寄雁传书谢不能。

桃李春风一杯酒,江湖夜雨十年灯。

持家但有四立壁,治病不蕲三折肱。

想得读书头已白,隔溪猿哭瘴溪藤。

积雨辋川庄作 (积雨空林烟火迟) Пишу в деревне у реки Ванчуань во время долгих дождей ("В чаще глухой в пору дождей…")

积雨空林烟火迟,蒸藜炊黍饷东菑。

漠漠水田飞白鹭,阴阴夏木啭黄鹂。

山中习静观朝槿,松下清斋折露葵。

野老与人争席罢,海鸥何事更相疑。

半山春晚即事 (春风取花去) Пишу в конце весны у горы Баньшань ("Ветер весенний куда-то уносит цветы…")

春风取花去,酬我以清阴。

翳翳陂路静,交交园屋深。

床敷每小息,杖屦或幽寻。

惟有北山鸟,经过遗好音。

春中田园作 (屋上春鸠鸣) Пишу в разгар весны, среди полей и садов ("В доме внемлю: воркуют весной голубки…")

屋上春鸠鸣,村边杏花白。

持斧伐远扬,荷锄觇泉脉。

归燕识故巢,旧人看新历。

临觞忽不御,惆怅远行客。

早秋山中 (无才不敢累明时) Пишу ранней осенью в горах ("Лишен дарований. От службы себя отстранил…")

无才不敢累明时,思向东溪守故篱。

岂厌尚平婚嫁早,却嫌陶令去官迟。

草间蛩响临秋急,山里蝉声薄暮悲。

寂寞柴门人不到,空林独与白云期。

书事 (轻阴阁小雨) Пишу с натуры ("Дождь моросит на хмурой заре…")

轻阴阁小雨,深院昼慵开。

坐看苍苔色,欲上人衣来。

次韵尹潜感怀 (胡儿又看绕淮春) Пишу тревожные строки в рифму Инь Цяню ("Племена иноземцев вокруг Хуайхэ радуются весне...")

胡儿又看绕淮春,叹息犹为国有人。

可使翠华周宇县,谁持白羽静风尘。

五年天地无穷事,万里江湖见在身。

共说金陵龙虎气,放臣迷路感烟津。

八阵图 (功盖三分国) План восьми расположений ("Покрыл заслугами своими Чжугэ Лян страну из трех владений...")

功盖三分国,名成八阵图。

江流石不转,遗恨失吞吴。

河舟晚饮呈陈说道 Плыву по реке в лодке. Выпив вина, излагаю свои мысли о мудрости бытия ("При западном ветре все листья опали...")

西风脱叶静林柯,浅水扁舟阁半河。

落日游鱼穿镜面,中秋明月涨金波。

由来白发生无种,岂似青山保不磨。

胜事只愁樽酒尽,莫言争奈醉人何。

剑门道中遇微雨 (衣上征尘杂酒痕) По дороге к заставе Цзяньмэнь попал под мелкий дождь ("Одежда в пятнах винных и в пыли...")

衣上征尘杂酒痕,远游无处不消魂。

此身合是诗人未,细雨骑驴入剑门。

香积寺路上 (蓦地有天竺之香袭来) По дороге к Храму сгущения ароматов ("Накатили внезапно волны...")

蓦地有天竺之香袭来

白云中游数尾木鱼

登云龙山 (醉中走上黄茅冈) Поднимаюсь на гору Заоблачного дракона ("Пьяный, лезу по склону, в желтых травах плетусь еле-еле...")

醉中走上黄茅冈,

满冈乱石如群羊。

冈头醉倒石作床,

仰看白云天茫茫。

歌声落谷秋风长,

路人举首东南望,

拍手大笑使君狂。

登古邺城 [Дэн гу Ечэн](下马登邺城) Поднимаюсь на стену древнего Е ("Слезаю с коня и на стену Е восхожу, пустынна стена…")

下马登邺城,城空复何见。

东风吹野火,暮入飞云殿。

城隅南对望陵台,漳水东流不复回。

武帝宫中人去尽,年年春色为谁来。

登高 (风急天高猿啸哀) Поднявшись на высоту ("Стремителен ветер, и небо высоко…")

风急天高猿啸哀,渚清沙白鸟飞回。

无边落木萧萧下,不尽长江衮衮来。

万里悲秋常作客,百年多病独登台。

艰难苦恨繁霜鬓,潦倒新停浊酒杯。

登辨觉寺 (竹径从初地) Поднялся во храм "Исполненного Прозрения" ("Здесь, по "Земле Начальной" вьется кверху тропинка в бамбуках...")

竹径从初地,莲峰出化城。

窗中三楚尽,林上九江平。

软草承趺坐,长松响梵声。

空居法云外,观世得无生。

登飞来峰 (飞来山上千寻塔) Поднялся на горную вершину Фэйлайфэн

飞来山上千寻塔,闻说鸡鸣见日升。

不畏浮云遮望眼,自缘身在最高层。

题花光画 Подпись к картине "Цветы излучают свет" ("В Хубэе всю землю заполнили горы...")

湖北山无地,湖南水彻天。

云沙真富贵,翰墨小神仙。

一个黑人姑娘在歌唱 (一个黑人姑娘在歌唱) Поет негритянская девушка ("Идет негритянка, согнувшись слегка...")

在那楼梯的边上,

有一个黑人姑娘,

她长得十分美丽,

一边走一边歌唱……

她心里有什么欢乐?

她唱的可是情歌?

她抱着一个婴儿,

唱的是催眠的歌。

这不是她的儿子,

也不是她的弟弟;

这是她的小主人,

她给人看管孩子;

一个是那样黑,

黑得象紫檀木;

一个是那样白,

白得象棉絮;

一个多么舒服,

却在不住地哭;

一个多么可怜,

却要唱欢乐的歌。

祝英台近 晚春 (宝钗分 桃叶渡) Поздняя весна

宝钗分,桃叶渡,烟柳暗南浦。

怕上层楼,十日九风雨。

断肠片片飞红,都无人管,倩谁唤流莺声住?

 

鬓边觑,试把花卜归期,才簪又重数。

罗帐灯昏,哽咽梦中语:是他春带愁来,春归何处?

却不解带将愁去?

(Мелодия "祝英台近")

拜新月 (开帘见新月) Поклоняюсь молодому месяцу ("Я штору свернула, и тотчас на новый я месяц взглянула...")

开帘见新月,便即下阶拜。

细语人不闻,北风吹裙带。

七夕 (云阶月地一相过) Полнолуние в середине осени ("Шар яшмовый луны открыли облака...")

云阶月地一相过,未抵经年别恨多。

最恨明朝洗车雨,不教回脚渡天河。

次韵和甫咏雪 (奔走风云四面来) Пользуясь рифмами Хэфу, воспеваю снег

奔走风云四面来,坐看山垄玉崔嵬。

平治险秽非无德,润泽焦枯是有才。

势合便疑包地尽,功成终欲放春回。

寒乡不念丰年瑞,只忆青天万里开。

淇上田园即事 (屏居淇水上) Поля и сады на реке Ци ("Над плёсом Цишуя в благой живу тишине…")

屏居淇水上,东野旷无山。

日隐桑柘外,河明闾井间。

牧童望村去,猎犬随人还。

静者亦何事,荆扉乘昼关。

寄西峰僧 (松暗水涓涓) Посвящаю монаху с Закатного холма ("Роща сосен темна, И журчит-журчит ручеек...")

松暗水涓涓,夜凉人未眠。

西峰月犹在,遥忆草堂前。

致方曦 (高楼举目望) Посвящено Фан Си ("Я с башни вглядываюсь в даль: ах, как здесь высоко!...")

高楼举目望,咫尺天涯间。

百唤无一应,谁知离恨多。

访贝多芬故居,波恩 (踏着咯吱咯吱的地板) Посещение музея Бетховена в Бонне ("Поднявшись по скрипящим ступням...")

踏着咯吱咯吱的地板,

走进一间坡顶的小阁楼,

就会听见一阵婴儿的啼哭——

那啼哭是恼怒的,

它在以生命抗议

光太暗,

空间太小,

周围太嘈杂。

于是它饱含着热泪

在室内回旋,回旋……

穿过一座古旧低哑的小钢琴,

变成一个个音符,一阕阕乐章

冲出了窗口,向四方飞翔;

飞到花园,教玫瑰低头,

飞到街头,教马车停步,

飞到维也纳,教绅士淑女惶惑,

飞到世界的各个角落

教一切受难的心得到抚慰……

但它的最后一个音符

仍然是恼怒,仍然是抗议

光太暗,

空间太小,

周围太嘈杂。

寄友人 (飘然羁旅尚无涯) Послание другу

飘然羁旅尚无涯,一望西南百叹嗟。

江拥涕洟流入海,风吹魂梦去还家。

平生积惨应销骨,今日殊乡又见花。

安得此身如草树,根株相守尽年华。

重阳后半月天气温丽忽变奇寒晦日大雪乡人御冬之计多未办 (狂飙吹小春) После праздника Чунъян...

狂飙吹小春,刮面剧剑铓。

云气泼浓墨,午窗变曛黄。

六花大如掌,浩荡来无乡。

青女正熟睡,不记行新霜。

寒暑故密移,滕巽乃尔狂。

南邻炭未买,北邻绵未装。

敢论酒价涌,束薪逾桂芳。

岂不解蚤计,善舞须袖长。

频年田薄收,十家九空囊。

被冻知不免,但恨太匆忙。

今朝复何朝,晴色挂屋梁。

人物各解严,儿童笑相将。

熙如谷黍温,免作沟木僵。

两邻报无恙,为汝歌慨慷。

拟玉台体七首 别后 (连环结连带) После расставания

连环结连带,赠君情不忘。

暂别莫言易,一夕九回肠。

Примечания

Напевы Яшмовой башни, Юйтай - любовная лирика. Название идёт от поэтического сборника Юйтай синьюн (玉台新咏 "Новые напевы Нефритовой башни", "Новые напевы о Яшмовой башне") , составленного Сюй Лином 徐陵 из стихов II в. до н.э. - V в. н.э.

清远店 (女僮流汗逐毡軿) Постоялый двор Цинъюаньдянь

女僮流汗逐毡軿,云在淮乡有父兄。

屠婢杀奴官不问,大书黥面罚犹轻。

示长安君 (少年离别意非轻) Посылаю госпоже Чанъаньцзюнь

少年离别意非轻,老去相逢亦怆情。

草草杯盘供笑语,昏昏灯火话平生。

自怜湖海三年隔,又作尘沙万里行。

欲问后期何日是,寄书应见雁南征。

诗 (诗不是酒 供你醉生梦死) Поэзия ("Поэзия – не водка, чтобы с ней...")

诗不是酒

供你醉生梦死

 

诗是水

润泽生命

 

诗是火

沸腾血液

 

诗是星星

敌视黑暗

 

诗是赤心

呼唤光明

 

诗是花

美化人生

 

1982年 5月

诗人 (有奴隶诗人) Поэт ("Есть поэт – раб...")

有奴隶诗人

他唱苦难的秘密

他用歌叹息

他的诗是荆棘

不能插在花瓶里

 

有战士诗人

他唱真理的胜利

他用歌射击

他的诗是血液

不能倒在酒杯里

明妃曲和王介甫作 (胡人以鞍马为家) Пою о красавице Мин-фэй

胡人以鞍马为家,射猎为俗。

泉甘草美无常处,鸟惊兽骇争驰逐。

谁将汉女嫁胡儿,风沙无情貌如玉。

身行不遇中国人,马上自作思归曲。

推手为琵却手琶,胡人共听亦咨嗟。

玉颜流落死天涯,琵琶却传来汉家。

汉宫争按新声谱,遗恨已深声更苦。

纤纤女手生洞房,学得琵琶不下堂。

不识黄云出塞路,岂知此声能断肠。

招山僧 (能入城中乞食否) Приглашаю монаха, живущего в горах ("В столицу не можешь ли ты прийти пищу просить, монах?...")

能入城中乞食否,莫辞尘土污袈裟。

欲知住处东城下,绕竹泉声是白家。

归属 (不必回顾) Пристанище ("Не надо оглядываться назад...")

不必回顾

不管走了多少路

不用知道从哪儿来

但须记住到哪儿去

要以长江为榜样:

虽起源于一条清浅的小溪

却以大海的浩荡为归属

2007

尋隱者不遇 (松下問童子) Пришел к отшельнику, но не застал его ("Я спросил ученика, придя в обитель...")

松下問童子,言師採藥去。

只在此山中,雲深不知處。

送王介甫知毗陵 (吴牛常畏热) Провожаю Ван Цзефу, уезжающего на должность правителя округа Пилин ("Для буйволов в землях княжества У невыносима жара...")

吴牛常畏热,吴田常畏枯。

有树不荫犊,有水不滋䅳。

孰知事春农,但知急秋租。

太守追县官,堂上怒奋须。

县官促里长,堂下鞭扑俱。

不体天子仁,不恤黔首逋。

借问彼为政,一一何所殊。

今君请郡去,预喜民将苏。

每观二千石,结束辞国都。

丝鞯加锦缘,银勒以金涂。

兵吏拥后队,剑挝盛前驱。

君又不若此,革辔障泥乌。

款行问风俗,低意骑更驽。

下情靡不达,略细举其粗。

曾肯为众异,亦罔为世趋。

学诗闻已熟,爱棠理岂无。

送王司直 (西塞云山远) Провожаю Вана, смотрителя дворцов ("Там - на западе - стена: горы в облаках далеко...")

西塞云山远,东风道路长。

人心胜潮水,相送过浔阳。

送二兄入蜀 (关山客子路) Провожаю второго старшего брата, уезжающего в Шу ("С заставами горы ждут путника на дорогах…")

关山客子路,花柳帝王城。

此中一分手,相顾怜无声。

送司馬道士遊天台 (羽客笙歌此地違) Провожаю даоса Сыма Чэн-чжэна, уезжающего на гору Тяньтай ("Путник пернатый, с флейтой певучей летя, удаляется с этой земли...")

羽客笙歌此地違,離筵數處白雲飛。

蓬萊闕下長相憶,桐柏山頭去不歸。

送春辞 (日日人空老) Провожая весну ("Мы дряхлей, что ни день…")

日日人空老,年年春更归。

相欢在尊酒,不用惜花飞。

山行 (远上寒山石径斜) Прогулка в горах ("По горной тропе подымаюсь…")

远上寒山石径斜,白云生处有人家。

停车坐爱枫林晚,霜叶红于二月花。

出郊 (川原一片绿交君) Прогулка за город

川原一片绿交加,深树冥冥不见花。

风日有情无处著,初回光景到桑麻。

襄邑道中 (飞花两岸照船红) Проплывая в столицу через уезд Сянъи ("Залита корма зарей карминной; берега цветами пламенеют...")

飞花两岸照船红,百里榆堤半日风。

卧看满天云不动,不知云与我俱东。

过淮河宿阚石有感 (北征垂半年) Проплывая по реке Хуай

北征垂半年,依依只南土。

今晨渡淮河,始觉非故宇。

江乡已无家,三年一羁旅。

龙翔在何方,乃我妻子所。

昔也无柰何,忽已置念虑。

今行日已近,使我泪如雨。

我为纲常谋,有身不得顾。

妻兮莫望夫,子兮莫望父。

天长与地久,此恨极千古。

来生业缘在,骨肉当如故。

过感化寺昙兴上人山院 (暮持筇竹杖) Проходя мимо хижины монаха Тан Синя у обители Ганьхуа ("День догорает... С посохом в руке...")

暮持筇竹杖,相待虎溪头。

催客闻山响,归房逐水流。

野花丛发好,谷鸟一声幽。

夜坐空林寂,松风直似秋。

過鄭山人所居 (寂寂孤鶯啼杏園) Прохожу мимо обители отшельника Чжэна ("Тишь. Из рощи абрикосов долетает голос иволги-сироты...")

寂寂孤鶯啼杏園,寥寥一犬吠桃源。

落花芳草無尋處,萬壑千峯獨閉門。

昨夜 (昨夜星辰人倚楼) Прошлою ночью ("Прошлою ночью, к стене прислонясь, на звёздный смотрел небосвод...")

昨夜星辰人倚楼,

中原咫尺山河浮。

沈沈万绿寂不语,

梨华一枝红小秋。

送别 (长亭外 古道边) Прощальная песня ("Там, где прощались на древнем пути, трав бирюза до небес...")

长亭外,古道边, 

芳草碧连天。 

晚风拂柳笛声残, 

夕阳山外山。 

天之涯,地之角, 

知交半零落。

一壶浊酒尽余欢, 

今宵别梦寒。

送别 (山中相送罢) Прощание ("С другом простился. Пустынные горы вокруг…")

山中相送罢,日暮掩柴扉。

春草明年绿,王孙归不归。

送别 (下马饮君酒) Прощание ("Спешьтесь, прошу, выпьем вина, господин!...")

下马饮君酒,问君何所之。

君言不得意,归卧南山陲。

但去莫复问,白云无尽时。

别辋川别业 (依迟动车马) Прощаюсь с ванчуаньским домом ("Медленно тащит лошадь повозку мою…")

依迟动车马,惆怅出松萝。

忍别青山去,其如绿水何。

别滁 (花光浓烂柳轻明) Прощаюсь с уездом Чу

花光浓烂柳轻明,酌酒花前送我行。

我亦且如常日醉,莫教弦管作离声。

留卢秦卿 (知有前期在) Прощаюсь с Цинь Цином ("Хоть знаем, что еще со мной Вы встретитесь, наверно, друг...")

知有前期在,难分此夜中。

无将故人酒,不及石尤风。

送岑著作 (懒者常似静) Прощаюсь с Цэнь Чжу ("С невозмутимым мудрецом лентяй порой имеет сходство...")

懒者常似静,静岂懒者徒。

拙则近于直,而直岂拙欤。

夫子静且直,雍容时卷舒。

嗟我复何为,相得欢有余。

我本不违世,而世与我殊。

拙于林间鸠,懒于冰底鱼。

人皆笑其狂,子独怜其愚。

直者有时信,静者不终居。

而我懒拙病,不受砭药除。

临行怪酒薄,已与别泪俱。

后会岂无时,遂恐出处疏。

惟应故山梦,随子到吾庐。

荷池 (风雨秋池上) Пруд в лотосах ("Осенний дождь пролился над прудом…")

风雨秋池上,高荷盖水繁。

未谙鸣摵摵,那似卷翻翻。

唐郎中宅与诸公同饮酒看牡丹 (今日花前饮) Пью вино и смотрю на "Мудань" ("Вновь сегодня, после многих дней я пред цветами одиноко пью...")

今日花前饮,甘心醉数杯。

但愁花有语,不为老人开。

喜雨 (大雨虽霶霈) Радуюсь дождю

大雨虽霶霈,隔辙分晴阴。

小雨散浸淫,为润广且深。

浸淫苟不止,利泽何穷已。

无言雨大小,小雨农尤喜。

宿麦已登实,新禾未抽秧。

及时一日雨,终岁饱丰穰。

夜响流霢霂,晨晖霁苍凉。

川原净如洗,草木自生光。

童稚喜瓜芋,耕夫望陂塘。

谁云田家苦,此乐殊未央。

雨晴 (天缺西南江面清) Разведрилось после дождя ("На юго-западе синева; разведрилось вдалеке…")

天缺西南江面清,纖雲不動小灘橫。

牆頭語鵲衣猶溼,樓外殘雷氣未平。

盡取微涼供穩睡,急搜奇句報新晴。

今宵絕勝無人共,臥看星河盡意明。

零陵早春 (问春从此去) Ранняя весна в Линлине ("Спрошу весну о том, когда она…")

问春从此去,几日到秦原?

凭寄还乡梦,殷勤入故园。

于易水送人 (此地别燕丹) Расставание на р. И ("Расставшись с Яньским Данем тут, великий муж был тверд и крут...")

此地别燕丹,壮士发冲冠 。

昔时人已没,今日水犹寒。

送别 (杨柳东风树) Расставанье ("Аллеи тополей и ив, где ветерок восточный пробежал...")

杨柳东风树,青青夹御河。

近来攀折苦,应为别离多。

古別離 (欲別牽郎衣) Расставанье. Древний мотив. ("Вот-вот уж ты меня покинешь...")

欲別牽郎衣,郞今到何處?

不恨歸來遲,莫向臨邛去。

別輞川別業 (山月曉仍在) Расстаюсь с Ванчуаньской усадьбой ("Солнце село. Дальше, выше стал массив горы…")

山月曉仍在,林風涼不絕。

殷勤如有情,惆悵令人別。

别柳枝 (两枝杨柳小楼中) Расстаюсь с ивовыми ветками ("Ивы плакучей две ветви росли в домике рядом со мной...")

两枝杨柳小楼中,袅袅多年伴醉翁。

明日放归归去后,世间应不要春风。

拟玉台体七首 领边绣 (双鸳刺绣领) Расшитый воротник

双鸳刺绣领,粲烂五文章。

暂近已复远,犹持歌扇障。

Примечания

Напевы Яшмовой башни, Юйтай - любовная лирика. Название идёт от поэтического сборника Юйтай синьюн (玉台新咏 "Новые напевы Нефритовой башни", "Новые напевы о Яшмовой башне") , составленного Сюй Лином 徐陵 из стихов II в. до н.э. - V в. н.э.

扬子江 (几日随风北海游) Река Янцзы

几日随风北海游,回从扬子大江头。

臣心一片磁针石,不指南方不肯休。

扬子江 (扬子江啊) Река Янцзы ("О, река Янцзы!..")

扬子江啊,

你又浑黄了。

浑黄了,何日再澄清?

 

扬子江啊,

我要同鲫鱼一起

用脚当鳍跟着

你的潮水跑。

 

扬子江啊,

快点,快点

流到海。

幽谷泉 (踏石弄泉流) Ручей, бегущий из темного ущелья

踏石弄泉流,寻源入幽谷。

泉傍野人家,四面深篁竹。

溉稻满春畴,鸣渠绕茅屋。

生长饮泉甘,荫泉栽美木。

潺湲无春冬,日夜响山曲。

自言今白首,未惯逢朱毂。

顾我应可怪,每来听不足。

鱼 (湖上移鱼子) Рыбки ("В бассейне рыбки красные резвятся...")

湖上移鱼子,初生不畏人。

自从识钩饵,欲见更无因。

正月十二日自房州遇虏至奔入南山十五日抵谷张家 (久谓事当尔) С того момента, как двенадцатого числа первого месяца в Фанчжоу встретил иноземные войска, и до того, как бежать в Южные горы, пятнадцатого числа добрался до дома Чжана в деревне Хуэйгу ("Говорили мне давным-давно, что в грядущем быть большой войне...")

久谓事当尔,岂意身及之。

避虏连三年,行半天四维。

我非洛豪士,不畏穷谷饥。

但恨平生意,轻了少陵诗。

今年奔房州,铁马背后驰。

造物亦恶剧,脱命赵毫厘。

南山四程云,布袜傲险巇。

篱间老炙背,无意管安危。

知我是朝士,亦复颦其眉。

呼酒软客脚,菜本濯玉肌。

穷途士易德,欢喜不复辞。

向来贪读书,闭户生白髭。

岂知九州内,有山如此奇。

自宽实不情,老人亦解颐。

投宿恍世外,青灯耿茅茨。

夜半不能眠,涧水鸣声悲。

萤 (蛾是死在烛边的 ) Светляк ("Умер ночной мотылёк у свечи...")

蛾是死在烛边的

烛是熄在风边的

 

青的光

雾的光和冷的光

永不殡葬于雨夜

呵,我真该为你歌唱

 

自己的灯塔

自己的路

苦雨 (灵场奔走尚无功) Сильные дожди

灵场奔走尚无功,去马来车道不通。

风助乱云阴更密,水争高岸气尤雄。

平时沟洫今多废,下户京囷久已空。

肉食自嗟何所报,古人忧国愿年丰。

梦中作 (夜凉吹笛千山月) Сквозь сон… ("Дыханьем ночи, звуками свирели заполнено пространство...")

夜凉吹笛千山月,路暗迷人百种花。

棋罢不知人换世,酒阑无奈客思家。

金氏庵 (醉墨题窗侧暮鸦) Скит монаха Цзиня

醉墨题窗侧暮鸦,蔓藤缘壁走青蛇。

春深有燕捎飞蝶,日暮无人扫落花。

悲歌 (悲歌可以当泣) Скорбная песня ("О скорбная песня — она как рыданье…")

悲歌可以当泣。远望可以当归。

思念故乡。郁郁累累。

欲归家无人。欲渡河无船。

心思不能言。肠中车轮转。

疑梦 (莫惊宠辱空忧喜) Сложил во сне ("Не дивись любви и вражде…")

莫惊宠辱空忧喜,莫计恩雠浪苦辛。

黄帝孔丘何处问?安知不是梦中身。

听江笛送陆侍御 (远听江上笛) Слушаю флейту над рекой, провожая цензора Лу ("Издали слушаю - флейта поет над рекою…")

远听江上笛,临觞一送君。

还愁独宿夜,更向郡斋闻。

听事望马目山 (官身早暮不容闲) Слушая доклады

官身早暮不容闲,尘土堆胸愧满颜。

也有向人誇说处,坐衙常对水南山。

听说我老了 (我穿着一件破衣衫出门) Слышал, что я постарел ("В лохмотьях выхожу из дома...")

我穿着一件破衣衫出门,

这么丑,我看着都觉得好笑,

因为我原有许多好的衣衫

都已让它在岁月里烂掉。

 

人们对我说:你老了,你老了,

但谁也没有看见赤裸的我,

只有在我深心的旷野中

才高唱出真正的自我之歌。

 

它唱着:“时间愚弄不了我,

我没有卖给青春,也不卖给老年,

我只不过随时序换一换装,

参加这场化装舞会的表演。

 

但我常常和大雁在碧空翱翔,

或者和蛟龙在海里翻腾,

凝神的山峦也时常邀请我

到它那辽阔的静穆里做梦。”

1976 年 4 月

我遥望 (当我年轻的时候) Смотрю вдаль ("Когда я был молодым...")

当我年轻的时候

在生活的海洋中,偶尔抬头

遥望六十岁,像遥望

一个远在异国的港口

 

经历了狂风暴雨,惊涛骇浪

而今我到达了。有时回头

遥望我年轻的时候,像遥望

迷失在烟雾中的故乡

1981

野望 (东皋薄暮望) Смотрю вдаль ("С Восточного холма задумчиво смотрю…")

东皋薄暮望,徙倚欲何依。

树树皆秋色,山山唯落晖。

牧人驱犊返,猎马带禽归。

相顾无相识,长歌怀采薇。

汉江临汎 (楚塞三湘接) Смотрю с высоты на реку Хань ("Три Сяна смыкаются с Чуского царства границей…")

楚塞三湘接,荆门九派通。

江流天地外,山色有无中。

郡邑浮前浦,波澜动远空。

襄阳好风日,留醉与山翁。

雪落在中国的土地上 (雪落在中国的土地上) Снег падает на землю Китая ("Снег падает на землю Китая, холод сковывает Китай...")

雪落在中国的土地上,

寒冷在封锁着中国呀……

.

风,

像一个太悲哀了的老妇。

紧紧地跟随着,

伸出寒冷的指爪,

拉扯着行人的衣襟。

用着像土地一样古老的话,

一刻也不停地絮聒1着……

.

那从林间出现的,

赶着马车的,

你中国的农夫,

戴着皮帽,

冒着大雪,

你要到哪儿去呢?

.

告诉你,

我也是农人的后裔——

由于你们的,

刻满了痛苦的皱纹的脸,

我能如此深深地,

知道了,

生活在草原上的人们的,

岁月的艰辛。

.

而我,

也并不比你们快乐啊,

——躺在时间的河流上,

苦难的浪涛,

曾经几次把我吞没而又卷起——

流浪与监禁,

已失去了我的青春的最可贵的日子,

我的生命,

也像你们的生命,

一样的憔悴呀。

.

雪落在中国的土地上,

寒冷在封锁着中国呀……

.

沿着雪夜的河流,

一盏小油灯在徐缓地移行,

那破烂的乌篷船里,

映着灯光,垂着头,

坐着的是谁呀?

.

——啊,你,

蓬发垢面2的少妇,

是不是

你的家,

——那幸福与温暖的巢穴——

已被暴戾3的敌人,

烧毁了么?

是不是

也像这样的夜间,

失去了男人的保护,

在死亡的恐怖里,

你已经受尽敌人刺刀的戏弄?

.

咳,就在如此寒冷的今夜,

无数的,

我们的年老的母亲,

都蜷伏在不是自己的家里,

就像异邦人,

不知明天的车轮,

要滚上怎样的路程?

——而且,

中国的路,

是如此的崎岖,

是如此的泥泞呀。

.

雪落在中国的土地上,

寒冷在封锁着中国呀……

.

透过雪夜的草原,

那些被烽火所啮啃着的地域,

无数的,土地的垦植者,

失去了他们所饲养的家畜,

失去了他们肥沃的田地,

拥挤在,

生活的绝望的污巷里;

饥馑的大地,

朝向阴暗的天,

伸出乞援的,

颤抖着的两臂。

.

中国的苦痛与灾难,

像这雪夜一样广阔而又漫长呀!

.

雪落在中国的土地上,

寒冷在封锁着中国呀……

.

中国,

我的在没有灯光的晚上,

所写的无力的诗句,

能给你些许的温暖么?

雪乾 (雪乾云净见遥岑) Снег растаял

雪乾云净见遥岑,南陌芳菲复可寻。

换得千颦为一笑,春风吹柳万黄金。

重送裴郎中贬吉州 (猿啼客散暮江头) Снова провожаю Пэя из штата министра, ссылаемого в область Цзичжоу ("Вой обезьяны... Гости ушли... Вечер сейчас над цзяном")

猿啼客散暮江头,人自伤心水自流。

同作逐臣君更远,青山万里一孤舟。

太阳 (从远古的墓茔) Солнце ("Из-за веков, далеких, черных...")

从远古的墓茔

从黑暗的年代

从人类死亡之流的那边

震惊沉睡的山脉

若火轮飞旋于沙丘之上

太阳向我滚来……

----

它以难掩的光芒

使生命呼吸

使高树繁枝向它舞蹈

使河流带着狂歌奔向它去

----

当它来时,我听见

冬蛰的虫蛹转动于地下

群众在旷场上高声说话

城市从远方

用电力与钢铁召唤它

----

于是我的心胸

被火焰之手撕开

陈腐的灵魂

搁弃在河畔

我乃有对于人类再生之确信

白日不照物 (白日不照物) Солнце не светит

白日不照物,浮云在寥廓。

风涛吹黄昏,屋瓦更纷泊。

行观蔡河上,负土私力弱。

隋堤散万家,乱若春蚕箔。

仍闻决数道,且用宽城郭。

妇子夜号呼,西南漫为壑。

一生的困惑 (有人断言 面孔朝向天堂) Сомнение всей жизни ("Кто-то твердит: обращая лицо к раю...")

—— 一首难以定稿的诗

 

有人断言:

面孔朝向天堂,

脚步总走进地狱。

我始终不相信。

让我不解的是:

我的面孔一直朝向地狱,

而脚步为什么迈不进天堂?

初稿于 20 世纪 70 年代末

蝴蝶梦 (那些年 多半在静静的黎明) Сон бабочек ("В те годы много раз в тишине раннего утра...")

那些年

多半在静静的黎明

我默默地写着诗

又默默地撕了

撕成小小的小小的碎片

(谁也无法把它复原)

一首诗变成数不清的蝴蝶

每一只都带有一点诗的斑纹

(谁也休想把它破译)

它们乘着风

翩翩地飞到了远方

 

1987 年

枕上作时闻临海四明皆大水 (抚枕时时犹叹欷) Сочинил в постели

抚枕时时犹叹欷,阨穷已极畏凶饥。

雨声淅沥孤斋冷,客梦萧条万里归。

山邑风雷移蜃穴,海城水潦半民扉。

如云秋稼方相贺,一饱还忧与愿违。

九月三日泛舟湖中作 (儿童随笑放翁狂) Сочинил эти стихи в третий день девятого месяца

儿童随笑放翁狂,又向湖边上野航。

鱼市人家满斜日,菊花天气近新霜。

重重红树秋山晚,猎猎青帘社酒香。

邻曲莫辞同一醉,十年客里过重阳。

古歌 (秋风萧萧愁杀人) Старинная песня ("Кто из встречавшихся мне на пути…")

秋风萧萧愁杀人。

出亦愁。

入亦愁。

座中何人谁不怀忧。

令我白头。

胡地多飙风。

树木何修修。

离家日趋远。

衣带日趋缓。

心思不能言。

肠中车轮转。

行宫 (寥落古行宫) Старинный походный дворец ("Разрушенный, запущенный вконец походный старый вижу я дворец...")

寥落古行宫,宫花寂寞红。

白头宫女在,闲坐说玄宗。

百忧集行 (忆年十五心尚孩) Сто печалей ("Вспоминаю - мне было пятнадцать тогда…")

忆年十五心尚孩,健如黄犊走复来。

庭前八月梨枣熟,一日上树能千回。

即今倏忽已五十,坐卧只多少行立。

强将笑语供主人,悲见生涯百忧集。

入门依旧四壁空,老妻睹我颜色同。

痴儿未知父子礼,叫怒索饭啼门东。

京路 (西来为看秦山雪) Столичные пути

西来为看秦山雪,东去缘寻洛苑春。

来去腾腾两京路,闲行除我更无人。

州桥 (州桥南北是天街) Столичный мост

州桥南北是天街,父老年年等驾回。

忍泪失声询使者,几时真有六军来。

渌水曲 (渌水明秋月) Струящиеся воды ("В струящейся воде осенняя луна…")

渌水明秋月,南湖采白蘋。

荷花娇欲语,愁杀荡舟人。

黄昏 (黄昏的林子是黑色而柔和的) Сумерки ("Лес в сумерках темен и нежен...")

黄昏的林子是黑色而柔和的

林子里的池沼是闪着白光的

而使我沉溺地承受它的抚慰的风啊

一阵阵地带给我以田野的气息……

我永远是田野气息的爱好者啊……

无论我飘泊在哪里

当黄昏时走在田野上

那如此不可排遣地困惑着我的心的

是对于故乡路上的畜粪的气息

和村边的畜棚里的干草的气息的记忆啊……

手推车 (在黄河流过的地域) Тачки ("Там где когда-то текла Желтая Река...")

在黄河流过的地域

在无数的枯干了的河底

手推车

以唯一的轮子

发出使阴暗的天穹痉挛的尖音

芽过寒冷与静寂

从这一个山脚

到那一个山脚

彻响着

北国人民的悲哀

 

在冰雪凝冻的日子

在贫穷的小村与小村之间

手推车

以单独的轮子

刻画在灰黄土层上的深深的辙迹

穿过广阔与荒漠

从这一条路

到那一条路

交织着

北国人民的悲哀

花影 (重重叠叠上瑶台) Тени ("Ползут, поднимаясь на Яшмовый храм…")

重重叠叠上瑶台,几度呼童扫不开。

刚被太阳收拾去,却教明月送将来。

虎图 (壮哉非罴亦非貙) Тигр, изображенный на картине

壮哉非罴亦非貙,目光夹镜当坐隅。

横行妥尾不畏逐,顾盼欲去仍踌躇。

卒然我见心为动,熟视稍稍摩其须。

固知画者巧为此,此物安肯来庭除。

想当槃礴欲画时,睥睨众史如庸奴。

神闲意定始一扫,功与造化论锱铢。

悲风飒飒吹黄芦,上有寒雀惊相呼。

槎牙死树鸣老乌,向之俛噣如哺雏。

山墙野壁黄昏后,冯妇遥看亦下车。

寂寞 (乡下小孩子怕寂寞) Тишина ("Деревенский мальчик тишины боится…")

乡下小孩子怕寂寞,

枕头边养一只蝈蝈;

长大了在城里操劳,

他买了一个夜明表。

 

小时候他常常羡艳

墓草做蝈蝈的家园;

如今他死了三小时,

夜明表还不曾休止。

白杨树 (白杨树 你每一片叶子) Тополь ("Тополь, каждый из листьев твоих...")

白杨树

你每一片叶子

都托着一滴阳光

因此,你的四肢,每个杈芽

像镶着千千万万颗珍珠

一到深夜,你换上了黑服

在你的浓发上挂着繁星

那银河,像是你胸前的项链

啊,你是光的苦恋者

因此,你才是美的化身

墙头草 (五点钟贴一角夕阳) Трава на стене ("Пятно заката в пять часов...")

五点钟贴一角夕阳

六点钟挂半轮灯光

想有人把所有的日子

就过在做做梦,看看墙

墙头草长了又黄了

小草说 (小草说 春天我仅仅需要一点绿素) Травинка сказала... ("Травинка сказала: "Весна дай мне самую чуточку зелени...")

小草说:“春天

我仅仅需要一点绿素

我仅仅需要一捧温暖的阳光

我仅仅需要一片蓝空

我仅仅需要一滴雨露

我仅仅需要一线希望

去开一朵小小的花”

春天微笑着

她从不会去剥夺任何一个生命的权利

因此,大地不断繁荣起来

秋日阮隐居致薤三十束 (隐者柴门内) Тридцать связок лука, присланные осенним днем от отшельника Жуань Фана ("За дощатым забором, где добрый отшельник живет…")

隐者柴门内,畦蔬绕舍秋。

盈筐承露薤,不待致书求。

束比青刍色,圆齐玉箸头。

衰年关鬲冷,味煖并无忧。

清平乐 其一 博山道中即事 (柳边飞鞚) Тронул повод. Кусты вдоль дороги…

柳边飞鞚。

露湿征衣重。

宿鹭惊窥沙影动。

应有鱼虾入梦。

 

一川淡月疏星。

浣沙人影娉婷。

笑背行人归去,门前稚子啼声。

(Мелодия "清平乐")

你千万不要 (你千万不要揭开) Ты ни за что не смей... ("Ты ни за что не смей приоткрывать...")

你千万不要揭开

那蒙在事物上的帷幕

如果你看清了

那赤裸裸的真实

你将永远悔恨

你曾来到这人世

临高台送黎拾遗 (相送临高台) У высокой башни провожаю чиновника Ли ("У башни высокой прощания выпал час…")

相送临高台,川原杳何极。

日暮飞鸟还,行人去不息。

嘉川铺遇小雨景物尤奇 (一春客路厌风埃) У почтовой станции Цзячуаньпу

一春客路厌风埃,小雨山行亦乐哉。

危栈巧依青嶂出,飞花并下绿岩来。

面前云气翔孤凤,脚底江声转疾雷。

堪笑书生轻性命,每逢险处更徘徊。

泉边 (掬一捧水) У родника ("Зачерпнув полную пригоршню...")

掬一捧水

洗一洗眼睛

心也绿了

北窗 У северного окна ("Всему свое есть время, место, путь...")

生物趋功日夜流,园林才夏麦先秋。

绿阴黄鸟北窗簟,付与来禽安石榴。

钟声 (钟声深入秋天的腹地) Удар колокола ("Звук колокола глубоко под спуд…")

钟声深入秋天的腹地

裙子纷纷落在树上

取悦着天空

我看见苹果腐烂的过程

带暴力倾向的孩子们

象黑烟一样升起

房瓦潮湿

十里风暴有了不倦的主人

南行別弟 (澹澹長江水) Уезжая к югу, расстаюсь с братом ("Гладкая, тихая тянется вдаль, вьется река…")

澹澹長江水,悠悠遠客情。

落花相與恨,到地一無聲。

笑 (我不相信考古学家) Улыбка ("Я археологу не верю...")

我不相信考古学家——

在几千年之后,

在无人迹的海滨,

在曾是繁华过的废墟上

拾得一根枯骨

——我的枯骨时,

他岂能知道这根枯骨

是曾经了二十世纪的烈焰燃烧过的?

又有谁能在地层里

寻得

那些受尽了磨难的

牺牲者的泪珠呢?

那些泪珠

曾被封禁于千重的铁栅,

却只有一枚钥匙

可以打开那些铁栅的门,

而去夺取那钥匙的无数大勇

却都倒毙在

守卫者的刀槍下了

如能捡得那样的一颗泪珠

藏之枕畔,

当比那捞自万丈的海底之贝珠

更晶莹,更晶莹

而彻照万古啊!

我们岂不是

都在自己的年代里

被钉上了十字架么?

而这十字架

决不比拿撒勒人所钉的

较少痛苦。

敌人的手

给我们戴上荆棘的冠冕

从刺破了的惨白的前额

淋下的深红的血点,

也不曾写尽

我们胸中所有的悲愤啊!

诚然

我们不应该有什么奢望,

却只愿有一天

人们想起我们,

像想起远古的那些

和巨兽搏斗过来的祖先,

脸上会浮上一片

安谧而又舒展的笑——

虽然那是太轻松了,

但我却甘愿

为那笑而捐躯!

聞樂天授江州司馬 (殘燈無焰影幢幢) Услыхал, что Бо Лэ-тянь понижен в должности до конюшего в Цзянчжоу ("В лампе остатний огонь иссякает…")

殘燈無焰影幢幢,此夕聞君謫九江。

垂死病中驚坐起,暗風吹雨入寒窗。

闻裴秀才迪吟诗因戏赠 (猿吟一何苦) Услышал, как сюцай Пэй Ди читает стихи, и в шутку преподнёс ему ("Кричат обезьяны - как же печален их крик!..")

猿吟一何苦,愁朝复悲夕。

莫作巫峡声,肠断秋江客。

十一月十二日枕上晓作 (竹响风成阵) Утром в двенадцатый день...

竹响风成阵,窗明雪已花。

柴扉吟冻犬,纸瓦啄饥鸦。

宿酒欺寒力,新诗管岁华。

日高犹拥被,蓐食愧邻家。

晨詣超師院讀禪經 (汲井漱寒齒) Утром в храме наставника Чжао читаю буддийскую сутру ("Рот полощу водой колодца, и холодно зубам…")

汲井漱寒齒,清心拂塵服。

閒持貝葉書,步出東齋讀。

真源了無取,妄跡世所逐。

遺言冀可冥,繕性何由熟。

道人庭宇靜,苔色連深竹。

日出霧露餘,青松如膏沐。

澹然離言説,悟悦心自足。

断章 (你站在桥上看风景) Фрагмент ("На рощу с моста долго смотришь ты...")

你站在桥上看风景,

看风景人在楼上看你。

明月装饰了你的窗子,

你装饰了别人的梦。

千塔主人 (逆旅逢佳节) Хозяин тысячи пагод ("Праздник встречаю на постоялом дворе…")

逆旅逢佳节,征帆未可前。

窗临汴河水,门渡楚人船。

鸡犬散墟落,桑榆荫远田。

所居人不见,枕席生云烟。

拟玉台体七首 欲眠 (行人夜已断) Хочется спать

行人夜已断,明河南陌头。

双珰不拟解,更欲要君留。

Примечания

Напевы Яшмовой башни, Юйтай - любовная лирика. Название идёт от поэтического сборника Юйтай синьюн (玉台新咏 "Новые напевы Нефритовой башни", "Новые напевы о Яшмовой башне") , составленного Сюй Лином 徐陵 из стихов II в. до н.э. - V в. н.э.

愿春天早点来 (我走出用纸糊满窗格的房子) Хочу, чтобы раньше пришла весна ("Я выхожу из дома, где окна грубо заклеены цветной бумагой..")

我走出用纸糊满窗格的房子,

站立在阴暗的屋檐下,

看着田野,

黄色的路,

从门前经过,

一直伸到天边,

畏缩这严寒,

对于远方的旅行,

我踌躇了,

而且,

池沼依然凝结着冰层,

山上依然闪着残雪的白光,

而且,

天依然低沉。

--明天恐怕还要下雪呢,

于是,从我的心头,

感到了,

使我瑟缩的凉意,

为了我的烦忧。

我希望:

春天,

它早点来,

等路旁吐出一点绿芽时,

我将穿上芒鞋,

去寻觅温暖。

題開聖寺 (宿雨初收草木濃) Храм "Разверстого Святого" ("Только что суточный дождь перестал…")

宿雨初收草木濃,羣鴉飛散下堂鍾。

長廊無事僧歸院,盡日門前獨看松。

武侯庙 (遗庙丹青落) Храм Князя Воинственного ("Оставлен стоит покинутый храм, все краски осыпались тут...")

遗庙丹青落,空山草木长。

犹闻辞后主,不复卧南阳。

生活的颜色 (一个小朋友问我) Цвет жизни ("Один знакомый ребёнок спросил меня...")

一个小朋友问我,

生活是什么颜色?

有时是闪闪桂冠的银色

有时是长夜漫漫的黑色

有时是飞腾火焰的红色

有时是阴霾天空的灰色

有时是浩瀚大海的蓝色

有时是无垠沙漠的黄色

有时是夏日森林的绿色

有时是黄昏薄暮的紫色……

我无法告诉你生活是什么颜色

我不能想象生活只是单一的颜色

它旋转着,旋转着向前

闪射着灿烂的彩色

左掖梨花 (冷艳全欺雪) Цветы груш у левых дворцовых ворот ("Красота цветов холодновата: их вполне за снег бы мог принять я...")

冷艳全欺雪,余香乍入衣。

春风且莫定,吹向玉阶飞。

津门清明 (一杯浊洒过清明) Цинмин в Тяньцзине ("Цинмин. Молочно-белое вино из чаши жертвенной собрался я пролить...")

一杯浊洒过清明,觞断樽前百感生。

 辜负江南好风景,杏花时节在边城。

嫦娥 (月宫清冷桂团团) Чан-э ("Лунная осень, деревья голы…")

月宫清冷桂团团,岁岁花开只自攀。

共在人间说天上,不知天上忆人间。

乡愁四韵 (给我一瓢长江水啊长江水) Четыре строфы ностальгии ("Дай мне ковш воды, ах, ковш воды из реки Янцзы...")

给我一瓢长江水啊长江水

酒一样的长江水

醉酒的滋味

是乡愁的滋味

给我一瓢长江水啊长江水

 

给我一掌海棠红啊海棠红

血一样的海棠红

沸血的烧痛

是乡愁的烧痛

给我一掌海棠红啊海棠红

 

给我一片雪花白啊雪花白

信一样的雪花白

家信的等待

是乡愁的等待

给我一片雪花白啊雪花白

 

给我一朵腊梅香啊腊梅香

母亲一樣的腊梅香

母亲的芬芳

是乡土的芬芳

给我一朵腊梅香啊腊梅香

送张生 (一别相逢十七春) Чжан Шэну ("Меж разлукой нашей и встречей семь и десять весен промчалось...")

一别相逢十七春,颓颜衰发互相询。

江湖我再为迁客,道路君犹困旅人。

老骥骨奇心尚壮,青松岁久色逾新。

山城寂寞难为礼,浊酒无辞举爵频。

吏责 (吏责何时得暂停) Чиновные дела

吏责何时得暂停,年来减尽鬓边青。

高谈正乐催迎客,美睡方酣报掣铃。

安得云山长在眼,便从樵牧与忘形。

诗成不用频怊怅,自古笼禽例剪翎。

灯下读山谷诗 (天下无双双井黄) Читаю стихи Шаньгу при свете ночного фитиля ("Нет в Поднебесной равного ему, как шуанцзинский чай — извечен он...")

天下无双双井黄,遣编犹作旧时香。

百年人物今安在?千载功名纸半张。

使我诗编如许好,关人身事亦何当。

地炉火暖灯花喜,且只移家住醉乡。

有感 (平生心事付悠悠) Чувства, владеющие мной

平生心事付悠悠,风雨燕南老楚囚。

故旧相思空万里,妻孥不见满三秋。

绝怜诸葛隆中意,赢得子长天下游。

一死皎然无复恨,忠魂多少暗荒丘。

时代 (我站立在低矮的屋檐下) Эпоха ("Я стою под низким карнизом...")

我站立在低矮的屋檐下

出神地望着蛮野的山岗

和高远空阔的天空,

很久很久心里像感受了什么奇迹,

我看见一个闪光的东西

它像太阳一样鼓舞我的心,

在天边带着沉重的轰响,

带着暴风雨似的狂啸,

隆隆滚辗而来……

 

我向它神往而又欢呼! ‘

当我听见从阴云压着的雪山的那面

传来了不平的道路上巨轮颠簸的轧响

像那些奔赴婚扎的新郎

——纵然我知道由它所带给我的

并不是节日的狂欢

和什么杂耍场上的哄笑

却是比一千个屠场更残酷的景象,

而我却依然奔向它

带着一个生命所能发挥的热情。

我不是弱者——我不会沾沾自喜,

我不是自己能安慰或欺骗自己的人

我不满足那世界曾经给过我的

——无论是荣誉,无论是耻辱

也无论是阴沉沉的注视和黑夜似的仇恨

以及人们的目光因它而闪耀的幸福

我在你们不知道的地方感到空虚

给我生活的世界

我永远伸张着两臂

我要求攀登高山

我要求横跨大海

我要迎接更高的赞扬,更大的毁谤

更不可解的怨,和更致命的打击——

都为了我想从时间的深沟里升腾起来……

 

没有了个人的痛苦会比我更甚的——

我忠实于时代,献身于时代,而我却沉默着

不甘心地,像一个被俘虏的囚徒

在押送到刑场之前沉默着

我沉默着,为了没有足够响亮的语言

像初夏的雷霆滚过阴云密布的天空

舒发我的激情于我的狂暴的呼喊

奉献给那使我如此兴奋如此惊喜的东西

我爱它胜过我曾经爱过的一切

为了它的到来,我愿意交付出我的生命

交付给它从我的内体直到我的灵魂

我在它的前面显得如此卑檄

甚至想仰卧在地面上

让它的脚像马路一样踩过我的胸膛

不是奇迹 (话说某年某月某日) Это не чудо ("Говорят, такого-то дня такого-то месяца такого-то года...")

话说某年某月某日,

人间忽然发出了一片抽泣,

抽泣变成了一团怀疑,

怀疑变成了一阵耳语,

耳语变成了一声霹雳,

霹雳变成了一座花海,

花海变成了一滩鲜血,

鲜血变成了一堆烈火,

熊熊的烈火变成了无穷无尽愤怒的微粒,

充塞着全中国的空气……

1976

回声 (你躲在峡谷) Эхо ("Оно сокрыто в глубине ущелий...")

你躲在峡谷

她站在山崖上

你不理她

她不理你

你喊她,她喊你

你骂她,她骂你

千万不要和她吵嘴

最后一声总是她的

长乐少年行 (遗却珊瑚鞭) Юноша. Набросок ("Он оставил, позабыл где-то бич коралловый...")

遗却珊瑚鞭,白马骄不行。

章台折杨柳,春日路傍情。

我是一颗早熟的枣子 (人们 老远老远) Я - до срока поспевший финик ("Люди издалека сразу меня разглядели...")

  童年时,我家的枣树上,总有几颗枣子红得特别早,祖母说:

“那是虫咬了心的。”果然,它们很快就枯凋。

——题记

 

人们

老远老远

一眼就望见了我

 

满树的枣子

一色青青

只有我一颗通红

红得刺眼

红得伤心

 

一条小虫

钻进我的胸腔

一口一口

噬咬着我的心灵

 

我很快就要死去

在枯凋之前

一夜之间由青变红

仓促地完成了我的一生

 

不要赞美我……

我憎恨这悲哀的早熟

我是大树母亲绿色的胸前

凝结的一滴

受伤的血

 

我是一颗早熟的枣子

很红很红

但我多么羡慕绿色的青春

 

1982 年秋

我爱这土地 (假如我是一只鸟) Я люблю эту землю ("Будь я птицей - я пел бы надрывно...")

假如我是一只鸟,

我也应该用嘶哑的喉咙歌唱:

这被暴风雨所打击的土地,

这永远汹涌着我们的悲愤的河流,

这无止息地吹刮着的激怒的风,

和那来自林间的无比温柔的黎明……

——然后我死了,

连羽毛也腐烂在土地里面。

 

为什么我的眼里常含泪水?

因为我对这土地爱得深沉……

種白蓮 (吳中白藕洛中栽) Я посадил белый лотос

吳中白藕洛中栽

莫戀江南花懶開

萬里攜歸爾知否

紅蕉朱槿不將來

我之固体化 (在此地 在国际的鸡尾酒里) Я превратился в твёрдый лёд ("Здесь, в зарубежном коктейле...")

在此地,在国际的鸡尾酒里,

我仍是一块拒绝溶化的冰——

常保持零下的冷

和固体的硬度。

 

我本来也是很液体的

也很爱流动,很容易沸腾,

很爱玩虹的滑梯。

 

但中国的太阳距我太远

我结晶了,透明且硬,

且无法自动还原。

Южное море 南海 (朅来南海上)

朅来南海上,人死乱如麻。

腥浪拍心碎,飙风吹鬓华。

一山还一水,无国又无家。

男子千年志,吾生未有涯。

热 其三 (朱李沈不冷) 3. Жара, треть

朱李沈不冷,彫胡炊屡新。

将衰骨尽痛,被褐味空频。

歘翕炎蒸景,飘飖征戍人。

十年可解甲,为尔一沾巾。

望远行 (长空降瑞) "Ветер острей лезвия, наземь снежинки легли..."

长空降瑞,寒风翦,淅淅瑶花初下。乱飘僧舍,密洒歌楼 ,迤逦渐迷鸳瓦。好是渔 人,披得一蓑归去,江上晚来堪画。满长安,高却旗亭酒 价。

幽雅。乘兴最宜访戴,泛小棹、越溪潇洒。皓鹤夺鲜,白 [闲鸟]失素,千里广铺 寒野。须信幽兰歌断,彤云收尽,别有瑶台琼榭。放一轮 明月,交光清夜。

 

(мелодия "望远行")

雨霖铃 (寒蝉凄切) "Дождь отзвенел, и догорел закат…"

寒蝉凄切,对长亭晚,骤雨初歇。都门帐饮无绪,留恋处,兰舟催发。执手相看泪眼,竟无语凝噎。念去去,千里烟波,暮霭沉沉楚天阔。

多情自古伤离别,更那堪,冷落清秋节!今宵酒醒何处?杨柳岸,晓风残月。此去经年,应是良辰好景虚设。便纵有千种风情,更与何人说?

 

(мелодия "雨霖铃")

清平乐 (春归何处?) "Куда же весна исчезла? Нигде ни следа, ни вести..."

春归何处?寂寞无行路。若有人知春去处,唤取归来同住。

春无踪迹谁知?除非问取黄鹂。百啭无人能解,因风飞过蔷薇。

 

(мелодия "清平乐")

相思令 (苹满溪) "Ручей, заросший тиной, и ивы на плотине…"

蘋满溪,柳绕堤。相送行人溪水西,回时陇月低。

烟霏霏,风凄凄。重倚朱门听马嘶,寒鸥相对飞 。

 

(мелодия "相思令")

蝶恋花 (伫倚危楼风细细) "Я на башне стою в тихом ветра порыве…"

伫倚危楼风细细,望极春愁,黯黯生天际。草色烟光残照里,无言谁会凭阑意。

拟把疏狂图一醉,对酒当歌,强乐还无味。衣带渐宽终不悔,为伊消得人憔悴。

 

(мелодия "蝶恋花")

鹧鸪天 其一 鹅湖归病起作 (著意寻春懒便回) Вернулся на озеро Эху и после выздоровления написал эти строки ("Я в храме у ручья всегда с циновкой…")

著意寻春懒便回。

何如信步两三杯。

山才好处行还倦,诗未成时雨早催。

 

携竹杖,更芒鞋。

朱朱粉粉野蒿开。

谁家寒食归宁女,笑语柔桑陌上来。

(Мелодия "鹧鸪天")

東皇太一 (吉日兮辰良) Владыке востока Тай-и ("Прекрасное время - весь день посвящается счастью...")

吉日兮辰良,穆將愉兮上皇。

撫長劍兮玉珥,璆鏘鳴兮琳琅。

瑤席兮玉瑱,盍將把兮瓊芳。

蕙肴蒸兮蘭藉,奠桂酒兮椒漿。

揚枹兮拊鼓,疏緩節兮安歌,陳竽瑟兮浩倡。

靈偃蹇兮姣服,芳菲菲兮滿堂。

五音紛兮繁會,君欣欣兮樂康。

九章 惜誦 (惜誦以致愍兮) Печальные строки ("Читаю стихи, пытаясь выразить свое горе…")

惜誦以致愍兮,發憤以抒情。

所作忠而言之兮,指蒼天以為正。

令五帝以㭊中兮,戒六神與嚮服。

俾山川以備御兮,命咎繇使聽直。

竭忠誠以事君兮,反離群而贅肬。

忘儇媚以背眾兮,待明君其知之。

言與行其可迹兮,情與貌其不變。

故相臣莫若君兮,所以證之不遠。

吾誼先君而後身兮,羌眾人之所仇。

專惟君而無他兮,又眾兆之所讎。

壹心而不豫兮,羌不可保也。

疾親君而無他兮,有招禍之道也。

思君其莫我忠兮,忽忘身之賤貧。

事君而不貳兮,迷不知寵之門。

忠何罪以遇罰兮,亦非余心之所志。

行不群以巔越兮,又眾兆之所咍。

紛逢尤以離謗兮,謇不可釋。

情沈抑而不達兮,又蔽而莫之白。

心鬱邑余侘傺兮,又莫察余之中情。

固煩言不可結詒兮,願陳志而無路。

退靜默而莫余知兮,進號呼又莫吾聞。

申侘傺之煩惑兮,中悶瞀之忳忳。

昔余夢登天兮,魂中道而無杭。

吾使厲神占之兮,曰:「有志極而無旁。」

「終危獨以離異兮,曰:「君可思而不可恃。

故眾口其鑠金兮,初若是而逢殆。

懲於羹者而吹虀兮,何不變此志也?

欲釋階而登天兮,猶有曩之態也。

眾駭遽以離心兮,又何以為此伴也?

同極而異路兮,又何以為此援也?

晉申生之孝子兮,父信讒而不好。

行婞直而不豫兮,鯀功用而不就。」

吾聞作忠以造怨兮,忽謂之過言。

九折臂而成醫兮,吾至今而知其信然。

矰弋機而在上兮,罻羅張而在下。

設張辟以娛君兮,願側身而無所。

欲儃佪以干傺兮,恐重患而離尤。

欲高飛而遠集兮,君罔謂汝何之?

欲橫奔而失路兮,堅志而不忍。

背膺牉以交痛兮,心鬱結而紆軫。

檮木蘭以矯蕙兮,鑿申椒以為糧。

播江離與滋菊兮,願春日以為糗芳。

恐情質之不信兮,故重著以自明。

矯玆媚以私處兮,願曾思而遠身。

春思二首 其一 (草色青青柳色黃) Станс 1. "Краски травы зеленым-зелены…"

草色青青柳色黃,桃花歷亂李花香。

東風不為吹愁去,春日偏能惹恨長。

其一 (星宫游空何时落) Стихотворение первое ("Звездный Дворец в пустоте проплывал - как-то на землю упал он…")

星宫游空何时落,着地亦化为宝坊。

诗人昼吟山入座,醉客夜愕江憾床。

蜜房各自开户牖,蚁穴或梦封侯王。

不知青云梯几级,更借瘦藤寻上方。

其一 (远目随天去) 1

远目随天去,斜阳著树明。

犬知何处吠,人在半山行。

三月十六日石湖书事三首 其一 (春事日以阑) 1.

春事日以阑,暑阴正清美。

拖筇入林下,秀绿照衣袂。

卢橘梅子黄,樱桃桑椹紫。

荷依浪花颤,笋破苔色起。

风日收宿阴,物色有新意。

邻曲知我归,争来问何似。

病恼今有无,加饭日能几。

掀髯谢父老,衰雪已如此。

病中绝句八首 其一 (空里情知不著花) 1.

空里情知不著花,逢场将病当生涯。

蒲团软暖无时节,夜听蚊雷晓听鸦。

山村五绝 其一 (竹篱茅屋趁溪斜) 1.

竹篱茅屋趁溪斜,春入山村处处花。

无象太平还有象,孤烟起处是人家。

四言赠兄秀才入军诗 第一章 (鸳鸯于飞) 1.

鸳鸯于飞,肃肃其羽。

朝游高原,夕宿兰渚。

邕邕和鸣,顾眄俦侣。

俛仰慷慨,优游容与。

怨詞二首 其一 (妾有羅衣裳) 1.

妾有羅衣裳,秦王在時作。

為舞春風多,秋來不堪著。

蓝田溪杂咏 其一 登台 (望山登春台) 1.

望山登春台,目尽趣难极。

晚景下平阡,花际霞峰色。

玉臺體詩詩二首 其一 (鸾啼兰已红) 1.

鸾啼兰已红,见出凤城东。

粉汗宜斜日,衣香逐上风。

情来不自觉,暗驻五花骢。

偶然作 其一 (楚国有狂夫) 1.

楚国有狂夫,茫然无心想。

散发不冠带,行歌南陌上。

孔丘与之言,仁义莫能奖。

未尝肯问天,何事须击壤。

复笑采薇人,胡为乃长往。

柳梢青 其一 (锦里繁华) 1.

故蜀燕王宫海棠之盛,为成都第一,今属张氏

 

锦里繁华。

环宫故邸,叠萼奇花。

俊客妖姬,争飞金勒,齐驻香车。

 

何须幕障帏遮。

宝杯浸、红云瑞霞。

银烛光中,清歌声里,休恨天涯。

(Мелодия "柳梢青")

江行無題 其一 (傾酒向漣漪) 1.

傾酒向漣漪,乘流欲去時。

寸心同尺璧,投此報馮夷。

过酒家五首 其一 (洛阳无大宅) 1.

洛阳无大宅,长安乏主人。

黄金销未尽,祗为酒家贫。

鹊桥仙 其一 (华灯纵博) 1.

华灯纵博,雕鞍驰射,谁记当年豪举。

酒徒一一取封侯,独去作、江边渔父。

 

轻舟八尺,低篷三扇,占断蘋洲烟雨。

镜湖元自属闲人,又何必、君恩赐与。

(Мелодия "鵲橋仙")

琅琊山六题 其一 归云洞 (洞门常自起烟霞) 1.

洞门常自起烟霞,洞穴傍穿透溪谷。

朝看石上片云阴,夜半山前春雨足。

题张氏隐居二首 其一 (春山无伴独相求) 1. "В весенних горах я скитаюсь один…"

春山无伴独相求,伐木丁丁山更幽。

涧道馀寒历冰雪,石门斜日到林丘。

不贪夜识金银气,远害朝看麋鹿游。

乘兴杳然迷出处,对君疑是泛虚舟。

陪侍郎叔游洞庭醉后三首 其一 (今日竹林宴) 1. "В лесу бамбуков пир сегодня наш..."

今日竹林宴,我家贤侍郎。

三杯容小阮,醉后发清狂。

诉衷情 其一 (当年万里觅封侯) 1. "Когда-то, бывало, за тысячу ли..."

当年万里觅封侯。

匹马戍梁州。

关河梦断何处,尘暗旧貂裘。

 

胡未灭,鬓先秋。

泪空流。

此生谁料,心在天山,身老沧洲。

(Мелодия "诉衷情")

其一 (半亩方塘一鉴开) 1. "Крохотный пруд, но зеркальна вода …"

半亩方塘一鉴开,天光云影共徘徊。

问渠那得清如许?为有源头活水来。

第一首 (乌舍凌波肌似雪) 1. "Легка, бела, как снег, как божество зари..."

乌舍凌波肌似雪,亲持红叶索题诗。

还卿一钵无情泪,恨不相逢未剃时。

陪诸贵公子丈八沟携妓纳凉晚际遇雨二首 其一 (落日放船好) 1. "На вечерней заре хорошо нам по озеру плыть…"

落日放船好,轻风生浪迟。

竹深留客处,荷净纳凉时。

公子调冰水,佳人雪藕丝。

片云头上黑,应是雨催诗。

十一月四日风雨大作 其一 (风卷江湖雨暗村) 1. "Над озером ветер кружит, гонит тучи..."

风卷江湖雨暗村,四山声作海涛翻。

溪柴 火软蛮毡暖,我与狸奴 不出门。

雪中闻墙外鬻鱼菜者求售之声甚苦有感三绝 其一 (饭箩驱出敢偷閒) 1. "От дела отлынивать..."

饭箩驱出敢偷閒,雪胫冰须惯忍寒。

岂是不能扃户坐,忍寒犹可忍饥难。

宴坐庵四首 其一 (油灯已暗忽微明) 1. "Перед тем как совсем погаснуть…"

油灯已暗忽微明,石鼎将乾尚有声。

衲被蒙头笼两袖,藜床无地著功名。

其一 (有时我真想冲墙站着) 1. "Порой хочу повернуться лицом к стене..."

有时我真想冲墙站着,

不看这世界也罢。

春近四绝句 其一 (闰後阳和腊里回) 1. "После избыточных дней високосного года..."

闰後阳和腊里回,蒙蒙小雨暗楼台。

柳条榆荚弄颜色,便恐入帘双燕来。

夜游宫 其一 记梦寄师伯浑 (雪晓清笳乱起) 1. "Снег падал. Звук рога раздался..."

雪晓清笳乱起。

梦游处、不知何地。

铁骑无声望似水。

想关河,雁门西,青海际。

 

睡觉寒灯里。

漏声断、月斜窗纸。

自许封侯在万里。

有谁知,鬓虽残,心未死。

(Мелодия "夜游宫")

诗八首 其一 (你底眼睛看见这一场火灾) 1. "Твои глаза созерцают это пламя..."

你底眼睛看见这一场火灾,

你看不见我,虽然我为你点燃;

唉,那燃烧着的不过是成熟的年代。

你底,我底。我们相隔如重山!

 

从这自然底蜕变底程序里,

我却爱了一个暂时的你。

即使我哭泣,变灰,变灰又新生,

姑娘,那只是上帝玩弄他自己。

饮酒 其一 (衰荣无定在) 1. "Тлен и цветенье не знают привычных мест"

衰荣无定在,彼此更共之。

邵生瓜田中,宁似东陵时。

寒暑有代谢,人道每如兹。

达人解其会,逝将不复疑。

忽与一觞酒,日夕欢相持。

戏咏蜡梅二首 其一 (金蓓锁春寒) 1. "Увы, сей золотой бутон морозом, хоть и весна, закрыт пока и скован..."

金蓓锁春寒,恼人香未展。

虽无桃李颜,风味极不浅。

其一 (相望六千里) 1. "Шесть тысяч верст меж нами... Но любовь Сильнее расстояний в человеке..."

相望六千里,天地隔江山。

十书九不到,何用一开颜。

书晁补之所藏与可画竹三首 其一 (与可画竹时) 1. (I. "Бамбук рисуя, этот чародей людей не видит...")

與可畫竹時,見竹不見人。

豈獨不見人,嗒然遺其身。

其身與竹化,無窮出清新。

莊周世無有,誰知此凝神。

其一 (昨夜雨鸣渠) 1. (I. "Пели дождь и ручей всю ночь заунывную песнь одну...")

昨夜雨鸣渠,晓来风袭月。

萧然欲秋意,溪水清可啜。

环城三十里,处处皆佳绝。

蒲莲浩如海,时见舟一叶。

此间真避世,青蒻低白发。

相逢欲相问,已逐惊鸥没。

三月二十五夜达旦不能寐二首 其一 (愁眼已无寐) 1. В ночь на двадцать шестой день третьего месяца

愁眼已无寐,更堪衰病婴。

萧萧窗竹影,磔磔水禽声。

捶楚民方急,烟尘虏未平。

一身那敢计,雪涕为时倾。

后出塞五首 其一 (男儿生世间) 1. В поход за Великую стену, первое

男儿生世间,及壮当封侯。

战伐有功业,焉能守旧丘?

召募赴蓟门,军动不可留。

千金买马鞍,百金装刀头。

闾里送我行,亲戚拥道周。

斑白居上列,酒酣进庶羞。

少年别有赠,含笑看吴钩。

归田四时乐二首 其一 春 (春风二月三月时) 1. Весна

春风二月三月时,农夫在田居者稀。

新阳晴暖动膏脉,野水泛滟生光辉。

鸣鸠聒聒屋上啄,布谷翩翩桑下飞。

碧山远映丹杏发,青草暖眠黄犊肥。

田家此乐知者谁,吾独知之胡不归。

吾已买田清颍上,更欲临流作钓矶。

游龙门分题十五首 其一 上山 (蹑蹻上高山) 1. Взбираюсь на гору

蹑蹻上高山,探险慕幽赏。

初惊涧芳早,忽望岩扉敞。

林穷路已迷,但逐樵歌响。

热 其一 (雷霆空霹雳) 1. Жара ("Ни гром, ни молния не помогли…")

雷霆空霹雳,云雨竟虚无。

炎赫衣流汗,低垂气不苏。

乞为寒水玉,愿作冷秋菰。

何似儿童岁,风凉出舞雩。

小园四首 其一 (小园烟草接邻家) 1. Маленький сад

小园烟草接邻家,桑柘阴阴一径斜。

卧读陶诗未终卷,又乘微雨去锄瓜。

秋日二绝 其一 (碧芦青柳不宜霜) 1. Осенние дни

碧芦青柳不宜霜,染作沧洲一带黄。

莫把江山誇北客,冷云寒水更荒凉。

答李浣三首 其一 (孤客逢春暮) 1. Отвечаю Ли Хуаню ("Ты, мой друг - одинокий странник...")

孤客逢春暮,缄情寄旧游。

海隅人使远,书到洛阳秋。

遣意 其一 (啭枝黄鸟近) 1. Отдаюсь своим мыслям ("На мокрой ветке иволга щебечет…")

啭枝黄鸟近,泛渚白鸥轻。

一径野花落,孤村春水生。

衰年催酿黍,细雨更移橙。

渐喜交游绝,幽居不用名。

游城南 其一 赛神 (白布长衫紫领巾) 1. Подношение богам

白布长衫紫领巾,差科未动是闲人。

麦苗含穟桑生葚,共向田头乐社神。

效崔国辅体四首 其一 (澹月照中庭) 1. Подражание государственному советнику Цую ("Средь двора осиянны плиты камня…")

澹月照中庭,海棠花自落。

独立俯闲阶,风动鞦韆索。

金陵驿二首 其一 (草合离宫转夕晖) 1. Почтовый двор в Цзиньлине ("Горят в закате пышные дворцы…")

草合离宫转夕晖,孤云飘泊复何依。

山河风景元无异,城郭人民半已非。

满地芦花和我老,旧家燕子傍谁飞。

从今别却江南日,化作啼鹃带血归。

绝句二首 其一 (迟日江山丽) 1. Усеченные строфы

迟日江山丽,春风花草香。

泥融飞燕子,沙暖睡鸳鸯。

水调歌头 其二 汤坡见和、用韵为谢 (白日射金阙) "Золото крыши дворца…"

白日射金阙,虎豹九关开。

见君谏疏频上,谈笑挽天回。

千古忠肝义胆,万里蛮烟瘴雨,往事莫惊猜。

政恐不免耳,消息日边来。

 

笑吾庐,门掩草,径封苔。

未应两手无用,要把蟹螯杯。

说剑论诗馀事,醉舞狂歌欲倒,老子颇堪哀。

白发宁有种,一一醒时栽。

(Мелодия "水调歌头")

生查子 其二 题京口郡治尘表亭 (悠悠万世功) "К нам подвиг из мрака столетий..."

悠悠万世功,矻矻当年苦。

鱼自入深渊,人自居平土。

 

红日又西沉,白浪长东去。

不是望金山,我自思量禹。

(Мелодия "生查子")

一剪梅 其二 (歌罢尊空月坠西) "Ни песен, ни звона бокала..."

歌罢尊空月坠西。

百花门外,烟翠霏微。

绛纱笼烛照于飞。

归去来兮。

归去来兮。

 

酒入香腮分外宜。

行行问道,还肯相随。

娇羞无力应人迟。

何幸如之。

何幸如之。

(Мелодия "一翦梅")

江亭夜月送别二首 其二 (乱烟笼碧砌) II. "Косматого тумана пелена…"

乱烟笼碧砌,飞月向南端。

寂寞离亭掩,江山此夜寒。

游龙门分题十五首 其二 下山 (行歌翠微里) II. Спускаюсь с горы

行歌翠微里,共下山前路。

千峰返照外,一鸟投岩去。

渡口晚无人,系舸芳洲树。

雲中君 (浴蘭湯兮沐芳) Владыке облаков ("Ты в ванне душистой купался...")

浴蘭湯兮沐芳,華采衣兮若英。

靈連蜷兮既留,爛昭昭兮未央。

蹇將憺兮壽宮,與日月兮齊光。

龍駕兮帝服,聊翱遊兮周章。

靈皇皇兮既降,猋遠舉兮雲中。

覽冀州兮有餘,橫四海兮焉窮。

思夫君兮太息,極勞心兮憧憧。

江畔獨步尋花七絕句 其二 (稠花亂蕊畏江濱) второе ("в густом беспорядке цветов завязь в берег речной запрятана")

稠花亂蕊畏江濱,

行步欹危實怕春。

詩酒尚堪驅使在,

未須料理白頭人。

山中五詠。 遠山 (少室盡西峯) Далекая гора

少室盡西峯,鳴臯隱南面。

柴門縱復關,終日窗中見。

九章 涉江 (余幼好此奇服兮) Переправляясь через реку ("В молодости любил я пышные одеянья…")

余幼好此奇服兮,年既老而不衰。

帶長鋏之陸離兮,冠切雲之崔嵬。

被明月兮珮寶璐。

世溷濁而莫余知兮,吾方高馳而不顧。

駕青虬兮驂白螭,吾與重華遊兮瑤之圃。

登崑崙兮食玉英,與天地兮同壽,與日月兮同光。

哀南夷之莫吾知兮,旦余濟乎江湘。

乘鄂渚而反顧兮,欸秋冬之緒風。

步余馬兮山皋,邸余車兮方林。

乘舲船余上沅兮,齊吳榜以擊汰。

船容與而不進兮,淹回水而疑滯。

朝發枉陼兮,夕宿辰陽。

苟余心其端直兮,雖僻遠之何傷。

入漵浦余儃佪兮,迷不知吾所如。

深林杳以冥冥兮,猿狖之所居。

山峻高以蔽日兮,下幽晦以多雨。

霰雪紛其無垠兮,雲霏霏而承宇。

哀吾生之無樂兮,幽獨處乎山中。

吾不能變心而從俗兮,固將愁苦而終窮。

接輿髡首兮,桑扈臝行。

忠不必用兮,賢不必以。

伍子逢殃兮,比干菹醢。

與前世而皆然兮,吾又何怨乎今之人!

余將董道而不豫兮,固將重昏而終身!

亂曰:

鸞鳥鳳皇,日以遠兮。

燕雀烏鵲,巢堂壇兮。

露申辛夷,死林薄兮。

腥臊並御,芳不得薄兮。

陰陽易位,時不當兮。

懷信侘傺,忽乎吾將行兮!

东坡引 其二 (花梢红未足) Ропот из терема

花梢红未足。

条破惊新绿。

重帘下遍阑干曲。

有人春睡熟。

有人春睡熟。

 

鸣禽破梦,云偏目蹙。

起来香腮褪红玉。

花时爱与愁相续。

罗裙过半幅。

罗裙过半幅。

(Мелодия "东坡引")

其二 (岩岩匡俗先生庐) Стихотворение второе

岩岩匡俗先生庐,其下宫亭水所都。

北辰九关隔云雨,南极一星在江湖。

相粘蠔山作居室,窍凿混沌无完肤。

万鼓声撞夜涛涌,骊龙莫碎失明珠。

鵲橋仙 其二 (一竿风月) То с удочкой…

一竿风月,一蓑烟雨,家在钓台西住。

卖鱼生怕近城门,况肯到、红尘深处。

 

潮生理棹,潮平系缆,潮落浩歌归去。

时人错把比严光,我自是、无名渔父。

(Мелодия "鵲橋仙")

三月十六日石湖书事三首 其二 (种木二十年) 2.

种木二十年,手开南野荒。

苒苒新岁月,依依旧林塘。

污莱擅下湿,岑蔚骄众芳。

菱母尚能瘦,竹孙如许长。

忆初学圃时,刀笠冒风霜。

今兹百不堪,裹帽人扶将。

龙钟数能来,犹胜两相忘。

戏咏蜡梅二首 其二 (体薰山麝脐) 2.

体薰山麝脐,色染蔷薇露。

披拂不满襟,时有暗香度。

春思二首 其二 (紅粉當壚弱柳垂) 2.

紅粉當壚弱柳垂,金花臘酒解酴醿。

笙歌日暮能留客,醉殺長安輕薄兒。

病中绝句八首 其二 (溽暑薰天地涌泉) 2.

溽暑薰天地涌泉,弯跧避湿挂行缠。

出门斟酌无忙事,睡过黄梅细雨天。

书晁补之所藏与可画竹三首 其二 (若人今已无) 2.

若人今已無,此竹寧復有。

那將春蚓筆,畫作風中柳。

君看斷崖上,瘦節蛟蛇走。

何時此霜竿,復入江湖手。

山村五绝 其二 (烟雨濛濛鸡犬声) 2.

烟雨濛濛鸡犬声,有生何处不安生。

但教黄犊无人佩,布谷何劳也劝耕。

四言赠兄秀才入军诗 第二章 (鸳鸯于飞) 2.

鸳鸯于飞,啸侣命俦。

朝游高原,夕宿中洲。

交颈振翼,容与清流。

咀嚼兰蕙,俯仰优游。

蓝田溪杂咏 其二 板桥 (静宜樵隐度) 2.

静宜樵隐度,远与车马隔。

有时行药来,喜遇归山客。

玉臺體詩詩二首 其二 (婵娟二八正娇羞) 2.

婵娟二八正娇羞,日暮相逢南陌头。

试问佳期不肯道,落花深处指青楼。

夜游宫 其二 宫词 (独夜寒侵翠被) 2.

独夜寒侵翠被。

奈幽梦、不成还起。

欲写新愁泪溅纸。

忆承恩,叹馀生,今至此。

 

蔌蔌灯花坠。

问此际、报人何事。

咫尺长门过万里。

恨君心,似危栏,难久倚。

(Мелодия "夜游宫")

偶然作 其二 (田舍有老翁) 2.

田舍有老翁,垂白衡门里。

有时农事闲,斗酒呼邻里。

喧聒茅檐下,或坐或复起。

短褐不为薄,园葵固足美。

动则长子孙,不曾向城市。

五帝与三王,古来称天子。

干戈将揖让,毕竟何者是。

得意苟为乐,野田安足鄙。

且当放怀去,行行没馀齿。

题张氏隐居二首 其二 (之子时相见) 2.

之子时相见,邀人晚兴留。

霁潭鳣发发,春草鹿呦呦。

杜酒偏劳劝,张梨不外求。

前村山路险,归醉每无愁。

秋日二绝 其二 (新秋病骨顿成衰) 2.

新秋病骨顿成衰,不度溪桥半月来。

无事闭门非左计,饶渠屐齿上青苔。

答李浣三首 其二 (马卿犹有壁) 2.

马卿犹有壁,渔父自无家。

想子今何处,扁舟隐荻花。

其二 (昨夜江边春水生) 2.

昨夜江边春水生,艨艟巨舰一毛轻。

向来枉费推移力,此日中流自在行。

江行無題 其二 (江曲全縈楚) 2.

江曲全縈楚,雲飛半自秦。

峴山回首望,如別故鄉人。

金陵驿二首 其二 (万里金瓯失壮图) 2.

万里金瓯失壮图,衮衣颠倒落泥涂。

空流杜宇声中血,半脱骊龙颔下须。

老去秋风吹我恶,梦回寒月照人孤。

千年成败俱尘土,消得人间说丈夫。

田园乐 其二 (再见封侯万户) 2.

再见封侯万户,立谈赐璧一双。

讵胜耦耕南亩,何如高卧东窗。

诉衷情 其二 (青衫初入九重城) 2.

青衫初入九重城。

结友尽豪英。

蜡封夜半传檄,驰骑谕幽并。

 

时易失,志难成。

鬓丝生。

平章风月,弹压江山,别是功名。

(Мелодия "诉衷情")

春近四绝句 其二 (亭台经雨压尘沙) 2.

亭台经雨压尘沙,春近登临意气佳。

更喜轻寒勒成雪,未春先放一城花。

琅琊山六题 其二 琅琊溪 (空山雪消溪水涨) 2.

空山雪消溪水涨,游客渡溪横古槎。

不知溪源来远近,但见流出山中花。

第二首 (春雨搂头尺八箫) 2. "Весенний дождь. Япония. Под крышей флейта плачет..."

春雨楼头尺八箫,何时归看 浙江潮?

芒鞋破钵无人识,踏过樱花第几桥!

宴坐庵四首 其二 (五更风竹闹轩窗) 2. "Ветер в пятую стражу поднялся…"

五更风竹闹轩窗,听作江船浪隐床。

枕上翻身寻断梦,故人待漏满靴霜。

雨中独酌二首 其二 (幽居草木深) 2. "Во дворе, у жилища, деревья и травы немеют…"

幽居草木深,蒙笼蔽窗户。

鸟语知天阴,蛙鸣识天雨。

亦复命樽酒,欣兹却烦暑。

人情贵自适,独乐非钟鼓。

出门何所之,闭门谁我顾。

陪诸贵公子丈八沟携妓纳凉晚际遇雨二首 其二 (雨来沾席上) 2. "Вот и дождь налетел, заливая циновки вокруг…"

雨来沾席上,风急打船头。

越女红裙湿,燕姬翠黛愁。

缆侵堤柳系,幔宛浪花浮。

归路翻萧飒,陂塘五月秋。

其二 (霜降水反壑) 2. "Всюду иней. Из русел выходят осенние воды..."

霜降水反壑,风落木归山。

冉冉岁华晩,昆虫皆闭关。

雪中闻墙外鬻鱼菜者求售之声甚苦有感三绝 其二 (忧渴焦山业海深) 2. "Голодные муки..."

忧渴焦山业海深,贪渠刀蜜坐成禽。

一身冒雪浑家煖,汝不能诗替汝吟。

饮酒 其二 (积善云有报) 2. "Добрых дел изобилье, говорят, приносит награду…"

积善云有报,夷叔在西山。

善恶苟不应,何事空立言?

九十行带索,饥寒况当年。

不赖固穷节,百世当谁传。

道德經 第二章 (天下皆知美之為美) 2. "Когда все в Поднебесной узнают, что прекрасное является прекрасным, появляется и безобразное..."

天下皆知美之為美,斯惡已。皆知善之為善,斯不善已。故有無相生,難易相成,長短相較,高下相傾,音聲相和,前後相隨。是以聖人處無為之事,行不言之教;萬物作焉而不辭,生而不有。為而不恃,功成而弗居。夫唯弗居,是以不去。

 

十一月四日风雨大作 其二 (僵卧孤村不自哀) 2. "Лежу без движенья в деревне забытой: нет скорби в душе..."

僵卧孤村不自哀,尚思为国戍轮台。

夜阑卧听风吹雨,铁马冰河入梦来。

陪侍郎叔游洞庭醉后三首 其二 (船上齐桡乐) 2. "Мы песню кормчих лихо распеваем..."

船上齐桡乐,湖心泛月归。

白鸥闲不去,争拂酒筵飞。

柳梢青 其二 (十载江湖) 2. "По озерам и рекам скитаюсь давно..."

乙巳二月西兴赠别

 

十载江湖,行歌沽酒,不到京华。

底事翩然,长亭烟草,衰鬓风沙。

 

凭高目断天涯。

细雨外、楼台万家。

只恐明朝,一时不见,人共梅花。

(Мелодия "柳梢青")

其二 (锄禾日当午) 2. "Полдень в летний зной. Капельками пот..."

锄禾日当午,汗滴禾下土。

谁知盘中餐,粒粒皆辛苦。

回鄉偶書二首 其二 (离别家乡岁月多) 2. "С той поры, как покинул родные места…"

离别家乡岁月多,近来人事半消磨。

惟有门前镜湖水,春风不改旧时波。

诗八首 其二 (水流山石间沉淀下你我) 2. "Среди потока камней выпали ты и я..."

水流山石间沉淀下你我,

而我们成长,在死底子宫里。

在无数的可能里一个变形的生命

永远不能完成他自己。

 

我和你谈话,相信你,爱你,

这时候就听见我底主暗笑,

不断地他添来另外的你我,

使我们丰富而且危险。

其二 (清风定何物) 2. (II. "Ветер жизнь в природу вдохнул и во все, что в природе есть...")

清风定何物,可爱不可名。

所至如君子,草木有嘉声。

我行本无事,孤舟任斜横。

中流自偃仰,适与风相迎。

与杯属浩渺,乐此两无情。

归来两溪间,云水夜自明。

三月二十五夜达旦不能寐二首 其一 (愁眼已无寐) 2. В ночь на двадцать шестой день третьего месяца

忧国心常折,观书眼欲枯。

百年终坎壈,一饭且枝梧。

忽忽残春过,迢迢清夜徂。

壮心空万里,老病要人扶。

后出塞五首 其二 (朝进东门营) 2. В поход за Великую стену ("Мы вышли утром из лагеря…")

朝进东门营,暮上河阳桥。

落日照大旗,马鸣风萧萧。

平沙列万幕,部伍各见招。

中天悬明月,令严夜寂寥。

悲笳数声动,壮士惨不骄。

借问大将谁?恐是霍嫖姚。

热 其二 (瘴云终不灭) 2. Жара, второе

瘴云终不灭,泸水复西来。

闭户人高卧,归林鸟却回。

峡中都似火,江上只空雷。

想见阴宫雪,风门飒踏开。

归田四时乐二首 其二 夏 (南风原头吹百草) 2. Лето

南风原头吹百草,草木丛深茅舍小。

麦穗初齐稚子娇,桑叶正肥蚕食饱。

老翁但喜岁年熟,饷妇安知时节好。

野棠梨密啼晚莺,海石榴红啭山鸟。

田家此乐知者谁,我独知之归不早。

乞身当及彊健时,顾我蹉跎已衰老。

小园四首 其二 (村南村北鹁鸪声) 2. Маленький сад

村南村北鹁鸪声,水刺新秧漫漫平。

行遍天涯万里路,却从邻父学春耕。

 

效崔国辅体四首 其二 (雨后碧苔院) 2. Подражание государственному советнику Цую ("Ливень перестал на дворе, где мох зелено-синий…")

雨后碧苔院,霜来红叶楼。

闲阶上斜日,鹦鹉伴人愁。

游城南 其二 题于宾客庄 (榆荚车前盖地皮) 2. Посвящаю Юй Бинкэ

榆荚车前盖地皮,蔷薇蘸水笋穿篱。

马蹄无入朱门迹,纵使春归可得知。

过酒家五首 其二 (此日长昏饮) 2. Прохожу мимо винной лавки ("Все эти дни я беспробудно пью…")

此日长昏饮,非关养性灵。

眼看人尽醉,何忍独为醒。

遣意 其二 (檐影微微落) 2. Разгоняю тоску, второе

檐影微微落,津流脉脉斜。

野船明细火,宿雁聚圆沙。

云掩初弦月,香传小树花。

邻人有美酒,稚子夜能赊。

绝句二首 其二 (江碧鸟逾白) 2. Усеченные строфы ("Река бирюзова, и птица стала белее…")

江碧鸟逾白,山青花欲燃。

今春看又过,何日是归年。

柳枝词 其二 (渭水西来万里遥) 2. Цы на мелодию "Ветка ивы" ("С далекого запада долго-долго вэйшуй струится, петляя…")

渭水西来万里遥,行人归去水迢迢。

垂杨不系离情住,只送飞花过渭桥。

长安道 其二 (西行一千里) 2. Чанъаньская дорога

西行一千里,暝色生寒树。

暗闻歌吹声,知是长安路。

送运判朱朝奉入蜀七首 其三 (岷峨天一方) III. "Над горами – квадрат: это неба кусок…"

岷峨天一方,云月在我侧。

谓是山中人,相望了不隔。

Примечания

В источнике текста оригинала на китайском языке (Baidu) все семь частей цикла даны единым блоком. Приведенная здесь разбивка на семь частей выполнена в соответствии с текстами перевода И. Голубева.

游龙门分题十五首 其三 石楼 (高滩复下滩) III. Пороги на реке

高滩复下滩,风急刺舟难。

不及楼中客,徘徊川上山。

夕阳洲渚远,唯见白鸥翻。

湘君 (君不行兮夷猶) Владыке реки Сян ("Почему ты не приходишь, мой возлюбленный Владыка?..")

君不行兮夷猶,蹇誰留兮中洲?

美要眇兮宜修,沛吾乘兮桂舟。

令沅湘兮無波,使江水兮安流!

望夫君兮未來,吹參差兮誰思!

駕飛龍兮北征,邅吾道兮洞庭。

薜荔柏兮蕙綢,蓀橈兮蘭旌。

望涔陽兮極浦,橫大江兮揚靈。

揚靈兮未極,女嬋媛兮為余太息。

橫流涕兮潺湲,隱思君兮陫側。

桂櫂兮蘭枻,斲冰兮積雪。

采薜荔兮水中,搴芙蓉兮木末。

心不同兮媒勞,恩不甚兮輕絕。

石瀨兮淺淺,飛龍兮翩翩。

交不忠兮怨長,期不信兮告余以不閒。

鼂騁騖兮江臯,夕弭節兮北渚。

鳥次兮屋上,水周兮堂下。

捐余玦兮江中,遺余佩兮醴浦。

采芳洲兮杜若,將以遺兮下女。

旹不可兮再得,聊逍遙兮容與。

九章 哀郢 (皇天之不純命兮) Плачу по столице Ин ("О милосердное небо, где же твои законы?.."

皇天之不純命兮,何百姓之震愆?

民離散而相失兮,方仲春而東遷。

去故鄉而就遠兮,遵江夏以流亡。

出國門而軫懷兮,甲之朝吾以行。

發郢都而去閭兮,荒忽其焉極?

楫齊揚以容與兮,哀見君而不再得。

望長楸而太息兮,涕淫淫其若霰。

過夏首而西浮兮,顧龍門而不見。

心嬋媛而傷懷兮,眇不知其所蹠。

順風波以從流兮,焉洋洋而為客。

淩陽侯之氾濫兮,忽翱翔之焉薄。

心絓結而不解兮,思蹇產而不釋。

將運舟而下浮兮,上洞庭而下江。

去終古之所居兮,今逍遙而來東。

羌靈魂之欲歸兮,何須臾而忘反。

背夏浦而西思兮,哀故都之日遠。

登大墳以遠望兮,聊以舒吾憂心。

哀州土之平樂兮,悲江介之遺風。

當陵陽之焉至兮,淼南渡之焉如?

曾不知夏之為丘兮,孰兩東門之可蕪?

心不怡之長久兮,憂與愁其相接。

惟郢路之遼遠兮,江與夏之不可涉。

忽若去不信兮,至今九年而不復。

慘鬱鬱而不通兮,蹇侘傺而含慼。

外承歡之汋約兮,諶荏弱而難持。

忠湛湛而願進兮,妒被離而鄣之。

堯舜之抗行兮,瞭杳杳而薄天。

眾讒人之嫉妒兮,被以不慈之偽名。

憎慍惀之脩美兮,好夫人之康慨。

眾踥蹀而日進兮,美超遠而逾邁。

亂曰:

曼余目以流觀兮,冀壹反之何時。

鳥飛反故鄉兮,狐死必首丘。

信非吾罪而棄逐兮,何日夜而忘之!

古诗十九首 其三 青青陵上柏 (青青陵上柏 磊磊涧中石) Третье стихотворение ("Вечно зелен, растет кипарис на вершине горы…")

青青陵上柏,磊磊涧中石。

人生天地间,忽如远行客。

斗酒相娱乐,聊厚不为薄。

驱车策驽马,游戏宛与洛。

洛中何郁郁,冠带自相索。

长衢罗夹巷,王侯多第宅。

两宫遥相望,双阙百余尺。

极宴娱心意,戚戚何所迫。

山中五詠。 南澗 (上路各乘軒) Южный горный ручей

上路各乘軒,高明盡鳴玉。

寧知澗下人,自愛輕波淥。

三月十六日石湖书事三首 其三 (湖光明可鉴) 3.

湖光明可鉴,山色净如沐。

閒心惬旧观,愁眼快奇瞩。

依然北窗下,凝尘满书簏。

访我乌皮几,拂我青毡褥。

荒哉赋远游,幸甚遂初服。

老红饯馀春,众绿自幽馥。

好风吹晚晴,斜照入疏竹。

兀坐胎息匀,不觉清梦熟。

病中绝句八首 其三 (石鼎飕飕夜煮汤) 3.

石鼎飕飕夜煮汤,乱拖芝朮斗温凉。

化儿幻我知何用,祗与人间试药方。

四言赠兄秀才入军诗 第三章 (泳彼长川) 3.

泳彼长川,言息其浒。

陟彼高冈,言刈其楚。

嗟我征迈,独行踽踽。

仰彼凯风,涕泣如雨。

玉臺體詩詩二首 其三 (隐映罗衫薄) 3.

隐映罗衫薄,轻盈玉腕圆。

相逢不肯语,微笑画屏前。

皇甫岳云溪杂题 鸬鹚堰 (乍向红莲没) 3.

乍向红莲没,复出清蒲飏。

独立何䙰褷,衔鱼古查上。

其三 (冷淡病心情) 3.

冷淡病心情,暄和好时节。

故园音信断,远郡亲宾绝。

其三 (苕水如汉水) 3.

苕水如汉水,鳞鳞鸭头青。

吴兴胜襄阳,万瓦浮青冥。

我非羊叔子,愧此岘山亭。

悲伤意则同,岁月如流星。

从我两王子,高鸿插修翎。

湛辈何足道,当以德自铭。

答李浣三首 其三 (林中观易罢) 3.

林中观易罢,溪上对鸥闲。

楚俗饶辞客,何人最往还。

江行無題 其三 (浦煙含夜色) 3.

浦煙含夜色,冷日轉秋旻。

自有沈碑在,清光不照人。

效崔国辅体四首 其三 (酒力滋睡眸) 3.

酒力滋睡眸,卤莽闻街鼓。

欲明天更寒,东风打窗雨。

过酒家五首 其三 (竹叶连糟翠) 3.

竹叶连糟翠,蒲萄带曲红。

相逢不令尽,别后为谁空。

宴坐庵四首 其三 (粥鱼吼罢鼓逢逢) 3.

粥鱼吼罢鼓逢逢,卧听饥鼯上晓釭。

一点斜光明纸帐,悟知檐雀已穿窗。

春近四绝句 其三 (小雪晴沙不作泥) 3.

小雪晴沙不作泥,疏帘红日弄朝晖。

年华已伴梅梢晚,春色先从草际归。

其三 (雾气因山见) 3.

雾气因山见,波痕到岸消。

诗人元自懒,物色故相撩。

琅琊山六题 其三 石屏路 (石屏自倚浮云外) 3.

石屏自倚浮云外,石路久无人迹行。

我来携酒醉其下,卧看千峰秋月明。

雪中闻墙外鬻鱼菜者求售之声甚苦有感三绝 其三 (啼号升斗抵千金) 3.

啼号升斗抵千金,冻雀饥鸦共一音。

劳汝以生令至此,悠悠大块亦何心。

道德經 第三章 (不尚賢 使民不爭) 3. "Если не почитать мудрецов, то в народе не будет ссор..."

不尚賢,使民不爭;不貴難得之貨,使民不為盜;不見可欲,使心不亂。是以聖人之治,虛其心,實其腹,弱其志,強其骨。常使民無知無欲。使天知者不敢為也。為無為,則無不治。

诗八首 其三 (你底年龄里的小小野兽) 3. "Маленький дикий зверёк твоих лет..."

你底年龄里的小小野兽,

它和春草一样地呼吸,

它带来你底颜色,芳香,丰满,

它要你疯狂在温暖的黑暗里。

 

我越过你大理石的理智殿堂,

而为它埋藏的生命珍惜;

你我底手底接触是一片草场,

那里有它底固执,我底惊喜。

渔父四首 其三 (渔父醒) 3. "Рыбак наш трезв, он трезв пока..."

渔父醒,春江午,梦断落花飞絮。酒醒还醉醉还醒,一笑人间今古。

(мелодия "渔父")

饮酒 其三 (道丧向千载) 3. "Скоро тысячелетье, как заброшен путь правды, дао"

道丧向千载,人人惜其情。

有酒不肯饮,但顾世间名。

所以贵我身,岂不在一生。

一生复能几,倏如流电惊。

鼎鼎百年内,持此欲何成!

偶然作 其三 (日夕见太行) 3. "Солнце заходит. Гляжу на Тайханский хребет…"

日夕见太行,沈吟未能去。

问君何以然,世网婴我故。

小妹日成长,兄弟未有娶。

家贫禄既薄,储蓄非有素。

几回欲奋飞,踟蹰复相顾。

孙登长啸台,松竹有遗处。

相去讵几许,故人在中路。

爱染日已薄,禅寂日已固。

忽乎吾将行,宁俟岁云暮。

陪侍郎叔游洞庭醉后三首 其三 (刬却君山好) 3. "Сровнять бы подчистую Царский холм..."

刬却君山好,平铺湘水流。

巴陵无限酒,醉杀洞庭秋。

其三 (我真想看穿墙壁) 3. "Хотел бы видеть эту стену насквозь..."

我真想看穿墙壁,

看清里边是什么。

书晁补之所藏与可画竹三首 其三 (晁子拙生事) 3. (II. Жил Чжао-муж не для желудка, право!...")

晁子拙生事,舉家聞食粥。

朝來又絕倒,諛墓得霜竹。

可憐先生槃,朝日照苜蓿。

吾詩固云爾,可使食無肉。

 

(吾舊詩云:可使食無肉,不可居無竹。)

后出塞五首 其三 (古人重守边) 3. В поход за Великую стену, третье

古人重守边,今人重高勋。

岂知英雄主,出师亘长云。

六合已一家,四夷且孤军。

遂使貔虎士,奋身勇所闻。

拔剑击大荒,日收胡马群;

誓开玄冥北,持以奉吾君!

山村五绝 其三 (老翁七十自腰镰) 3. Горная деревня ("Вот старик - семь десятков ему серп за поясом...")

老翁七十自腰镰,惭愧春山笋蕨甜。

岂是闻韵解忘味,迩来三月食无盐。

游城南 其三 晚春 (草树知春不久归) 3. Поздняя весна

草树知春不久归,百般红紫斗芳菲。

杨花榆荚无才思,惟解漫天作雪飞。

送运判朱朝奉入蜀七首 其四 (梦寻西南路) IV.

梦寻西南路,默数长短亭。

似闻嘉陵江,跳波吹锦屏。

Примечания

В источнике текста оригинала на китайском языке (Baidu) все семь частей цикла даны единым блоком. Приведенная здесь разбивка на семь частей выполнена в соответствии с текстами перевода И. Голубева.

湘夫人 (帝子降兮北渚) Владычице реки Сян ("Дочь моя, спустись на остров, на его пустынный берег...")

帝子降兮北渚,目眇眇兮愁予。

嫋嫋兮秋風,洞庭波兮木葉下。

白薠兮騁望,與佳期兮夕張。

鳥何萃兮蘋中,罾何為兮木上。

沅有茝兮醴有蘭,思公子兮未敢言。

荒忽兮遠望,觀流水兮潺湲。

麋何食兮庭中?蛟何為兮水裔?

朝馳余馬兮江臯,夕濟兮西澨。

聞佳人兮召予,將騰駕兮偕逝。

築室兮水中,葺之兮荷蓋。

蓀壁兮紫壇,播芳椒兮成堂。

桂棟兮蘭橑,辛夷楣兮葯房。

罔薜荔兮為帷,擗蕙櫋兮既張。

白玉兮為鎮,疏石蘭兮為芳。

芷葺兮荷屋,繚之兮杜衡。

合百草兮實庭,建芳馨兮廡門。

九嶷繽兮並迎,靈之來兮如雲。

捐余袂兮江中,遺余褋兮醴浦。

搴汀洲兮杜若,將㠯遺兮遠者。

時不可兮驟得,聊逍遙兮容與。

西江月 其四 遣兴 (醉里且贪欢笑) Долой печаль ("Есть во хмелю потехи упоенье…")

醉里且贪欢笑,要愁那得功夫。

近来始觉古人书,信着全无是处。

 

昨夜松边醉倒,问松我醉何如?

只疑松动要来扶,以手推松曰去!

(Мелодия "西江月")

九章 抽思 (心鬱鬱之憂思兮) Думы ("Теснятся грустные мысли в душе моей одинокой…")

心鬱鬱之憂思兮,獨永歎乎增傷。

思蹇產之不釋兮,曼遭夜之方長。

悲秋風之動容兮,何回極之浮浮。

數惟蓀之多怒兮,傷余心之懮懮。

願搖起而橫奔兮,覽民尤以自鎮。

結微情以陳詞兮,矯以遺夫美人。

昔君與我誠言兮,曰黃昏以為期。

羌中道而回畔兮,反既有此他志。

憍吾以其美好兮,覽余以其脩姱。

與余言而不信兮,蓋為余而造怒。

願承閒而自察兮,心震悼而不敢;

悲夷猶而冀進兮,心怛傷之憺憺。

玆歷情以陳辭兮,蓀詳聾而不聞。

固切人之不媚兮,眾果以我為患。

初吾所陳之耿著兮,豈至今其庸亡?

何獨樂斯之謇謇兮?願蓀美之可完。

望三五以為像兮,指彭咸以為儀。

夫何極而不至兮,故遠聞而難虧。

善不由外來兮,名不可以虛作。

孰無施而有報兮,孰不實而有穫?

少歌曰:

與美人抽怨兮,并日夜而無正。

憍吾以其美好兮,敖朕辭而不聽。

倡曰:

有鳥自南兮,來集漢北。

好姱佳麗兮,牉獨處此異域。

既惸獨而不群兮,又無良媒在其側。

道卓遠而日忘兮,願自申而不得。

望北山而流涕兮,臨流水而太息。

望孟夏之短夜兮,何晦明之若歲!

惟郢路之遼遠兮,魂一夕而九逝。

曾不知路之曲直兮,南指月與列星。

願徑逝而未得兮,魂識路之營營。

何靈魂之信直兮,人之心不與吾心同!

理弱而媒不通兮,尚不知余之從容。

亂曰:

長瀨湍流,泝江潭兮。

狂顧南行,聊以娛心兮。

軫石崴嵬,蹇吾願兮。

超回志度,行隱進兮。

低佪夷猶,宿北姑兮。

煩冤瞀容,實沛徂兮。

愁歎苦神,靈遙思兮。

路遠處幽,又無行媒兮。

道思作頌,聊以自救兮。

憂心不遂,斯言誰告兮。

虞美人 其四 赋荼蘼 (群花泣尽朝来露) Славлю чайную розу

群花泣尽朝来露。争奈春归去。

不知庭下有荼蘼。偷得十分春色、怕春知。

 

淡中有味清中贵。飞絮残英避。

露华微渗玉肌香。恰似杨妃初试、出兰汤。

(Мелодия "虞美人")

其四 (北风吹倒落星寺) Стихотворение четвертое

北风吹倒落星寺,吾与伯伦俱醉眠。

螟蛉蜾蠃但痴坐,夜寒南北斗垂天。

江畔獨步尋花七絕句 其四 (東望少城花滿煙) четвертое ("переполнен дымкой цветов чхэнду...")

東望少城花滿煙,

百花高樓更可憐。

誰能載酒開金盞,

喚取佳人舞繡筵。

古诗十九首 其四 今日良宴会 (今日良宴会 欢乐难具陈) Четвертое стихотворение ("Такой уж сегодня хороший праздничный пир...")

今日良宴会,欢乐难具陈。

弹筝奋逸响,新声妙入神。

令德唱高言,识曲听其真。

齐心同所愿,含意俱未申。

人生寄一世,奄忽若飙尘。

何不策高足,先据要路津。

无为守穷贱,轗轲长苦辛。

病中绝句八首 其四 (病中心境两俱降) 4.

病中心境两俱降,犹忆江湖白鸟双。

一夜雨声鸣纸瓦,听成飞雪打船窗。

山村五绝 其四 (杖藜裹饭去匆匆) 4.

杖藜裹饭去匆匆,过眼青钱转手空。

赢得儿童语音好,一年强半在城中。

四言赠兄秀才入军诗 第四章 (泳彼长川) 4.

泳彼长川,言息其沚。

陟彼高冈,言刈其杞。

嗟我独征,靡瞻靡恃。

仰彼凯风,载坐载起。

蓝田溪杂咏 其四 古藤 (引蔓出云树) 4.

引蔓出云树,垂纶覆巢鹤。

幽人对酒时,苔上闲花落。

玉臺體詩詩二首 其四 (知向辽东去) 4.

知向辽东去,由来几许愁。

破颜君莫怪,娇小不禁羞。

其四 (山郭灯火稀) 4.

山郭灯火稀,峡天星汉少。

年光东流水,生计南枝鸟。

江行無題 其四 (楚岸雲空合) 4.

楚岸雲空合,楚城人不來。

只今誰善舞,莫恨廢章台。

效崔国辅体四首 其四 (罗幕生春寒) 4.

罗幕生春寒,绣窗愁未眠。

南湖一夜雨,应湿采莲船。

过酒家五首 其四 (对酒但知饮) 4.

对酒但知饮,逢人莫强牵。

倚炉便得睡,横瓮足堪眠。

游龙门分题十五首 其四 上方阁 (闻钟渡寒水) 4.

闻钟渡寒水,共步寻云嶂。

还随孤鸟下,却望层林上。

清梵远犹闻,日暮空山响。

宴坐庵四首 其四 (跏趺合眼是无何) 4.

跏趺合眼是无何,静里惟闻鸟雀多。

俗客叩门称问字,又烦居士起穿靴。

春近四绝句 其四 (梅英欲近香无赖) 4.

梅英欲近香无赖,草色才苏绿未匀。

苦竹空将岁寒节,又随官柳到青春。

其四 (江水夜韶乐) 4.

江水夜韶乐,海棠春贵妃。

殷勤向春道,莫遣一花飞。

琅琊山六题 其四 班春亭 (信马寻春踏雪泥) 4.

信马寻春踏雪泥,醉中山水弄清辉。

野僧不用相迎送,乘兴闲来兴尽归。

其四 (这世界除了路就是墙) 4. "В мире, где нет дороги, везде - стена..."

这世界除了路就是墙,

它决定此路通与不通,

是前进还是向后转。

杂诗 其四 (南国有佳人) 4. "В южном царстве красавица-дева живет…"

南国有佳人,容华若桃李。

朝游江北岸,夕宿潇湘沚。

时俗薄朱颜,谁为发皓齿。

俛仰岁将暮,荣耀难久恃。

道德經 第四章 (道沖而用之或不盈) 4. "Дао пусто, но в применении неисчерпаемо..."

道沖而用之或不盈。淵兮似萬物之宗。挫其銳,解其紛,和其光,同其塵。湛兮似或存。吾不知誰之子,象帝之先。

原道 其四 (老者曰 孔子 吾師之弟子) 4. "Последователи Лао-цзы говорили: "Конфуций - ученик нашего Учителя"…"

老者曰:「孔子,吾師之弟子。」佛者曰:「孔子,吾師之弟子也。」為孔子者,習聞其說,樂其誕而自小也,亦曰:「吾師亦嘗師之云爾。」不惟舉之於其口,而又筆之於其書。噫!後之人,雖欲聞仁義道德之說,其孰從而求之?甚矣!人之好怪也。不求其端,不訊其末,惟怪之欲聞。

偶然作 其四 (陶潜任天真) 4. "Поэт Тао Цянь простой, правдивый, прямой…"

陶潜任天真,其性颇耽酒。

自从弃官来,家贫不能有。

九月九日时,菊花空满手。

中心窃自思,傥有人送否。

白衣携壶觞,果来遗老叟。

且喜得斟酌,安问升与斗。

奋衣野田中,今日嗟无负。

兀傲迷东西,蓑笠不能守。

倾倒强行行,酣歌归五柳。

生事不曾问,肯愧家中妇。

渔父四首 其四 (渔父笑) 4. "Смеется он, ему смешно..."

渔父笑,轻鸥举,漠漠一江风雨。江边骑马是官人,借我孤舟南渡。

(мелодия "渔父")

诗八首 其四 (静静地 我们拥抱在) 4. "Тихо-тихо мы обнимаемся..."

静静地,我们拥抱在

用言语所能照明的世界里,

而那未成形的黑暗是可怕的,

那可能和不可能的使我们沉迷。

 

那窒息着我们的

是甜蜜的未生即死的言语,

它底幽灵笼罩,使我们游离,

游进混乱的爱底自由和美丽。

后出塞五首 其四 (献凯日继踵) 4. В поход за Великую стену, четвёртое

献凯日继踵,两蕃静无虞。

渔阳豪侠地,击鼓吹笙竽。

云帆转辽海,粳稻来东吴。

越罗与楚练,照耀舆台躯。

主将位益崇,气骄凌上都:

边人不敢议,议者死路衢。

游城南 其四 落花 (已分将身著地飞) 4. Цветы опадают

已分将身著地飞,那羞践踏损光晖。

无端又被春风误,吹落西家不得归。

送运判朱朝奉入蜀七首 其五 (送君无一物) V.

送君无一物,清江饮君马。

路穿慈竹林,父老拜马下。

Примечания

В источнике текста оригинала на китайском языке (Baidu) все семь частей цикла даны единым блоком. Приведенная здесь разбивка на семь частей выполнена в соответствии с текстами перевода И. Голубева.

大司命 (廣開兮天門) Великому повелителю жизни ("Ворота небес широко распахнулись...")

廣開兮天門,紛吾乘兮玄雲。

令飄風兮先驅,使涷雨兮灑塵。

君迴翔兮㠯下,踰空桑兮從女。

紛總總兮九州,何壽夭兮在予!

高飛兮安翔,乘清氣兮御陰陽。

吾與君兮齋速,導帝之兮九坑。

靈衣兮被被,玉佩兮陸離。

壹陰兮壹陽,衆莫知兮余所為。

折疏麻兮瑤華,將以遺兮離居。

老冉冉兮既極,不寖近兮愈疏。

乘龍兮轔轔,高駝兮沖天。

結桂枝兮延竚,羌愈思兮愁人。

愁人兮柰何,願若今兮無虧。

固人命兮有當,孰離合兮可為?

丑奴儿 其五 (年年索尽梅花笑) Каждый год мэйхуа в это время ищу…

年年索尽梅花笑,疏影黄昏。

疏影黄昏。

香满东风月一痕。

 

清诗冷落无人寄,雪艳冰魂。

雪艳冰魂。

浮玉溪头烟树村。

(Мелодия "丑奴儿")

清平乐 其五 检校山园书所见 (连云松竹) Облака над сосной и бамбуком…

连云松竹,万事从今足。

拄杖东家分社肉,白酒床头初熟。

 

西风梨枣山园,儿童偷把长竿。

莫遣旁人惊去,老夫静处闲看。

(Мелодия "清平乐")

江畔獨步尋花七絕句 其五 (黃師塔前江水東) пятое ("у усыпальницы мудрого хуан ши река течёт на восток...")

黃師塔前江水東,

春光懶困倚微風。

桃花一簇開無主,

可愛深紅愛淺紅?

古诗十九首 其五 西北有高楼 (西北有高楼 上与浮云齐) Пятое стихотворение ("На северо-западе высится дом большой...")

西北有高楼,上与浮云齐。

交疏结绮窗,阿阁三重阶。

上有弦歌声,音响一何悲!

谁能为此曲,无乃杞梁妻。

清商随风发,中曲正徘徊。

一弹再三叹,慷慨有余哀。

不惜歌者苦,但伤知音稀。

愿为双鸿鹄,奋翅起高飞。

九章 懷沙 (滔滔孟夏兮) С камнем в объятиях ("Прекрасен тихий день в начале лета…)

滔滔孟夏兮,草木莽莽。

傷懷永哀兮,汨徂南土。

眴兮杳杳,孔靜幽默。

鬱結紆軫兮,離愍而長鞠。

撫情效志兮,冤屈而自抑。

刓方以為圜兮,常度未替。

易初本迪兮,君子所鄙。

章畫志墨兮,前圖未改。

內厚質正兮,大人所盛。

巧倕不斲兮,孰察其撥正。

玄文處幽兮,矇瞍謂之不章;

離婁微睇兮,瞽以為無明。

變白以為黑兮,倒上以為下。

鳳皇在笯兮,雞鶩翔舞。

同糅玉石兮,一槩而相量。

夫惟黨人鄙固兮,羌不知余之所臧。

任重載盛兮,陷滯而不濟。

懷瑾握瑜兮,窮不知所示。

邑犬之群吠兮,吠所怪也。

非俊疑傑兮,固庸態也。

文質疏內兮,眾不知余之異采。

材樸委積兮,莫知余之所有。

重仁襲義兮,謹厚以為豐。

重華不可遌兮,孰知余之從容!

古固有不並兮,豈知其何故?

湯禹久遠兮,邈而不可慕。

懲違改忿兮,抑心而自彊。

離湣而不遷兮,願志之有像。

進路北次兮,日昧昧其將暮。

舒憂娛哀兮,限之以大故。

亂曰:

浩浩沅﹑湘,分流汨兮。

脩路幽蔽,道遠忽兮。

曾吟恆悲,永歎慨兮。

世既莫吾知,人心不可謂兮。

懷質抱情,獨無正兮。

伯樂既沒,驥焉程兮?

萬民之生,各有所錯兮。

定心廣志,余何畏懼兮?

曾傷爰哀,永歎喟兮。

世溷濁莫吾知,人心不可謂兮。

知死不可讓,願勿愛兮。

明告君子,吾將以為類兮。

病中绝句八首 其五 (檐头排溜密如帘) 5.

檐头排溜密如帘,溪上层阴定解严。

最是看山奇绝处,白云堆絮拥青尖。

山村五绝 其五 (窃禄忘归我自羞) 5.

窃禄忘归我自羞,丰年底事汝忧愁。

不须更待飞鸢坠,方念平生马少游。

四言赠兄秀才入军诗 第五章 (穆穆惠风) 5.

穆穆惠风,扇彼轻尘。

奕奕素波,转此游鳞。

伊我之劳,有怀遐人。

寤言永思,寔钟所亲。

蓝田溪杂咏 其五 晚归鹭 (池上静难厌) 5.

池上静难厌,云间欲去晚。

忽背夕阳飞,乘兴清风远。

玉臺體詩詩二首 其五 (楼上吹箫罢) 5.

楼上吹箫罢,闺中刺绣阑。

佳期不可见,尽日泪潺潺。

皇甫岳云溪杂题 上平田 (朝耕上平田) 5.

朝耕上平田,暮耕上平田。

借问问津者,宁知沮溺贤。

其五 (冥怀齐远近) 5.

冥怀齐远近,委顺随南北。

归去诚可怜,天涯住亦得。

偶然作 其五 (赵女弹箜篌) 5.

赵女弹箜篌,复能邯郸舞。

夫婿轻薄儿,斗鸡事齐主。

黄金买歌笑,用钱不复数。

许史相经过,高门盈四牡。

客舍有儒生,昂藏出邹鲁。

读书三十年,腰间无尺组。

被服圣人教,一生自穷苦。

江行無題 其五 (行背青山郭) 5.

行背青山郭,吟當白露秋。

風流無屈宋,空詠古荊州。

过酒家五首 其五 (有客须教饮) 5.

有客须教饮,无钱可别沽。

来时长道贳,惭愧酒家胡。

琅琊山六题 其五 庶子泉 (庶子遗踪留此地) 5.

庶子遗踪留此地,寒岩徙倚弄飞泉。

古人不见心可见,一片清光长皎然。

原道 其五 (古之為民者四) 5. "В древности народ слагался из четырех групп; теперь народ слагается из шести"…"

古之為民者四,今之為民者六。古之教者處其一,今之教者處其三。農之家一,而食粟之家六。工之家一,而用器之家六。賈之家一,而資焉之家六。奈之何民不窮且盜也!

诗八首 其五 (夕阳西下 一阵微风吹拂着田野) 5. "Легкий ветерок на закате обдувает поля..."

夕阳西下,一阵微风吹拂着田野,

是多么久的原因在这里积累。

那移动了的景物移动我底心

从最古老的开端流向你,安睡。

 

那形成了树木和屹立的岩石的,

将使我此时的渴望永存,

一切在它底过程中流露的美

教我爱你的方法,教我变更。

道德經 第五章 (天地不仁) 5. "Небо и Земля не обладают человеколюбием и предоставляют всем существам возможность жить собственной жизнью..."

天地不仁,以萬物為芻狗;聖人不仁,以百姓為芻狗。天地之間,其猶橐籥乎?虛而不屈,動而愈出。多言數窮,不如守中。

后出塞五首 其五 (我本良家子) 5. В поход за Великую стену, пятое

我本良家子,出师亦多门。

将骄益愁思,身贵不足论。

跃马二十年,恐辜明主恩。

坐见幽州骑,长驱河洛昏。

中夜间道归,故里但空村。

恶名幸脱免,穷老无儿孙。

游城南 其五 楸树二首 (几岁生成为大树) 5. Ива. Первое из двух.

几岁生成为大树,一朝缠绕困长藤。

谁人与脱青罗帔,看吐高花万万层。

浣溪沙 其六 赋清虚 (强欲加餐竟未佳) "Себя я принуждаю больше есть…"

强欲加餐竟未佳。

只宜长伴病僧斋。

心似风吹香篆过,也无灰。

 

山下朝来云出岫,随风一去未曾回。

次第前村行雨了,合归来。

(Мелодия "浣溪沙")

送运判朱朝奉入蜀七首 其六 (不用惊走藏) VI.

不用惊走藏,使者我友生。

听讼如家人,细说为汝评。

Примечания

В источнике текста оригинала на китайском языке (Baidu) все семь частей цикла даны единым блоком. Приведенная здесь разбивка на семь частей выполнена в соответствии с текстами перевода И. Голубева.

九章 思美人 (思美人兮 攬涕而佇眙) Думаю о любимом человеке ("Я думаю постоянно о человеке любимом…")

思美人兮,攬涕而佇眙。

媒絕路阻兮,言不可結而詒。

蹇蹇之煩冤兮,陷滯而不發。

申旦以舒中情兮,志沈菀而莫達。

願寄言於浮雲兮,遇豐隆而不將。

因歸鳥而致辭兮,羌宿高而難當。

高辛之靈盛兮,遭玄鳥而致詒。

欲變節以從俗兮,媿易初而屈志。

獨歷年而離愍兮,羌馮心猶未化。

寧隱閔而壽考兮,何變易之可為!

知前轍之不遂兮,未改此度。

車既覆而馬顛兮,蹇獨懷此異路。

勒騏驥而更駕兮,造父為我操之。

遷逡次而勿驅兮,聊假日以須時。

指嶓冢之西隈兮,與纁黃以為期。

開春發歲兮,白日出之悠悠。

吾將蕩志而愉樂兮,遵江夏以娛憂。

攬大薄之芳茞兮,搴長洲之宿莽。

惜吾不及古人兮,吾誰與玩此芳草?

解萹薄與雜菜兮,備以為交佩。

佩繽紛以繚轉兮,遂萎絕而離異。

吾且儃佪以娛憂兮,觀南人之變態。

竊快在中心兮,揚厥憑而不俟。

芳與澤其雜糅兮,羌芳華自中出。

紛郁郁其遠承兮,滿內而外揚。

情與質信可保兮,羌居蔽而聞章。

令薜荔以為理兮,憚舉趾而緣木。

因芙蓉而為媒兮,憚蹇裳而濡足。

登高吾不說兮,入下吾不能。

固朕形之不服兮,然容與而狐疑。

廣遂前畫兮,未改此度也。

命則處幽,吾將罷兮,願及白日之未暮。

獨煢煢而南行兮,思彭咸之故也。

少司命 (秋蘭兮麋蕪) Малому повелителю жизни ("Осенние орхидеи и белоснежный ирис...")

秋蘭兮麋蕪,羅生兮堂下。

綠葉兮素華,芳菲菲兮襲予。

夫人自有兮美子,蓀何以兮愁苦!

秋蘭兮青青,綠葉兮紫莖。

滿堂兮美人,忽獨與余兮目成。

入不言兮出不辭,乘回風兮載雲旗。

悲莫悲兮生別離,樂莫樂兮新相知。

荷衣兮蕙帶,儵而來兮忽而逝。

夕宿兮帝郊,君誰須兮雲之際?

與女沐兮咸池,晞女髮兮陽之阿。

望美人兮未來,臨風怳兮浩歌。

孔蓋兮翠旍,登九天兮撫彗星。

竦長劍兮擁幼艾,蓀獨宜兮為民正。

江畔獨步尋花七絕句 其六 (黃四孃家花滿蹊) шестое ("к домику тётушки хуан сы тропинка полна цветами...")

黃四孃家花滿蹊,

千朵萬朵壓枝低。

留連戲蝶時時舞,

自在嬌鶯恰恰啼。

古诗十九首 其六 涉江采芙蓉 (涉江采芙蓉 兰泽多芳草) Шестое стихотворение ("Вброд идя через реку, лотосов я нарвал…")

涉江采芙蓉,兰泽多芳草。

采之欲遗谁,所思在远道。

还顾望旧乡,长路漫浩浩。

同心而离居,忧伤以终老。

病中绝句八首 其六 (夜合梢头蘸紫茸) 6.

夜合梢头蘸紫茸,菉葱顶上拆黄封。

去年团扇题诗处,依旧疏帘细雨中。

四言赠兄秀才入军诗 第六章 (所亲安在) 6.

所亲安在,舍我远迈。

弃此荪芷,袭彼萧艾。

虽曰幽深,岂无颠沛。

言念君子,不遐有害。

蓝田溪杂咏 其六 洞仙谣 (几转到青山) 6.

几转到青山,数重度流水。

秦人入云去,知向桃源里。

玉臺體詩詩二首 其六 (泪尽珊瑚枕) 6.

泪尽珊瑚枕,魂销玳瑁床。

罗衣不忍著,羞见绣鸳鸯。

江行無題 其六 (晚來漁父喜) 6.

晚來漁父喜,網重欲收遲。

恐有長江使,金錢願贖龜。

游龙门分题十五首 其六 宿广化寺 (横槎渡深涧) 6.

横槎渡深涧,披露采香薇。

樵歌杂梵响,共向松林归。

日落寒山惨,浮云随客衣。

其六 (春色有情意) 6.

春色有情意,桃花生暮寒。

只应催客子,不遣立江干。

琅琊山六题 其六 惠觉方丈 (青松行尽到山门) 6.

青松行尽到山门,乱峰深处开方丈。

已能宴坐老山中,何用声名传海上。

原道 其六 (古之時 人之害多矣) 6. "В древние времена бед у людей было много…"

古之時,人之害多矣。有聖人者立,然後教之以相生養之道。為之君,為之師,驅其蟲蛇禽獸,而處之中土。寒,然後為之衣。饑,然後為之食。木處而顛,土處而病也,然後為之宮室。為之工,以贍其器用。為之賈,以通其有無。為之醫藥,以濟其夭死。為之葬埋祭祀,以長其恩愛。為之禮,以次其先後。為之樂,以宣其湮鬱。為之政,以率其怠倦。為之刑,以鋤其強梗。相欺也,為之符璽,斗斛權衡以信之。相奪也,為之城郭甲兵以守之。害至而為之備,患生而為之防。

饮酒 其六 (行止千万端) 6. "В поступках людских, в несметных тысячах тысяч…"

行止千万端,谁知非与是?

是非苟相形,雷同共誉毁。

三季多此事,达士似不尔。

咄咄俗中恶,且当从黄绮。

诗八首 其六 (相同和相同溶为怠倦) 6. "Подобное в подобном медленно растворяется..."

相同和相同溶为怠倦,

在差别间又凝固着陌生;

是一条多么危险的窄路里,

我制造自己在那上面旅行。

 

他存在,听从我底指使,

他保护,而把我留在孤独里,

他底痛苦是不断地寻求

你底秩序,求得了又必须背离。

道德經 第六章 (谷神不死) 6. "Превращения невидимого [Дао?] бесконечны..."

谷神不死,是謂玄牝。玄牝之門,是謂天地根。綿綿若存,用之不勤。

游城南 其六 楸树二首 (幸自枝条能树立) 6. Ива. Второе из двух.

幸自枝条能树立,可烦萝蔓作交加。

傍人不解寻根本,却道新花胜旧花。

典雅 (玉壶买春) 6. Классически строго и тонко ("В яшмовый чайник купил я "весны"…")

玉壶买春,赏雨茅屋。

坐中佳士,左右修竹。

白云初晴,幽鸟相逐。

眠琴绿阴,上有飞瀑。

落花无言,人淡如菊。

书之岁华,其曰可读。

送运判朱朝奉入蜀七首 其七 (若逢山中友) VII.

若逢山中友,问我归何日。

为话腰脚轻,犹堪踏泉石。

Примечания

В источнике текста оригинала на китайском языке (Baidu) все семь частей цикла даны единым блоком. Приведенная здесь разбивка на семь частей выполнена в соответствии с текстами перевода И. Голубева.

東君 (暾將出兮東方) Владыке Востока ("Ты появляешься в алых лучах на востоке...")

暾將出兮東方,照吾檻兮扶桑。

撫余馬兮安驅,夜晈晈兮既明。

駕龍輈兮乘雷,載雲旗兮委蛇。

長太息兮將上,心低佪兮顧懷。

羌聲色兮娛人,觀者憺兮忘歸。

緪瑟兮交鼓,簫鍾兮瑤簴,

鳴箎兮吹竽,思靈保兮賢姱。

翾飛兮翠曾,展詩兮會舞。

應律兮合節,靈之來兮蔽日。

青雲衣兮白霓裳,舉長矢兮射天狼。

操余弧兮反淪降,援北斗兮酌桂漿。

撰余轡兮高駝翔,杳冥冥兮以東行。

九章 惜往日 (惜往日之曾信兮) Мне жаль ушедших дней ("Жалею о днях, когда я пользовался доверьем...")

惜往日之曾信兮,受命詔以昭詩。

奉先功以照下兮,明法度之嫌疑。

國富強而法立兮,屬貞臣而日娭。

秘密事之載心兮,雖過失猶弗治。

心純庬而不泄兮,遭讒人而嫉之。

君含怒而待臣兮,不清澈其然否。

蔽晦君之聰明兮,虛惑誤又以欺。

弗參驗以考實兮,遠遷臣而弗思。

信讒諛之溷濁兮,盛氣志而過之。

何貞臣之無罪兮,被離謗而見尤。

慚光景之誠信兮,身幽隱而備之。

臨沅湘之玄淵兮,遂自忍而沈流。

卒沒身而絕名兮,惜壅君之不昭。

君無度而弗察兮,使芳草為藪幽。

焉舒情而抽信兮,恬死亡而不聊。

獨鄣壅而蔽隱兮,使貞臣為無由。

聞百里之為虜兮,伊尹烹於庖廚。

呂望屠於朝歌兮,甯戚歌而飯牛。

不逢湯武與桓繆兮,世孰云而知之。

吳信讒而弗味兮,子胥死而後憂。

介子忠而立枯兮,文君寤而追求。

封介山而為之禁兮,報大德之優游。

思久故之親身兮,因縞素而哭之。

或忠信而死節兮,或訑謾而不疑。

弗省察而按實兮,聽讒人之虛辭。

芳與澤其雜糅兮,孰申旦而別之?

何芳草之早殀兮,微霜降而下戒。

諒聰不明而蔽壅兮,使讒諛而日得。

自前世之嫉賢兮,謂蕙若其不可佩。

妒佳冶之芬芳兮,嫫母姣而自好。

雖有西施之美容兮,讒妒入以自代。

願陳情以白行兮,得罪過之不意。

情冤見之日明兮,如列宿之錯置。

乘騏驥而馳騁兮,無轡銜而自載;

乘氾泭以下流兮,無舟楫而自備。

背法度而心治兮,辟與此其無異。

寧溘死而流亡兮,恐禍殃之有再。

不畢辭而赴淵兮,惜壅君之不識。

古诗十九首 其七 明月皎夜光 (明月皎夜光 促织鸣东壁) Седьмое стихотворение ("Сияньем луны все ночью озарено…")

明月皎夜光,促织鸣东壁。

玉衡指孟冬,众星何历历。

白露沾野草,时节忽复易。

秋蝉鸣树间,玄鸟逝安适。

昔我同门友,高举振六翮。

不念携手好,弃我如遗迹。

南箕北有斗,牵牛不负轭。

良无磐石固,虚名复何益。

病中绝句八首 其七 (盆倾瓴建夜翻渠) 7.

盆倾瓴建夜翻渠,绕屋蛙声一倍粗。

想见西堂浑不睡,明朝踏湿看菖蒲。

蓝田溪杂咏 其七 药圃 (春畦生百药) 7.

春畦生百药,花叶香初霁。

好容似风光,偏来入丛蕙。

玉臺體詩詩二首 其七 (君去期花时) 7.

君去期花时,花时君不至。

檐前双燕飞,落妾相思泪。

其七 (啧啧雀引雏) 7.

啧啧雀引雏,梢梢笋成竹。

时物感人情,忆我故乡曲。

江行無題 其七 (去指龍沙路) 7.

去指龍沙路,徒懸象闕心。

夜涼無遠夢,不為偶聞砧。

游龙门分题十五首 其七 自菩提步月归广化寺 (春岩瀑泉响) 7.

春岩瀑泉响,夜久山已寂。

明月净松林,千峰同一色。

原道 其七 (今其言曰) 7. "А последователи Лао-цзы сейчас говорят:…"

今其言曰:「聖人不死,大盜不止;剖斗折衡,而民不爭。」嗚呼!其亦不思而已矣!如古之無聖人,人之類滅久矣。何也?無羽毛鱗介以居寒熱也,無爪牙以爭食也。

道德經 第七章 (天長地久) 7. "Небо и Земля - долговечны..."

天長地久。天地所以能長且久者,以其不自生,故能長生。是以聖人後其身而身先;外其身而身存。非以其無私耶?故能成其私。

诗八首 其七 (风暴 远路 寂寞的夜晚) 7. "Ураган, дальний путь, ночь одиночества..."

风暴,远路,寂寞的夜晚,

丢失,记忆,永续的时间,

所有科学不能祛除的恐惧

让我在你底怀里得到安憩——

 

呵,在你底不能自主的心上,

你底随有随无的美丽的形象,

那里,我看见你孤独的爱情

笔立着,和我底平行着生长!

洗炼 (如矿出金) 7. И мою и плавлю ("Подобно породе, нам золото давшей…")

如矿出金,如铅出银。

超心炼冶,绝爱缁磷。

空潭泻春,古镜照神。

体素储洁,乘月返真。

载瞻星辰,载歌幽人。

流水今日,明月前身。

游城南 其七 风折花枝 (浮艳侵天难就看) 7. Сломанные ветром цветущие ветки

浮艳侵天难就看,清香扑地只遥闻。

春风也是多情思,故拣繁枝折赠君。

古诗十九首 其八 冉冉孤生竹 (冉冉孤生竹 结根泰山阿) Восьмое стихотворение ("Гнется, гнется под ветром тот бамбук, что растет сиротою...")

冉冉孤生竹,结根泰山阿。

与君为新婚,菟丝附女萝。

菟丝生有时,夫妇会有宜。

千里远结婚,悠悠隔山陂。

思君令人老,轩车来何迟!

伤彼蕙兰花,含英扬光辉。

过时而不采,将随秋草萎。

君亮执高节,贱妾亦何为!

河伯 (與女遊兮九河) Повелителю рек ("Я гуляю с тобой, девять рек я с тобою проезжаю...")

與女遊兮九河,衝風起兮橫波。

乘水車兮荷蓋,駕兩龍兮驂螭。

登崑崙兮四望,心飛揚兮浩蕩。

日將暮兮悵忘歸,惟極浦兮寤懷。

魚鱗屋兮龍堂,紫貝闕兮朱宮。

靈何為兮水中,乘白黿兮逐文魚。

與女遊兮河之渚,流澌紛兮將來下。

子交手兮東行,送美人兮南浦。

波滔滔兮來迎,魚鱗鱗兮媵予。

玉臺體詩詩二首 其八 (空闺灭烛后) 8.

空闺灭烛后,罗幌独眠时。

泪尽肠欲断,心知人不知。

病中绝句八首 其八 (晴色先从喜鹊知) 8.

晴色先从喜鹊知,斜阳一抹照天西。

竹鸡何物能无赖,如许泥深更苦啼。

四言赠兄秀才入军诗 第八章 (我友焉之) 8.

我友焉之,隔兹山梁。

谁谓河广,一苇可航。

徒恨永离,逝彼路长。

瞻仰弗及,徙倚彷徨。

蓝田溪杂咏 其八 石上苔 (净与溪色连) 8.

净与溪色连,幽宜松雨滴。

谁知古石上,不染世人迹。

其八 (苦雨初入梅) 8.

苦雨初入梅,瘴云稍含毒。

泥秧水畦稻,灰种畲田粟。

江行無題 其八 (霧雲疏有葉) 8.

霧雲疏有葉,雨浪細無花。

穩放扁舟去,江天自有涯。

游龙门分题十五首 其八 八节滩 (乱石泻溪流) 8.

乱石泻溪流,跳波溅如雪。

往来川上人,朝暮愁滩阔。

更待浮云散,孤舟弄明月。

道德經 第八章 (上善若水) 8. "Высшая добродетель подобна воде..."

上善若水。水善利萬物而不爭,處衆人之所惡,故幾於道。居善地,心善淵,與善仁,言善信,正善治,事善能,動善時。夫唯不爭,故無尤。

饮酒 其八 (青松在东园) 8. "Зеленой сосною приметен восточный двор…"

青松在东园,众草没其姿。

凝霜殄异类,卓然见高枝。

连林人不觉,独树众乃奇。

提壶挂寒柯,远望时复为。

吾生梦幻间,何事绁尘羁。

诗八首 其八 (再没有更近的接近) 8. "Не бывает большей близости..."

再没有更近的接近,

所有的偶然在我们间定型;

只有阳光透过缤纷的枝叶

分在两片情愿的心上,相同。

 

等季候一到就要各自飘落,

而赐生我们的巨树永青,

它对我们的不仁的嘲弄

(和哭泣)在合一的老根里化为平静。

原道 其八 (是故君者 出令者也) 8. "Поэтому-то государь отдает повеления, а слуги его, выполняя эти веления:…"

是故君者,出令者也。臣者,行君之令而致之民者也。民者,出粟米麻絲,作器皿,通貨財,以事其上者也。君不出令,則失其所以為君。臣不行君之令而致之民,則失其所以為臣。民不出粟米麻絲,作器皿,通貨財,以事其上,則誅。今其法曰:「必棄而君臣,去而父子,禁而相生養之道,以求其所謂清靜寂滅者。」

劲健 (行神如空) 8. Крепость и сила ("Я свой гений веду, словно вкруг пустота…")

行神如空,行气如虹。

巫峡千寻,走云连风。

饮真茹强,蓄素守中。

喻彼行健,是谓存雄。

天地与立,神化攸同。

期之以实,御之以终。

鹧鸪天 其九 寻菊花无有 戏作 (掩鼻人间臭腐场) "Как много в мире гадостей и смрада..."

掩鼻人间臭腐场。

古来惟有酒偏香。

自从归住云烟畔,直到而今歌舞忙。

 

呼老伴,共秋光。

黄花何事避重阳。

要知烂漫开时节,直待西风一夜霜。

(Мелодия "鹧鸪天")

山鬼 (若有人兮山之阿) Горному духу ("В далеких горах Востока живет прекрасная дева...")

若有人兮山之阿,被薜荔兮帶女羅。

既含睇兮又宜笑,子慕予兮善窈窕。

乘赤豹兮從文狸,辛夷車兮結桂旗。

被石蘭兮帶杜衡,折芳馨兮遺所思。

余處幽篁兮終不見天,路險難兮獨後來。

表獨立兮山之上,雲容容兮而在下。

杳冥冥兮羌晝晦,東風飄兮神靈雨。

留靈脩兮憺忘歸,歲既晏兮孰華予。

采三秀兮於山間,石磊磊兮葛蔓蔓。

怨公子兮悵忘歸,君思我兮不得閒。

山中人兮芳杜若,飲石泉兮蔭松柏。

□□□兮□□□,君思我兮然疑作。

靁填填兮雨冥冥,猿啾啾兮狖夜鳴。

風颯颯兮木蕭蕭,思公子兮徒離憂。

古诗十九首 其九 庭中有奇树 (庭中有奇树 绿叶发华滋) Девятое стихотворение ("У нас во дворе чудесное дерево есть....")

庭中有奇树,绿叶发华滋。

攀条折其荣,将以遗所思。

馨香盈怀袖,路远莫致之。

此物何足贵,但感别经时。

九章 悲回風 (悲回風之搖蕙兮) Злой вихрь ("Мне скорбно, что вихрь жестокий злобно качает травы…")

悲回風之搖蕙兮,心冤結而內傷。

物有微而隕性兮,聲有隱而先倡。

夫何彭咸之造思兮,暨志介而不忘!

萬變其情豈可蓋兮,孰虛偽之可長!

鳥獸鳴以號群兮,草苴比而不芳。

魚葺鱗以自別兮,蛟龍隱其文章。

故荼薺不同畝兮,蘭茞幽而獨芳。

惟佳人之永都兮,更統世而自貺。

眇遠志之所及兮,憐浮雲之相羊。

介眇志之所惑兮,竊賦詩之所明。

惟佳人之獨懷兮,折若椒以自處。

曾歔欷之嗟嗟兮,獨隱伏而思慮。

涕泣交而凄凄兮,思不眠以至曙。

終長夜之曼曼兮,掩此哀而不去。

寤從容以周流兮,聊逍遙以自恃。

傷太息之愍憐兮,氣於邑而不可止。

糾思心以為纕兮,編愁苦以為膺。

折若木以蔽光兮,隨飄風之所仍。

存髣彿而不見兮,心踊躍其若湯。

撫珮衽以案志兮,超惘惘而遂行。

歲曶曶其若頹兮,時亦冉冉而將至。

薠蘅槁而節離兮,芳以歇而不比。

憐思心之不可懲兮,證此言之不可聊。

寧溘死而流亡兮,不忍為此之常愁。

孤子唫而抆淚兮,放子出而不還。

孰能思而不隱兮,照彭咸之所聞。

登石巒以遠望兮,路眇眇之默默。

入景響之無應兮,聞省想而不可得。

愁鬱鬱之無快兮,居戚戚而不可解。

心鞿羈而不形兮,氣繚轉而自締。

穆眇眇之無垠兮,莽芒芒之無儀。

聲有隱而相感兮,物有純而不可為。

藐蔓蔓之不可量兮,縹緜緜之不可紆。

愁悄悄之常悲兮,翩冥冥之不可娛。

淩大波而流風兮,託彭咸之所居。

上高巖之峭岸兮,處雌蜺之標顛。

據青冥而攄虹兮,遂儵忽而捫天。

吸湛露之浮源兮,漱凝霜之雰雰。

依風穴以自息兮,忽傾寤以嬋媛。

馮崑崙以瞰霧兮,隱㞶山以清江。

憚涌湍之磕磕兮,聽波聲之洶洶。

紛容容之無經兮,罔芒芒之無紀。

軋洋洋之無從兮,馳委移之焉止。

漂翻翻其上下兮,翼遙遙其左右。

氾潏潏其前後兮,伴張弛之信期。

觀炎氣之相仍兮,窺煙液之所積。

悲霜雪之俱下兮,聽潮水之相擊。

借光景以往來兮,施黃棘之枉策。

求介子之所存兮,見伯夷之放跡。

心調度而弗去兮,刻著志之無適。

曰:吾怨往昔之所冀兮,悼來者之悐悐。

浮江淮而入海兮,從子胥而自適。

望大河之洲渚兮,悲申徒之抗跡。

驟諫君而不聽兮,任重石之何益。

心絓結而不解兮,思蹇產而不釋。

四言赠兄秀才入军诗 第九章 (良马既闲) 9.

良马既闲,丽服有晖。

左揽繁弱,右接忘归。

风驰电逝,蹑景追飞。

凌厉中原,顾盻生姿。

蓝田溪杂咏 其九 窗里山 (远岫见如近) 9.

远岫见如近,千里一窗里。

坐来石上云,乍谓壶中起。

玉臺體詩詩二首 其九 (秋风一夜至) 9.

秋风一夜至,吹尽后庭花。

莫作经时别,西邻是宋家。

其九 (轻纱一幅巾) 9.

轻纱一幅巾,小簟六尺床。

无客尽日静,有风终夜凉。

江行無題 其九 (好日當秋半) 9.

好日當秋半,層波動旅腸。

已行千里外,誰與共秋光。

游龙门分题十五首 其九 白傅坟 (芳荃奠兰酌) 9.

芳荃奠兰酌,共吊松林里。

溪口望山椒,但见浮云起。

饮酒 其九 (清晨闻叩门) 9. "Забрезжило утро, - я слышу, стучатся в дверь…"

清晨闻叩门,倒裳往自开。

问子为谁与,田父有好怀。

壶浆远见候,疑我与时乖。

褴缕茅檐下,未足为高栖。

一世皆尚同,愿君汨其泥。

深感父老言,禀气寡所谐。

纡辔诚可学,违己讵非迷!

且共欢此饮,吾驾不可回。

原道 其九 (嗚呼 其亦幸而出於三代之後) 9. "Какое счастье, что они появились после Ся, Инь и Чжоу:…"

嗚呼!其亦幸而出於三代之後,不見黜於禹、湯、文武、周公、孔子。其亦不幸而不出於三代之前,不見正於禹、湯、文武、周公、孔子也。

道德經 第九章 (持而盈之) 9. "Лучше ничего не делать, чем стремиться к тому, чтобы что-либо наполнить..."

持而盈之,不如其已;揣而銳之,不可長保。金玉滿堂,莫之能守;富貴而驕,自遺其咎。功遂身退天之道。

游城南 其九 赠张十八助教 (喜君眸子重清朗) 9. В дар Чжану Восемнадцатому

喜君眸子重清朗,携手城南历旧游。

忽见孟生题竹处,相看泪落不能收。

绮丽 (神存富贵) 9. Узорная прелесть ("Гений хранит мой богатство и знатность…")

神存富贵,始轻黄金。

浓尽必枯,淡者屡深。

雾馀水畔,红杏在林。

月明华屋,画桥碧阴。

金尊酒满,伴客弹琴。

取之自足,良殚美襟。

古诗十九首 其十 迢迢牵牛星 (迢迢牵牛星 皎皎河汉女) Десятое стихотворение ("Далеко, далеко в выси неба звезда Пастух...")

迢迢牵牛星,皎皎河汉女。

纤纤擢素手,札札弄机杼。

终日不成章,泣涕零如雨。

河汉清且浅,相去复几许。

盈盈一水间,脉脉不得语。

國殤 (操吳戈兮被犀甲) Павшим за родину ("Наши щиты и латы из носорожьей кожи...")

操吳戈兮被犀甲,車錯轂兮短兵接。

旌蔽日兮敵若雲,矢交墜兮士爭先。

凌余陣兮躐余行,左驂殪兮右刃傷。

霾兩輪兮縶四馬,援玉枹兮擊鳴鼓。

天時懟兮威靈怒,嚴殺盡兮棄原野。

出不入兮往不反,平原忽兮路超遠。

帶長劍兮挾秦弓,首身離兮心不懲。

誠既勇兮又以武,終剛強兮不可凌。

身既死兮神以靈,魂魄毅兮為鬼雄。

四言赠兄秀才入军诗 第十章 (携我好仇) 10.

携我好仇,载我轻车。

南凌长阜,北厉清渠。

仰落惊鸿,俯引渊鱼。

盘于游田,其乐只且。

蓝田溪杂咏 其十 竹间路 (暗归草堂静) 10.

暗归草堂静,半入花园去。

有时载酒来,不与清风遇。

玉臺體詩詩二首 其十 (独自披衣坐) 10.

独自披衣坐,更深月露寒。

隔帘肠欲断,争敢下阶看。

其十 (病人多梦医) 10.

病人多梦医,囚人多梦赦。

如何春来梦,合眼在乡社。

江行無題 其十 (潤色非東里) 10.

潤色非東里,官曹更建章。

宦遊難自定,來喚棹船郎。

游龙门分题十五首 其十 晚登菩提上方 (野色混晴岚) 10.

野色混晴岚,苍茫辨烟树。

行人下山道,犹向都门去。

饮酒 其十 (在昔曾远游) 10. "В те минувшие годы побывал я в странствии дальнем…"

在昔曾远游,直至东海隅。

道路迥且长,风波阻中涂。

此行谁使然,似为饥所驱。

倾身营一饱,少许便有馀。

恐此非名计,息驾归闲居。

原道 其十 (帝之與王) 10. "Властители", "цари" - наименования у них различны:…"

帝之與王,其號名殊,其所以為聖一也。夏葛而冬裘,渴飲而饑食,其事雖殊,其所以為智一也。今其言曰:「曷不為太古之無事?」是亦責冬之裘者曰: 「曷不為葛之之易也?」責饑之食者曰:「曷不為飲之之易也。」

道德經 第十章 (載營魄抱一) 10. "Если душа и тело будут в единстве, можно ли сохранить его?.."

載營魄抱一,能無離乎?專氣致柔,能嬰兒乎?滌除玄覽,能無疵乎?愛民治國,能無知乎?天門開闔,能為雌乎?明白四達,能無知乎?生之、畜之,生而不有,為而不恃,長而不宰,是謂玄德。

其十 (大到一国小到一家) 10. "От огромной страны до малой семьи, всё вокруг обнесено стеной..."

大到一国小到一家,

都有墙围着。

所有的城被墙围着,

我们已被“围城”。

游城南 其十 题韦氏庄 (昔者谁能比) 10. Посвящаю Вэйши Чжуану

昔者谁能比,今来事不同。

寂寥青草曲,散漫白榆风。

架倒藤全落,篱崩竹半空。

宁须惆怅立,翻覆本无穷。

自然 (俯拾即是) 10. Самосущное нечто ("Нагнусь, подберу - и как раз то, что надо…")

俯拾即是,不取诸邻。

俱道适往,着手成春。

如逢花开,如瞻岁新。

真与不夺,强得易贫。

幽人空山,过雨采蘋。

薄言情悟,悠悠天钧。

鹧鸪天 其十一 (发底青青无限春) "Пышноволосой юности подобна..."

发底青青无限春。

落红飞雪谩纷纷。

黄花也伴秋光老,何事尊前见在身。

 

书万卷,笔如神。

眼看同辈上青云。

个中不许儿童会,只恐功名更逼人。

(Мелодия "鹧鸪天")

古诗十九首 其十一 回车驾言迈 (回车驾言迈 悠悠涉长道) Одиннадцатое стихотворение ("Я назад повернул и погнал лошадей моих прямо…")

回车驾言迈,悠悠涉长道。

四顾何茫茫,东风摇百草。

所遇无故物,焉得不速老。

盛衰各有时,立身苦不早。

人生非金石,岂能长寿考。

奄忽随物化,荣名以为宝。

禮魂 (成禮兮會鼓) Поклонение душе ("Согласно древним обрядам, мы бьем во все барабаны...")

成禮兮會鼓,傳芭兮代舞,姱女倡兮容與。

春蘭兮秋菊,長無絕兮終古。

玉臺體詩詩二首 其十一 (昨夜裙带解) 11.

昨夜裙带解,今朝蟢子飞。

铅华不可弃,莫是藁砧归。

四言赠兄秀才入军诗 第十一章 (凌高远盻) 11.

凌高远盻,俯仰咨嗟。

怨彼幽絷,室迩路遐。

虽有好音,谁与清歌。

虽有姝颜,谁与发华。

仰讯高云,俯托轻波。

乘流远遁,抱恨山阿。

江行無題 其十一 (夜江清未曉) 11.

夜江清未曉,徒惜月光沉。

不是因行樂,堪傷老大心。

游龙门分题十五首 其十一 山槎 (古木卧山腰) 11.

古木卧山腰,危根老盘石。

山中苦霜霰,岁久无春色。

不如岩下桂,开花独留客。

原道 其十一 (傳 曰) 11. "В древней книге сказано:…"

《傳》曰:「古之欲明明德於天下者,先治其國。欲治其國者,先齊其家。欲齊其家者,先修其身。欲修其身者,先正其心。欲正其心者,先誠其意。」然則古之所謂正心而誠意者,將以有為也。今也欲治其心,而外天下國家,滅其天常:子焉而不父其父,臣焉而不君其君,民焉而不事其事。

其十一 (墙内是囚犯) 11. "В стенах - заключённый, вне стен - тюремщик..."

墙内是囚犯,

墙外是狱卒;

都失去了自由,

只是一个在这边;

一个在那边。

饮酒 其十一 (颜生称为仁) 11. "Мы учёного Яня за любовь его к людям помним"

颜生称为仁,荣公言有道。

屡空不获年,长饥至于老。

虽留身后名,一生亦枯槁。

死去何所知,称心固为好。

客养千金躯,临化消其宝。

裸葬何必恶,人当解其表。

道德經 第十一章 (三十輻 共一轂) 11. "Тридцать спиц соединяются в одной ступице, [образуя колесо], но употребление колеса зависит от пустоты между [спицами]..."

三十輻,共一轂,當其無,有車之用。埏埴以為器,當其無,有器之用。鑿戶牖以為室,當其無,有室之用。故有之以為利,無之以為用。

游城南 其十一 晚雨 (廉纤晚雨不能晴) 11. Вечерний дождь

廉纤晚雨不能晴,池岸草间蚯蚓鸣。

投竿跨马蹋归路,才到城门打鼓声。

含蓄 (不着一字) 11. Свобода героя ("Созерцаю жизнь мира без всяких запретов…")

不着一字,尽得风流。

语不涉难,已不堪忧。

是有真宰,与之沉浮。

如渌满酒,花时反秋。

悠悠空尘,忽忽海沤。

浅深聚散,万取一收。

玉臺體詩詩二首 其十二 (万里行人至) В стиле "Яшмовой террасы" ("Он вернется из дальней земли, из-за многих, бесчисленных ли...")

万里行人至,深闺夜未眠。

双眉灯下扫,不待镜台前。

古诗十九首 其十二 东城高且长 (东城高且长 逶迤自相属) Двенадцатое стихотворение ("Та стена на востоке высока и тянется долго…")

东城高且长,逶迤自相属。

回风动地起,秋草萋已绿。

四时更变化,岁暮一何速!

晨风怀苦心,蟋蟀伤局促。

荡涤放情志,何为自结束!

燕赵多佳人,美者颜如玉。

被服罗裳衣,当户理清曲。

音响一何悲!弦急知柱促。

驰情整巾带,沉吟聊踯躅。

思为双飞燕,衔泥巢君屋。

四言赠兄秀才入军诗 第十二章 (轻车迅迈) 12.

轻车迅迈,息彼长林。

春木载荣,布叶垂阴。

习习谷风,吹我素琴。

交交黄鸟,顾俦弄音。

感悟驰情,思我所钦。

心之忧矣,永啸长吟。

蓝田溪杂咏 其十二 砌下泉 (穿云来自远) 12.

穿云来自远,激砌流偏驶。

能资庭户幽,更引海禽至。

江行無題 其十二 (翳日多喬木) 12.

翳日多喬木,維舟取束薪。

靜聽江叟語,盡是厭兵人。

游龙门分题十五首 其十二 石笋 (巨石何亭亭) 12.

巨石何亭亭,孤生此岩侧。

白云与翠雾,谁见琅玕色。

惟应山鸟飞,百转时来息。

饮酒 其十二 (长公曾一仕) 12. "Когда-то Чангун чиновником видным был…"

长公曾一仕,壮节忽失时。

杜门不复出,终身与世辞。

仲理归大泽,高风始在兹。

一往便当已,何为复狐疑?

去去当奚道,世俗久相欺。

摆落悠悠谈,请从余所之。

原道 其十二 (孔子之作 春秋 也) 12. "Конфуций создал Чуньцю…"

孔子之作《春秋》也,諸侯用夷禮,則夷之。進於中國,則中國之。《經》曰:「夷狄之有君,不如諸夏之亡!」《詩》曰:「戎狄是膺,荊舒是懲。」今也舉夷狄之法,而加之先王之教之上,幾何其不胥而為夷也!

道德經 第十二章 (五色令人目盲) 12. "Пять цветов притупляют зрение..."

五色令人目盲;五音令人耳聾;五味令人口爽;馳騁田獵,令人心發狂;難得之貨,令人行妨。是以聖人為腹不為目,故去彼取此。

游城南 其十二 出城 (暂出城门蹋青草) 12. Выход из города

暂出城门蹋青草,远于林下见春山。

应须韦杜家家到,祗有今朝一日闲。

豪放 (观花匪禁) 12. То не выражено, что таится во мне ("Даже ни звука в строку не поставив…")

观花匪禁,吞吐大荒。

由道反气,处得以狂。

天风浪浪,海山苍苍。

真力弥满,万象在旁。

前招三辰,后引凤凰。

晓策六鳌,濯足扶桑。

古诗十九首 其十三 驱车上东门 (驱车上东门 遥望郭北墓) Тринадцатое стихотворение ("Я погнал колесницу из Восточных Верхних ворот…")

驱车上东门,遥望郭北墓。

白杨何萧萧,松柏夹广路。

下有陈死人,杳杳即长暮。

潜寐黄泉下,千载永不寤。

浩浩阴阳移,年命如朝露。

人生忽如寄,寿无金石固。

万岁更相送,贤圣莫能度。

服食求神仙,多为药所误。

不如饮美酒,被服纨与素。

四言赠兄秀才入军诗 第十三章 (浩浩洪流) 13.

浩浩洪流,带我邦畿。

萋萋绿林,奋荣扬晖。

鱼龙瀺灂,山鸟群飞。

驾言出游,日夕忘归。

思我良朋,如渴如饥。

愿言不获,怆矣其悲。

蓝田溪杂咏 其十三 戏鸥 (乍依菱蔓聚) 13.

乍依菱蔓聚,尽向芦花灭。

更喜好风来,数片翻晴雪。

江行無題 其十三 (箭漏日初短) 13.

箭漏日初短,汀煙草未衰。

雨餘雖更綠,不是採蘋時。

游龙门分题十五首 其十三 鸳鸯 (画舷鸣两桨) 13.

画舷鸣两桨,日暮芳洲路。

泛泛风波鸟,双双弄纹羽。

爱之欲移舟,渐近还飞去。

饮酒 其十三 (有客常同止) 13. "Вот бывают же люди, - даже в доме одном живут…"

有客常同止,取舍邈异境。

一士长独醉,一夫终年醒。

醒醉还相笑,发言各不领。

规规一何愚,兀傲差若颖。

寄言酣中客,日没烛当秉。

道德經 第十三章 (寵辱若驚) 13. "Слава и позор подобны страху..."

寵辱若驚,貴大患若身。何謂寵辱若驚?寵為下,得之若驚,失之若驚,是謂寵辱若驚。何謂貴大患若身?吾所以有大患者,為吾有身,及吾無身,吾有何患?故貴以身為天下,若可寄天下;愛以身為天下,若可託天下。

原道 其十三 (夫所謂先王之教育) 13. "Что же такое то, что мы называем учением древних царей?…"

夫所謂先王之教育,何也?博愛之謂仁,行而宜之謂義,由是而之焉之謂道,足乎己無待於外之謂德。其文,《詩》《書》《易》《春秋》,其法,禮樂刑政,其民,士農工賈;其位,君臣父子師友賓主昆弟夫婦;其服,麻絲;其居,宮室;其食,粟米果蔬魚肉。其為道易明,而其為教易行也。

精神 (欲返不尽) 13. В духовном ядре ("Желаю возврата его беспредельно…")

欲返不尽,相期与来。

明漪绝底,奇花初胎。

青春鹦鹉,杨柳池台。

碧山人来,清酒深杯。

生气远出,不着死灰。

妙造自然,伊谁与裁。

游城南 其十三 把酒 (扰扰驰名者) 13. Поднимаю чашу

扰扰驰名者,谁能一日闲。

我来无伴侣,把酒对南山。

古诗十九首 其十四 去者日以疏 (去者日以疏 生者日已亲) Четырнадцатое стихотворение ("Все то, что ушло, отчуждается с каждым днем…")

去者日以疏,生者日已亲。

出郭门直视,但见丘与坟。

古墓犁为田,松柏摧为薪。

白杨多悲风,萧萧愁杀人。

思还故里闾,欲归道无因。

饮酒 其十四 (故人赏我趣) 14.

故人赏我趣,挈壶相与至。

班荆坐松下,数斟已复醉。

父老杂乱言,觞酌失行次。

不觉知有我,安知物为贵。

悠悠迷所留,酒中有深味。

四言赠兄秀才入军诗 第十四章 (息徒兰圃) 14.

息徒兰圃,秣马华山。

流磻平皋,垂纶长川。

目送归鸿,手挥五弦。

俯仰自得,游心太玄。

嘉彼钓叟,得鱼忘筌。

郢人逝矣,谁与尽言。

蓝田溪杂咏 其十四 远山钟 (风送出山钟) 14.

风送出山钟,云霞度水浅。

欲知声尽处,鸟灭寥天远。

江行無題 其十四 (山雨夜來漲) 14.

山雨夜來漲,喜魚跳滿江。

岸沙平欲盡,垂蓼入船窗。

游龙门分题十五首 其十四 鱼罾 (春水弄春沙) 14.

春水弄春沙,荡漾流不极。

笭箵苦难满,终日沙头客。

向暮卷空罾,棹歌菱浦北。

原道 其十四 (是故以之為己) 14. "Поэтому, когда, основываясь на их учении, управляют самим собою…"

是故以之為己,則順而祥;以之為人,則愛而公;以之為心,則和而平;以之為天下國家,無所處而不當。是故生則得其情,死則盡其常;郊焉而天神假,廟焉而人鬼享。

道德經 第十四章 (視之不見 名曰夷) 14. "Смотрю на него и не вижу, а поэтому называю его невидимым..."

視之不見,名曰夷;聽之不聞,名曰希;搏之不得,名曰微。此三者不可致詰,故混而為一。其上不皦,其下不昧。繩繩不可名,復歸於無物。是謂無狀之狀,無物之象,是謂惚恍。迎之不見其首,隨之不見其後。執古之道,以御今之有。能知古始,是謂道紀。

缜密 (是有真迹) 14. Плотно-тончайшее ("Это значит, что есть сверхъестественный след…")

是有真迹,如不可知。

意象欲生,造化已奇。

水流花开,清露未晞。

要路愈远,幽行为迟。

语不欲犯,思不欲痴。

犹春于绿,明月雪时。

古诗十九首 其十五 生年不满百 (生年不满百 常怀千岁忧) Пятнадцатое стихотворение ("Человеческий век не вмещает и ста годов…")

生年不满百,常怀千岁忧。

昼短苦夜长,何不秉烛游!

为乐当及时,何能待来兹。

愚者爱惜费,但为后世嗤。

仙人王子乔,难可与等期。

蓝田溪杂咏 其十五 东陂 (永日兴难忘) 15.

永日兴难忘,掇芳春陂曲。

新晴花枝下,爱此苔水绿。

江行無題 其十五 (渚邊新雁下) 15.

渚邊新雁下,舟上獨淒涼。

俱是南來客,憐君綴一行。

游龙门分题十五首 其十五 鱼鹰 (日色弄晴川) 15.

日色弄晴川,时时锦鳞跃。

轻飞若下韝,岂畏风滩恶。

人归晚渚静,独傍渔舟落。

道德經 第十五章 (古之善為士者) 15. "В древности те, кто был способен к учености, знали мельчайшие и тончайшие [вещи]..."

古之善為士者,微妙玄通,深不可識。夫唯不可識,故強為之容。豫兮若冬涉川;猶兮若畏四鄰;儼兮其若容;渙兮若冰之將釋;敦兮其若樸;曠兮其若谷;混兮其若濁;孰能濁以靜之徐清?孰能安以久動之徐生?保此道者,不欲盈。夫唯不盈,故能蔽不新成。

饮酒 其十五 (贫居乏人工) 15. "В убогом жилище прилежных рук не хватает"

贫居乏人工,灌木荒余宅。

班班有翔鸟,寂寂无行迹。

宇宙一何悠,人生少至百。

岁月相催逼,鬓边早已白。

若不委穷达,素抱深可惜。

其十五 (扒头看看 怎么啦) 15. "Вытянув шею, смотрю: Что там такое?.."

扒头看看,

怎么啦?

耶路萨冷有面哭墙,

犹太人千里迢迢地赶去,

只为痛哭一场。

为了苦难也为了寻根。

而我们的老墙前,

只有孟姜女去哭过一回。

四言赠兄秀才入军诗 第十五章 (闲夜肃清) 15. "Ночью глубокой пустынно и чисто…"

闲夜肃清,朗月照轩。

微风动袿,组帐高褰。

旨酒盈樽,莫与交欢。

鸣琴在御,谁与鼓弹。

仰慕同趣,其馨若兰。

佳人不存,能不永叹。

原道 其十五 (曰 斯道也 何道也) 15. "Спрашивают: "А Путь человеческий — что же это за путь?"…"

曰:「斯道也,何道也?」曰:「斯吾所謂道也,非向所謂老與佛之道也。」堯以是傳之舜,舜以是傳之禹,禹以是傳之湯,湯以是傳之文武周公,文武周公傳之孔子,孔子傳之孟軻。軻之死,不得其傳焉。荀與揚也,擇焉而不精,語焉而不詳。由周公而上,上而為君,故其事行;由周公而下,下而為臣,故其說長。

疏野 (惟性所宅) 15. Небрежение всем, опрощенность во всем ("Только одно: чем в душе своей жив я…")

惟性所宅,真取不羁。

控物自富,与率为期。

筑室松下,脱帽看诗。

但知旦暮,不辨何时。

倘然适意,岂必有为。

若其天放,如是得之。

古诗十九首 其十六 凛凛岁云暮 (凛凛岁云暮 蝼蛄夕鸣悲) Шестнадцатое стихотворение ("Холодный, холодный уже вечереет год...")

凛凛岁云暮,蝼蛄夕鸣悲。

凉风率已厉,游子寒无衣。

锦衾遗洛浦,同袍与我违。

独宿累长夜,梦想见容辉。

良人惟古欢,枉驾惠前绥。

愿得常巧笑,携手同车归。

既来不须臾,又不处重闱。

亮无晨风翼,焉能凌风飞。

眄睐以适意,引领遥相希。

徙倚怀感伤,垂涕沾双扉。

四言赠兄秀才入军诗 第十六章 (乘风高逝) 16.

乘风高逝,远登灵丘。

托好松乔,携手俱游。

朝发太华,夕宿神州。

弹琴咏诗,聊以忘忧。

蓝田溪杂咏 其十六 池上亭 (临池构杏梁) 16.

临池构杏梁,待客归烟塘。

水上褰帘好,莲开杜若香。

江行無題 其十六 (雲密連江暗) 16.

雲密連江暗,風斜著物鳴。

一杯真戰將,笑爾作愁兵。

道德經 第十六章 (致虛極 守靜篤) 16. "Нужно сделать [свое сердце] предельно беспристрастным, твердо сохранять покой, и тогда все вещи будут изменяться сами собой, а нам останется лишь созерцать их возвращение..."

致虛極,守靜篤。萬物並作,吾以觀復。夫物芸芸,各復歸其根。歸根曰靜,是謂復命。復命曰常,知常曰明。不知常,妄作凶。知常容,容乃公,公乃王,王乃天,天乃道,道乃久,沒身不殆。

原道 其十六 (然則如之何而可也) 16. "Так что же нам делать?…"

然則如之何而可也?曰:「不塞不流,不止不行。」人其人,火其書,廬其居,明先王之道以道之,鰥寡孤獨廢疾者,有養也。其亦庶乎其可也。

饮酒 其十六 (少年罕人事) 16. "Я в юности ранней не часто общался с миром…"

少年罕人事,游好在六经。

行行向不惑,淹留自无成。

竟抱固穷节,饥寒饱所更。

弊庐交悲风,荒草没前庭。

披褐守长夜,晨鸡不肯鸣。

孟公不在兹,终以翳吾情。

游城南 其十六 遣兴 (断送一生惟有酒) 16. Ссылка в дальний гарнизон

断送一生惟有酒,寻思百计不如闲。

莫忧世事兼身事,须著人间比梦间。

清奇 (娟娟群松) 16. Чистейшее, чудное ("Как томны, как нежны стада этих сосен…")

娟娟群松,下有漪流。

晴雪满竹,隔溪渔舟。

可人如玉,步屧寻幽。

载瞻载止,空碧悠悠,

神出古异,淡不可收。

如月之曙,如气之秋。

古诗十九首 其十七 孟冬寒气至 (孟冬寒气至 北风何惨栗) Семнадцатое стихотворение ("С приходом зимы наступила пора холодов...")

孟冬寒气至,北风何惨栗。

愁多知夜长,仰观众星列。

三五明月满,四五蟾兔缺。

客从远方来,遗我一书札。

上言长相思,下言久离别。

置书怀袖中,三岁字不灭。

一心抱区区,惧君不识察。

四言赠兄秀才入军诗 第十七章 (琴诗自乐) 17.

琴诗自乐,远游可珍。

含道独往,弃智遗身。

寂乎无累,何求于人。

长寄灵岳,怡志养神。

蓝田溪杂咏 其十七 衔鱼翠鸟 (有意莲叶间) 17.

有意莲叶间,瞥然下高树。

擘破得全鱼,一点翠光去。

江行無題 其十七 (柳拂斜開路) 17.

柳拂斜開路,籬邊數户村。

可能還有意,不掩向江門。

道德經 第十七章 (太上 下知有之) 17. "Лучший правитель тот, о котором народ знает лишь то, что он существует..."

太上,下知有之;其次,親而譽之;其次,畏之;其次,侮之。信不足,焉有不信焉。悠兮,其貴言。功成事遂,百姓皆謂我自然。

饮酒 其十七 (幽兰生前庭) 17. "Орхидея простая родилась перед входом в дом…"

幽兰生前庭,含薰待清风。

清风脱然至,见别萧艾中。

行行失故路,任道或能通。

觉悟当念还,鸟尽废良弓。

委曲 (登彼太行) 17. В изгибах-извивах ("Восхожу на тот самый Великий Тайхан…")

登彼太行,翠绕羊肠。

杳霭流玉,悠悠花香。

力之于时,声之于羌。

似往已回,如幽匪藏。

水理漩洑,鹏风翱翔。

道不自器,与之圆方。

古诗十九首 其十八 客从远方来 (客从远方来 遗我一端绮) Восемнадцатое стихотворение ("Однажды к нам гость из далеких прибыл краев...")

客从远方来,遗我一端绮。

相去万余里,故人心尚尔。

文彩双鸳鸯,裁为合欢被。

著以长相思,缘以结不解。

以胶投漆中,谁能别离此。

四言赠兄秀才入军诗 第十八章 (流俗难悟) 18.

流俗难悟,逐物不还。

至人远鉴,归之自然。

万物为一,四海同宅。

与彼共之,予何所惜。

生若浮寄,暂见忽终。

世故纷纭,弃之八戎。

泽雉虽饥,不愿园林。

安能服御,劳形苦心。

身贵名贱,荣辱何在。

贵得肆志,纵心无悔。

蓝田溪杂咏 其十八 石莲花 (幽石生芙蓉) 18.

幽石生芙蓉,百花惭美色。

远笑越溪女,闻芳不可识。

江行無題 其十八 (不識相如渴) 18.

不識相如渴,徒吟子美詩。

江清惟獨看,心外更誰知。

道德經 第十八章 (大道廢 有仁義) 18. "Когда устранили великое дао, появились "человеколюбие" и "справедливость"..."

大道廢,有仁義;智慧出,有大偽;六親不和,有孝慈;國家昏亂,有忠臣。

饮酒 其十八 (子云性嗜酒) 18. "Ученый Цзыюнь пристрастье имел к вину…"

子云性嗜酒,家贫无由得。

时赖好事人,载醪祛所惑。

觞来为之尽,是咨无不塞。

有时不肯言,岂不在伐国。

仁者用其心,何尝失显默。

实境 (取语甚直) 18. Подлинно-сущная стать ("Слово возьму я прямое весьма…")

取语甚直,计思匪深。

忽逢幽人,如见道心。

清涧之曲,碧松之阴。

一客荷樵,一客听琴。

情性所至,妙不自寻。

遇之自天,泠然希音。

古诗十九首 其十九 明月何皎皎 (明月何皎皎 照我罗床纬) Девятнадцатое стихотворение ("Ясный месяц на небе - белый и яркий, яркий...")

明月何皎皎,照我罗床纬。

忧愁不能寐,揽衣起徘徊。

客行虽云乐,不如早旋归。

出户独彷徨,愁思当告谁!

引领还入房,泪下沾裳衣。

蓝田溪杂咏 其十九 潺湲声 (乱石跳素波) 19.

乱石跳素波,寒声闻几处。

飕飕暝风引,散出空林去。

江行無題 其十九 (牽路沿江狹) 19.

牽路沿江狹,沙崩岸不平。

盡知行處險,誰肯載時輕。

道德經 第十九章 (絕聖棄智) 19. "Когда будут устранены мудрствование и ученость, народ будет счастливее во сто крат..."

絕聖棄智,民利百倍;絕仁棄義,民復孝慈;絕巧棄利,盜賊無有。此三者以為文不足。故令有所屬:見素抱樸,少私寡欲。

饮酒 其十九 (畴昔苦长饥) 19. "Когда-то давно от голода я страдал…"

畴昔苦长饥,投耒去学仕。

将养不得节,冻馁固缠己。

是时向立年,志意多所耻。

遂尽介然分,终死归田里。

冉冉星气流,亭亭复一纪。

世路廓悠悠,杨朱所以止。

虽无挥金事,浊酒聊可恃。

悲慨 (大风卷水) 19. В скорбном экстазе ("Большой ураган крутит воды речные…")

大风卷水,林木为摧。

适苦欲死,招憩不来。

百岁如流,富贵冷灰。

大道日往,若为雄才。

壮士拂剑,浩然弥哀。

萧萧落叶,漏雨苍苔。

蓝田溪杂咏 其二十 松下雪 (虽因朔风至) 20.

虽因朔风至,不向瑶台侧。

唯助苦寒松,偏明后彫色。

饮酒 其二十 (羲农去我久) 20.

羲农去我久,举世少复真。

汲汲鲁中叟,弥缝使其淳。

凤鸟虽不至,礼乐暂得新。

洙泗辍微响,漂流逮狂秦。

诗书复何罪,一朝成灰尘。

区区诸老翁,为事诚殷勤。

如何绝世下,六籍无一亲!

终日驰车走,不见所问津。

若复不快饮,空负头上巾。

但恨多谬误,君当恕醉人。

江行無題 其二十 (憔悴異靈均) 20.

憔悴異靈均,非讒作逐臣。

如逢漁父問,未是獨醒人。

道德經 第二十章 (絕學無憂) 20. "Когда будет уничтожена ученость, тогда не будет и печали..."

絕學無憂,唯之與阿,相去幾何?善之與惡,相去若何?人之所畏,不可不畏。荒兮其未央哉!衆人熙熙,如享太牢,如春登臺。我獨怕兮其未兆;如嬰兒之未孩;儽儽兮若無所歸。衆人皆有餘,而我獨若遺。我愚人之心也哉!沌沌兮,俗人昭昭,我獨若昏。俗人察察,我獨悶悶。澹兮其若海,飂兮若無止,衆人皆有以,而我獨頑似鄙。我獨異於人,而貴食母。

形容 (绝伫灵素) 20. Даю образ и лик ("Устремляюсь всецело в духовно-простое…")

绝伫灵素,少回清真。

如觅水影,如写阳春。

风云变态,花草精神。

海之波澜,山之嶙峋。

俱似大道,妙契同尘。

离形得似,庶几斯人。

蓝田溪杂咏 其二十一 田鹤 (田鹤望碧霄) 21.

田鹤望碧霄,无风亦自举。

单飞后片云,早晚及前侣。

江行無題 其二十一 (水含秋夜靜) 21.

水含秋夜靜,雲帶夕陽高。

詩癖非吾病,何妨吮短豪。

其二十一 (面对墙 你须抉择) 21. "Перед стеною каждый должен решить..."

面对墙,

你须抉择。

翻过去,

绕过去,

退回去,

也可以在墙上打洞。

道德經 第二十一章 (孔德之容) 21. "Содержание великого дэ подчиняется только дао..."

孔德之容,唯道是從。道之為物,唯恍唯惚。忽兮恍兮,其中有象;恍兮忽兮,其中有物。窈兮冥兮,其中有精;其精甚真,其中有信。自古及今,其名不去,以閱衆甫。吾何以知衆甫之狀哉?以此。

超诣 (匪神之灵) 21. Потустороннее проникновение ("Это - не чудо какого-то бога…")

匪神之灵,匪几之微。

如将白云,清风与归。

远引若至,临之已非。

少有道契,终与俗违。

乱山乔木,碧苔芳晖。

诵之思之,其声愈希。

蓝田溪杂咏 其二十二 题南陂 (家住凤城南) 22.

家住凤城南,门临古陂曲。

时怜上林雁,半入池塘宿。

江行無題 其二十二 (帶舟維古岸) 22.

帶舟維古岸,還似阻西陵。

箕伯無多怒,回頭詎不能。

道德經 第二十二章 (曲則全 枉則直) 22. "В древности говорили: "Ущербное становится совершенным, кривое - прямым, пустое - наполненным, ветхое сменяется новым..."

曲則全,枉則直,窪則盈,弊則新,少則得,多則惑。是以聖人抱一為天下式。不自見,故明;不自是,故彰;不自伐,故有功;不自矜,故長。夫唯不爭,故天下莫能與之爭。古之所謂曲則全者,豈虛言哉!誠全而歸之。

其二十二 (中间的洞是窗) 22. "Дыра в центре стены - это окно..."

中间的洞是窗,

落地的洞是门。

如果把墙推倒,

就有了道路,

通向地平线的道路。

飘逸 (落落欲往) 22. В лёте парю ("Отдельно, особо... Готов уходить я…")

落落欲往,矫矫不群。

缑山之鹤,华顶之云。

高人画中,令色氤氲。

御风蓬叶,泛彼无垠。

如不可执,如将有闻。

识者已领,期之愈分。

江行無題 其二十三 (秋雲久無雨) 23.

秋雲久無雨,江燕社猶飛。

卻笑舟中客,今年未得歸。

道德經 第二十三章 (希言自然) 23. "Нужно меньше говорить, следовать естественности..."

希言自然,故飄風不終朝,驟雨不終日。孰為此者?天地。天地尚不能久,而況於人乎?故從事於道者,道者,同於道;德者,同於德;失者,同於失。同於道者,道亦樂得之;同於德者,德亦樂得之;同於失者,失亦樂得之。信不足,焉有不信焉。

旷达 (生者百岁) 23. Широта достижений ("Наша жизнь - это возраст на сто, скажем, лет…")

生者百岁,相去几何。

欢乐苦短,忧愁实多。

何如尊酒,日往烟萝。

花覆茅檐,疏雨相过。

倒酒既尽,杖藜行歌。

孰不有古,南山峨峨。

江行無題 其二十四 (帆翅初張處) 24.

帆翅初張處,雲鵬怒翼同。

莫愁千里路,自有到來風。

道德經 第二十四章 (企者不立) 24. "Кто поднялся на цыпочки, не может [долго] стоять..."

企者不立;跨者不行;自見者不明;自是者不彰;自伐者無功;自矜者不長。其在道也,曰:餘食贅行。物或惡之,故有道者不處。

流动 (若纳水輨) 24. Текуче-подвижное ("Словно берущие воду колеса…")

若纳水輨,如转丸珠。

夫岂可道,假体如愚。

荒荒坤轴,悠悠天枢。

载要其端,载同其符。

超超神明,返返冥无。

来往千载,是之谓乎。

江行無題 其二十五 (佳節雖逢菊) 25.

佳節雖逢菊,浮生正似萍。

故山何處望,荒岸小長亭。

道德經 第二十五章 (有物混成) 25. "Вот вещь, в хаосе возникающая, прежде неба и земли родившаяся!.."

有物混成,先天地生。寂兮寥兮,獨立不改,周行而不殆,可以為天下母。吾不知其名,字之曰道,強為之名曰大。大曰逝,逝曰遠,遠曰反。故道大,天大,地大,王亦大。域中有四大,而王居其一焉。人法地,地法天,天法道,道法自然。

江行無題 其二十六 (月下江流靜) 26.

月下江流靜,村荒人語稀。

鷺鴛雖有伴,仍共影雙飛。

其二十六 (柏林墙倒了) 26. "Берлинскую Стену снесли, возвели Барьер Пограничный..."

柏林墙倒了

隔离墙建起来

只有我们的长城

两千年了还这么雄伟

这么高

可挡得住牛羊

挡不住阳光和笛子的声音

道德經 第二十六章 (重為輕根) 26. "Тяжелое является основой легкого..."

重為輕根,靜為躁君。是以聖人終日行不離輜重。雖有榮觀,燕處超然。奈何萬乘之主,而以身輕天下?輕則失本,躁則失君。

江行無題 其二十七 (鬥轉月未落) 27.

鬥轉月未落,舟行夜已深。

有村知不遠,風便數聲砧。

其二十七 (细想想 墙有多种) 27. "Старательно думаю про стены всякие-разные..."

细想想

墙有多种

红墙

白墙

城墙

牢墙

石墙

土墙

木栏

铁网

心理的墙

都是魔障

道德經 第二十七章 (善行無轍迹) 27. "Умеющий шагать не оставляет следов..."

善行無轍迹,善言無瑕讁;善數不用籌策;善閉無關楗而不可開,善結無繩約而不可解。是以聖人常善救人,故無棄人;常善救物,故無棄物。是謂襲明。故善人者,不善人之師;不善人者,善人之資。不貴其師,不愛其資,雖智大迷,是謂要妙。

江行無題 其二十八 (一驚沙鳥迅) 28.

一驚沙鳥迅,飛濺夕陽波。

不顧魚多處,應防一目羅。

道德經 第二十八章 (知其雄 守其雌) 28. "Кто, зная свою храбрость, сохраняет скромность, тот, [подобно] горному ручью, становится [главным] в стране..."

知其雄,守其雌,為天下谿。為天下谿,常德不離,復歸於嬰兒。知其白,守其黑,為天下式。為天下式,常德不忒,復歸於無極。知其榮,守其辱,為天下谷。為天下谷,常德乃足,復歸於樸。樸散則為器,聖人用之,則為官長,故大制不割。

江行無題 其二十九 (行到楚江岸) 29.

行到楚江岸,蒼茫人正迷。

只如秦塞遠,格磔鷓鴣啼。

道德經 第二十九章 (將欲取天下而為之) 29. "Если кто-нибудь силой пытается овладеть страной, то, вижу я, он не достигает своей цели..."

將欲取天下而為之,吾見其不得已。天下神器,不可為也,為者敗之,執者失之。故物或行或隨;或歔或吹;或強或羸;或挫或隳。是以聖人去甚,去奢,去泰。

江行無題 其三十 (漸覺江天遠) 30.

漸覺江天遠,難逢故國書。

可能無往事,空食鼎中魚。

道德經 第三十章 (以道佐人主者) 30. "Кто служит главе народа посредством дао, не покоряет другие страны при помощи войск, ибо это может обратиться против него..."

以道佐人主者,不以兵強天下。其事好還。師之所處,荊棘生焉。大軍之後,必有凶年。善有果而已,不敢以取強。果而勿矜,果而勿伐,果而勿驕。果而不得已,果而勿強。物壯則老,是謂不道,不道早已。

江行無題 其三十一 (岸草連荒色) 31.

岸草連荒色,村聲樂稔年。

晚晴貪獲稻,閒卻彩菱船。

道德經 第三十一章 (夫佳兵者 不祥之器) 31. "Хорошее войско - средство, [порождающее] несчастье, его ненавидят все существа..."

夫佳兵者,不祥之器,物或惡之,故有道者不處。君子居則貴左,用兵則貴右。兵者不祥之器,非君子之器,不得已而用之,恬淡為上。勝而不美,而美之者,是樂殺人。夫樂殺人者,則不可以得志於天下矣。吉事尚左,凶事尚右。偏將軍居左,上將軍居右,言以喪禮處之。殺人之衆,以哀悲泣之,戰勝以喪禮處之。

江行無題 其三十二 (灘淺多遊鷺) 32.

灘淺多遊鷺,江清易見魚。

怪來吟未足,秋物欠紅蕖。

道德經 第三十二章 (道常無名) 32. "Дао вечно и безымянно..."

道常無名。天下莫能臣也。侯王若能守之,萬物將自賓。天地相合,以降甘露,民莫之令而自均。始制有名,名亦既有,夫亦將知止,知止所以不殆。譬道之在天下,猶川谷之與江海。

江行無題 其三十三 (蛩響依沙草) 33.

蛩響依沙草,螢飛透水煙。

夜涼誰詠史,空泊運租船。

道德經 第三十三章 (知人者智 自知者明) 33. "Знающий людей разумен..."

知人者智,自知者明。勝人者有力,自勝者強。知足者富。強行者有志。不失其所者久。死而不亡者壽。

道德經 第三十四章 (大道汎兮 其可左右) 34. "Великое дао растекается повсюду..."

大道汎兮,其可左右。萬物恃之而生而不辭,功成不名有。衣養萬物而不為主,常無欲,可名於小;萬物歸焉,而不為主,可名為大。以其終不自為大,故能成其大。

江行無題 其三十五 (自念平生意) 35.

自念平生意,曾期一郡符。

可知因謫宦,斑鬢入江湖。

道德經 第三十五章 (執大象 天下往) 35. "К тому, кто представляет собой великий образ [дао], приходит весь народ..."

執大象,天下往。往而不害,安平大。樂與餌,過客止。道之出口,淡乎其無味,視之不足見,聽之不足聞,用之不足既。

江行無題 其三十六 (水天涼夜月) 36.

水天涼夜月,不是少清光。

好景隨人物,秦淮憶建康。

道德經 第三十六章 (將欲歙之 必固張之) 36. "Чтобы нечто сжать, необходимо прежде расширить его..."

將欲歙之,必固張之;將欲弱之,必固強之;將欲廢之,必固興之;將欲奪之,必固與之。是謂微明。柔弱勝剛強。魚不可脫於淵,國之利器不可以示人。

江行無題 其三十七 (古來多思客) 37.

古來多思客,搖落恨江潭。
今日秋風至,蕭疏過沔南。

道德經 第三十七章 (道常無為而無不為) 37. "Дао постоянно осуществляет недеяние, однако нет ничего такого, что бы оно не делало..."

道常無為而無不為。侯王若能守之,萬物將自化。化而欲作,吾將鎮之以無名之樸。無名之樸,夫亦將無欲。不欲以靜,天下將自定。

江行無題 其三十八 (映竹疑村好) 38.

映竹疑村好,穿蘆覺渚幽。

漸安無曠土,姜芋當農收。

道德經 第三十八章 (上德不德 是以有德) 38. "Человек с высшим дэ не стремится делать добрые дела, поэтому он добродетелен..."

上德不德,是以有德;下德不失德,是以無德。上德無為而無以為;下德為之而有以為。上仁為之而無以為;上義為之而有以為。上禮為之而莫之應,則攘臂而扔之。故失道而後德,失德而後仁,失仁而後義,失義而後禮。夫禮者,忠信之薄,而亂之首。前識者,道之華,而愚之始。是以大丈夫處其厚,不居其薄;處其實,不居其華。故去彼取此。

江行無題 其三十九 (煙渚復煙渚) 39.

煙渚復煙渚,畫屏休畫屏。

引愁天末去,數點暮山青。

道德經 第三十九章 (昔之得一者) 39. "Вот те, кто с давних времен находятся в единстве..."

昔之得一者:天得一以清;地得一以寧;神得一以靈;谷得一以盈;萬物得一以生;侯王得一以為天下貞。其致之,天無以清,將恐裂;地無以寧,將恐發;神無以靈,將恐歇;谷無以盈,將恐竭;萬物無以生,將恐滅;侯王無以貴高將恐蹶。故貴以賤為本,高以下為基。是以侯王自稱孤、寡、不穀。此非以賤為本耶?非乎?故致數譽無譽。不欲琭琭如玉,珞珞如石。

江行無題 其四十 (秋風動客心) 40.

秋風動客心,寂寂不成吟。

飛上危檣立,鶯啼報好音。

道德經 第四十章 (反者道之動) 40. "Превращение в противоположное есть действие дао..."

反者道之動;弱者道之用。天下萬物生於有,有生於無。

江行無題 其四十一 (見底高秋水) 41.

見底高秋水,開懷萬里天。

旅吟還有伴,沙柳數枝蟬。

道德經 第四十一章 (上士聞道 勤而行之) 41. "Человек высшей учености, узнав о дао..."

上士聞道,勤而行之;中士聞道,若存若亡;下士聞道,大笑之。不笑不足以為道。故建言有之:明道若昧;進道若退;夷道若纇;上德若谷;太白若辱;廣德若不足;建德若偷;質真若渝;大方無隅;大器晚成;大音希聲;大象無形;道隱無名。夫唯道,善貸且成。

江行無題 其四十二 (九日自佳節) 42.

九日自佳節,扁舟無一杯。

曹園舊樽酒,戲馬憶高台。

道德經 第四十二章 (道生一,一生二) 42. "Дао рождает одно, одно рождает два..."

道生一,一生二,二生三,三生萬物。萬物負陰而抱陽,沖氣以為和。人之所惡,唯孤、寡、不穀,而王公以為稱。故物或損之而益,或益之而損。人之所教,我亦教之。強梁者不得其死,吾將以為教父。

江行無題 其四十三 (兵火有餘燼) 43.

兵火有餘燼,貧村才數家。

無人爭曉渡,殘月下寒沙。

道德經 第四十三章 (天下之至柔) 43. "В Поднебесной самые слабые побеждают самых сильных..."

天下之至柔,馳騁天下之至堅。無有入無間,吾是以知無為之有益。不言之教,無為之益,天下希及之。

江行無題 其四十四 (渚禽菱芡足) 44.

渚禽菱芡足,不向稻粱爭。

靜宿涼灣月,應無失侶聲。

道德經 第四十四章 (名與身孰親) 44. "Что ближе - слава или жизнь?.."

名與身孰親?身與貨孰多?得與亡孰病?是故甚愛必大費;多藏必厚亡。知足不辱,知止不殆,可以長久。

江行無題 其四十五 (輕雲未撲霜) 45.

輕雲未撲霜,樹杪橘初黃。

行是知名物,過風過水香。

道德經 第四十五章 (大成若缺 其用不弊) 45. "Высшее совершенство похоже на несовершенное..."

大成若缺,其用不弊。大盈若沖,其用不窮。大直若屈,大巧若拙,大辯若訥。躁勝寒靜勝熱。清靜為天下正。

江行無題 其四十六 (土曠深耕少) 46.

土曠深耕少,江平遠釣多。

平生皆棄本,金革竟如何。

道德經 第四十六章 (天下有道 卻走馬以糞) 46. "Когда в стране существует дао, лошади унавоживают землю..."

天下有道,卻走馬以糞。天下無道,戎馬生於郊。禍莫大於不知足;咎莫大於欲得。故知足之足,常足矣。

江行無題 其四十七 (海月非常物) 47.

海月非常物,等閒不可尋。

披沙應有地,淺處定無金。

道德經 第四十七章 (不出戶知天下) 47. "Не выходя со двора, можно познать мир..."

不出戶知天下;不闚牖見天道。其出彌遠,其知彌少。是以聖人不行而知,不見而名,不為而成。

江行無題 其四十八 (風晚冷颼颼) 48.

風晚冷颼颼,蘆花已白頭。

舊來紅葉寺,堪憶玉京秋。

道德經 第四十八章 (為學日益 為道日損) 48. "Кто учится, с каждым днем увеличивает [свои знания]..."

為學日益,為道日損。損之又損,以至於無為。無為而無不為。取天下常以無事,及其有事,不足以取天下。

江行無題 其四十九 (渺渺望天涯) 49.

渺渺望天涯,清漣浸赤霞。

難逢星漢使,烏鵲日乘槎。

道德經 第四十九章 (聖人無常心) 49. "Совершенномудрый не имеет постоянного сердца..."

聖人無常心,以百姓心為心。善者,吾善之;不善者,吾亦善之;德善。信者,吾信之;不信者,吾亦信之;德信。聖人在天下,歙歙為天下渾其心,百姓皆注其耳目,聖人皆孩之。

江行無題 其五十 (風好來無陣) 50.

風好來無陣,雲開去有蹤。

釣歌無遠近,應喜罷艨艟。

道德經 第五十章 (出生入死) 50. "[Существа] рождаются и умирают..."

出生入死。生之徒,十有三;死之徒,十有三;人之生,動之死地,十有三。夫何故?以其生,生之厚。蓋聞善攝生者,陸行不遇兕虎,入軍不被甲兵;兕無所投其角,虎無所措其爪,兵無所容其刃。夫何故?以其無死地。

江行無題 其五十一 (吳疆連楚甸) 51.

吳疆連楚甸,楚俗異吳鄉。

謾把樽中物,無人啄蟹黃。

道德經 第五十一章 (道生之 德畜之) 51. "Дао рождает [вещи], дэ вскармливает [их]..."

道生之,德畜之,物形之,勢成之。是以萬物莫不尊道而貴德。道之尊,德之貴,夫莫之命常自然。故道生之,德畜之;長之育之;亭之毒之;養之覆之。生而不有,為而不恃,長而不宰,是謂玄德。

江行無題 其五十二 (岸綠野煙遠) 52.

岸綠野煙遠,江紅斜照微。

撐開小漁艇,應到月明歸。

道德經 第五十二章 (天下有始 以為天下母) 52. "В Поднебесной имеется начало, и оно - мать Поднебесной..."

天下有始,以為天下母。既知其母,復知其子,既知其子,復守其母,沒其不殆。塞其兌,閉其門,終身不勤。開其兌,濟其事,終身不救。見小曰明,守柔曰強。用其光,復歸其明,無遺身殃;是為習常。

江行無題 其五十三 (雨餘江始漲) 53.

雨餘江始漲,漾漾見流薪。

曾嘆河中木,斯言憶古人。

道德經 第五十三章 (使我介然有知) 53. "Если бы я владел знанием, то шел бы по большой дороге..."

使我介然有知,行於大道,唯施是畏。大道甚夷,而民好徑。朝甚除,田甚蕪,倉甚虛;服文綵,帶利劍,厭飲食,財貨有餘;是謂盜夸。非道也哉!

江行無題 其五十四 (垂露晚猶濃) 54.

垂露晚猶濃,清風不易逢。

涉江雖已晚,高樹搴芙蓉。

道德經 第五十四章 (善建不拔 善抱者不脫) 54. "Кто умеет крепко стоять, того нельзя опрокинуть..."

善建不拔,善抱者不脫,子孫以祭祀不輟。修之於身,其德乃真;修之於家,其德乃餘;修之於鄉,其德乃長;修之於國,其德乃豐;修之於天下,其德乃普。故以身觀身,以家觀家,以鄉觀鄉,以國觀國,以天下觀天下。吾何以知天下然哉?以此。

江行無題 其五十五 (乘舟維夏口) 55.

乘舟維夏口,煙野獨行時。

不見頭陀寺,空懷幼婦碑。

道德經 第五十五章 (含德之厚 比於赤子) 55. "Кто содержит в себе совершенное дэ, тот похож на новорожденного..."

含德之厚,比於赤子。蜂蠆虺蛇不螫,猛獸不據,攫鳥不搏。骨弱筋柔而握固。未知牝牡之合而全作,精之至也。終日號而不嗄,和之至也。知和曰常,知常曰明,益生曰祥。心使氣曰強。物壯則老,謂之不道,不道早已。

江行無題 其五十六 (晚泊武昌岸) 56.

晚泊武昌岸,津亭疏柳風。

數株曾手植,好事憶陶公。

道德經 第五十六章 (知者不言 言者不知) 56. "Тот, кто знает, не говорит..."

知者不言,言者不知。塞其兑,閉其門,挫其銳,解其分,和其光,同其塵,是謂玄同。故不可得而親,不可得而踈;不可得而利,不可得而害;不可得而貴,不可得而賤。故為天下貴。

江行無題 其五十七 (舟航依浦定) 57.

舟航依浦定,星斗滿江寒。

若比陰霾日,何妨夜未闌。

道德經 第五十七章 (以正治國 以奇用兵) 57. "Страна управляется справедливостью..."

以正治國,以奇用兵,以無事取天下。吾何以知其然哉?以此:天下多忌諱,而民彌貧;民多利器,國家滋昏;人多伎巧,奇物滋起;法令滋彰,盜賊多有。故聖人云:我無為,而民自化;我好靜,而民自正;我無事,而民自富;我無欲,而民自樸。

江行無題 其五十八 (近戍離金落) 58.

近戍離金落,孤岑望火門。

惟將知命意,瀟灑向乾坤。

道德經 第五十八章 (其政悶悶 其民淳淳) 58. "Когда правительство спокойно..."

其政悶悶,其民淳淳;其政察察,其民缺缺。禍兮福之所倚,福兮禍之所伏。孰知其極?其無正。正復為奇,善復為妖。人之迷,其日固久。是以聖人方而不割,廉而不劌,直而不肆,光而不燿。

江行無題 其五十九 (叢菊生堤上) 59.

叢菊生堤上,此花長後時。

有人還採掇,何必在春期。

道德經 第五十九章 (治人事天莫若嗇) 59. "Управляя людьми и служа Небу..."

治人事天莫若嗇。夫唯嗇,是謂早服;早服謂之重積德;重積德則無不克;無不克則莫知其極;莫知其極,可以有國;有國之母,可以長久;是謂深根固柢,長生久視之道。

江行無題 其六十 (景夕殘霞落) 60.

景夕殘霞落,秋寒細雨晴。

短纓何用濯,舟在月中行。

道德經 第六十章 (治大國若烹小鮮) 60. "Управление большим царством напоминает приготовление блюда из мелких рыб..."

治大國若烹小鮮。以道蒞天下,其鬼不神;非其鬼不神,其神不傷人;非其神不傷人,聖人亦不傷人。夫兩不相傷,故德交歸焉。

江行無題 其六十一 (堤壞漏江水) 61.

堤壞漏江水,地坳成野塘。

晚荷人不折,留取作秋香。

道德經 第六十一章 (大國者下流) 61. "Великое царство - это низовье реки..."

大國者下流,天下之交,天下之牝。牝常以靜勝牡,以靜為下。故大國以下小國,則取小國;小國以下大國,則取大國。故或下以取,或下而取。大國不過欲兼畜人,小國不過欲入事人。夫兩者各得其所欲,大者宜為下。

江行無題 其六十二 (左宦終何路) 62.

左宦終何路,攄懷亦自寬。

襞箋嘲白鷺,無意喻梟鸞。

道德經 第六十二章 (道者萬物之奧) 62. "Дао - глубокая [основа] всех вещей..."

道者萬物之奧。善人之寶,不善人之所保。美言可以市,尊行可以加人。人之不善,何棄之有?故立天子,置三公,雖有拱璧以先駟馬,不如坐進此道。古之所以貴此道者何?不曰:以求得,有罪以免耶?故為天下貴。

江行無題 其六十三 (樓空人不歸) 63.

樓空人不歸,雲白去時衣。

黃鶴無心下,長應笑令威。

道德經 第六十三章 (為無為 事無事) 63. "Нужно осуществлять недеяние, соблюдать спокойствие и вкушать безвкусное..."

為無為,事無事,味無味。大小多少,報怨以德。圖難於其易,為大於其細;天下難事,必作於易,天下大事,必作於細。是以聖人終不為大,故能成其大。夫輕諾必寡信,多易必多難。是以聖人猶難之,故終無難矣。

江行無題 其六十四 (白帝朝驚浪) 64.

白帝朝驚浪,陽台暮映雲。

等閒生險易,世路只如君。

道德經 第六十四章 (其安易持 其未兆易謀) 64. "То, что спокойно, легко сохранить..."

其安易持,其未兆易謀。其脆易泮,其微易散。為之於未有,治之於未亂。合抱之木,生於毫末;九層之臺,起於累土;千里之行,始於足下。為者敗之,執者失之。是以聖人無為故無敗;無執故無失。民之從事,常於幾成而敗之。慎終如始,則無敗事,是以聖人欲不欲,不貴難得之貨;學不學,復衆人之所過,以輔萬物之自然,而不敢為。

江行無題 其六十五 (櫓慢生輕浪) 65.

櫓慢生輕浪,帆虛帶白雲。

客船雖狹小,容得瘦將軍。

道德經 第六十五章 (古之善為道者) 65. "В древности те, кто следовал дао..."

古之善为道者,非以明民,将以愚之。民之难治,以其智多。故以智治国,国之贼;不以智治国,国之福。知此两者,亦稽式。常知稽式,是谓玄德。玄德深矣,远矣,与物反矣,然后乃至大顺。

江行無題 其六十六 (靜看秋江水) 66.

靜看秋江水,風漸浪微平。

人間馳競處,塵土自波成。

道德經 第六十六章 (江海所以能為百谷王者) 66. "Реки и моря потому могут властвовать над равнинами..."

江海所以能為百谷王者,以其善下之,故能為百谷王。是以聖人欲上民,必以言下之;欲先民,必以身後之。是以聖人處上而民不重,處前而民不害。是以天下樂推而不厭。以其不爭,故天下莫能與之爭。

江行無題 其六十七 (風借帆方疾) 67.

風借帆方疾,風回棹卻遲。

較量人世事,不校一毫釐。

道德經 第六十七章 (天下皆謂我道大) 67. "Все говорят о том, что мое дао велико и не уменьшается..."

天下皆謂我道大,似不肖。夫唯大,故似不肖。若肖久矣。其細也夫!我有三寶,持而保之。一曰慈,二曰儉,三曰不敢為天下先。慈故能勇;儉故能廣;不敢為天下先,故能成器長。今舍慈且勇;舍儉且廣;舍後且先;死矣!夫慈以戰則勝,以守則固。天將救之,以慈衛之。

道德經 第六十八章 (善為士者 不武) 68. "Умный полководец не бывает воинственен..."

善為士者,不武;善戰者,不怒;善勝敵者,不與;善用人者,為之下。是謂不爭之德,是謂用人之力,是謂配天古之極。

江行無題 其六十九 (江草何多思) 69.

江草何多思,冬青尚滿洲。

誰能驚鵩鳥,作賦為沙鷗。

道德經 第六十九章 (用兵有言 吾不敢為主) 69. "Военное искусство гласит: я не смею первым начинать, я должен ожидать..."

用兵有言:吾不敢為主,而為客;不敢進寸,而退尺。是謂行無行;攘無臂;扔無敵;執無兵。禍莫大於輕敵,輕敵幾喪吾寶。故抗兵相加,哀者勝矣。

江行無題 其七十 (幸有煙波興) 70.

幸有煙波興,寧辭筆硯勞。

緣情無怨刺,卻似反離騷。

道德經 第七十章 (吾言甚易知 甚易行) 70. "Мои слова легко понять и легко осуществить..."

吾言甚易知,甚易行。天下莫能知,莫能行。言有宗,事有君。夫唯無知,是以不我知。知我者希,則我者貴。是以聖人被褐懷玉。

江行無題 其七十一 (沙上獨行時) 71.

沙上獨行時,高吟到楚詞。

難將垂岸蓼,盈把當江蘺。

道德經 第七十一章 (知不知上 不知知病) 71. "Кто, имея знания, делает вид, что не знает, тот выше всех..."

知不知上;不知知病。夫唯病病,是以不病。聖人不病,以其病病,是以不病。

江行無題 其七十二 (秋寒鷹隼健) 72.

秋寒鷹隼健,逐雀下雲空。

知是江湖客,無心擊塞鴻。

道德經 第七十二章 (民不畏威 則大威至) 72. "Когда народ не боится могущественных, тогда приходит могущество..."

民不畏威,則大威至。無狎其所居,無厭其所生。夫唯不厭,是以不厭。是以聖人自知不自見;自愛不自貴。故去彼取此。

江行無題 其七十三 (幽懷念煙水) 73.

幽懷念煙水,長恨隔龍沙。

今日滕王閣,分明見落霞。

道德經 第七十三章 (勇於敢則殺) 73. "Кто храбр и воинственен - погибает, кто храбр и не воинственен - будет жить..."

勇於敢則殺,勇於不敢則活。此兩者,或利或害。天之所惡,孰知其故?是以聖人猶難之。天之道,不爭而善勝,不言而善應,不召而自來,繟然而善謀。天網恢恢,踈而不失。

江行無題 其七十四 (江流何渺渺) 74.

江流何渺渺,懷古獨依依。

漁父非賢者,蘆中但有磯。

道德經 第七十四章 (民不畏死 奈何以死懼之) 74. "Если народ не боится смерти..."

民不畏死,奈何以死懼之?若使民常畏死,而為奇者,吾得執而殺之,孰敢?常有司殺者殺。夫司殺者,是大匠斲;夫代大匠斲者,希有不傷其手矣。

江行無題 其七十五 (風雨正甘寢) 75.

風雨正甘寢,雲霓忽曉晴。

放歌雖自遣,一歲又崢嶸。

道德經 第七十五章 (民之飢 以其上食稅之多) 75. "Народ голодает оттого..."

民之飢,以其上食稅之多,是以飢。民之難治,以其上之有為,是以難治。民之輕死,以其求生之厚,是以輕死。夫唯無以生為者,是賢於貴生。

江行無題 其七十六 (幽思正遲遲) 76.

幽思正遲遲,沙邊濯弄時。

自憐非博物,猶未識鳧葵。

道德經 第七十六章 (人之生也柔弱) 76. "Человек при своем рождении нежен и слаб..."

人之生也柔弱,其死也堅強。萬物草木之生也柔脆,其死也枯槁。故堅強者死之徒,柔弱者生之徒。是以兵強則不勝,木強則共。強大處下,柔弱處上。

江行無題 其七十七 (曾有煙波客) 77.

曾有煙波客,能歌西塞山。

落花惟待月,一釣紫菱灣。

道德經 第七十七章 (天之道 其猶張弓與) 77. "Небесное дао напоминает натягивание лука..."

天之道,其猶張弓與?高者抑之,下者舉之;有餘者損之,不足者補之。天之道,損有餘而補不足。人之道,則不然,損不足以奉有餘。孰能有餘以奉天下,唯有道者。是以聖人為而不恃,功成而不處,其不欲見賢。

江行無題 其七十八 (千頃水紋細) 78.

千頃水紋細,一拳嵐影孤。

君山寒樹綠,曾過洞庭湖。

道德經 第七十八章 (天下莫柔弱於水) 78. "Вода - это самое мягкое и слабое существо в мире..."

天下莫柔弱於水,而攻堅強者莫之能勝,其無以易之。弱之勝強,柔之勝剛,天下莫不知,莫能行。是以聖人云:受國之垢,是謂社稷主;受國不祥,是謂天下王。正言若反。

江行無題 其七十九 (光闊重湖水) 79.

光闊重湖水,低斜遠雁行。

未曾無興詠,多謝沈東陽。

道德經 第七十九章 (和大怨 必有餘怨) 79. "После успокоения большого возмущения непременно останутся его последствия..."

和大怨,必有餘怨;安可以為善?是以聖人執左契,而不責於人。有德司契,無德司徹。天道無親,常與善人。

江行無題 其八十 (晚菊繞江壘) 80.

晚菊繞江壘,忽如開古屏。

莫言時節過,白日有餘馨。

道德經 第八十章 (小國寡民) 80. "Пусть государство будет маленьким..."

小國寡民。使有什伯之器而不用;使民重死而不遠徙。雖有舟輿,無所乘之,雖有甲兵,無所陳之。使民復結繩而用之,甘其食,美其服,安其居,樂其俗。鄰國相望,雞犬之聲相聞,民至老死,不相往來。

江行無題 其八十一 (日落長亭晚) 81.

日落長亭晚,山門步障青。

可憐無酒分,處處有旗亭。

道德經 第八十一章 (信言不美 美言不信) 81. "Верные слова не изящны..."

信言不美,美言不信。善者不辯,辯者不善。知者不博,博者不知。聖人不積,既以為人己愈有,既以與人己愈多。天之道,利而不害;聖人之道,為而不爭。

江行無題 其八十二 (遠岸無行樹) 82.

遠岸無行樹,經霜有伴紅。

停船搜好句,題葉贈江楓。

江行無題 其八十三 (身世比行舟) 83.

身世比行舟,無風亦暫休。

敢言終破浪,惟願穩乘流。

江行無題 其八十四 (數畝蒼苔石) 84.

數畝蒼苔石,煙濛鶴卵洲。

定因詞客遇,名字始風流。

江行無題 其八十六 (短楫休敲桂) 86.

短楫休敲桂,孤根自駐萍。

自憐非劍氣,空向鬥牛星。

江行無題 其八十七 (高浪如銀屋) 87.

高浪如銀屋,江風一發時。

筆端降太白,才大語終奇。

江行無題 其八十八 (細竹漁家路) 88.

細竹漁家路,晴陽看結罾。

喜來邀客坐,分與折腰菱。

江行無題 其八十九 (平湖五百里) 89.

平湖五百里,江水想通波。

不奈扁舟去,其如決計何。

江行無題 其九十 (數逢雲斷處) 90.

數逢雲斷處,去岸映高山。

身到章江日,應猶未得閒。

江行無題 其九十一 (一灣斜照水) 91.

一灣斜照水,三版順風船。

未敢相邀釣,勞生只自憐。

江行無題 其九十二 (江雨正霏微) 92.

江雨正霏微,江村晚渡稀。

何曾妨釣艇,更待得魚歸。

江行無題 其九十三 (新野舊樓名) 93.

新野舊樓名,潯陽勝賞情。

照人長一色,江月共悽清。

江行無題 其九十四 (願飲西江水) 94.

願飲西江水,那吟北渚愁。

莫教留滯跡,遠比蔡昭侯。

江行無題 其九十五 (湖口分江水) 95.

湖口分江水,東流獨有情。

常時好風物,誰伴謝宣城。

江行無題 其九十六 (潯陽江畔菊) 96.

潯陽江畔菊,應似古來秋。

為問幽棲客,吟時得酒不。

江行無題 其九十七 (高峯有佳號) 97.

高峯有佳號,千尺倚寒風。

若使爐煙在,猶應為上公。

江行無題 其九十八 (萬木已清霜) 98.

萬木已清霜,江邊村事忙。

故溪黃稻熟,一夜夢中香。

江行無題 其九十九 (楚水苦縈迴) 99.

楚水苦縈迴,征帆落又開。

可緣非直路,卻有好風來。

江行無題 其一百 (遠謫歲時晏) 100.

遠謫歲時晏,暮江風雨寒。

仍愁系舟處,驚夢近長灘。